हिन्दू राष्ट्र अधिवेशन : लाखों एकड भूमि लूटने वाले वक्फ बोर्ड का ‘लैण्ड जिहाद’

जयपुर। साल 2013 में तत्कालीन कांग्रेस सरकार ने वक्फ बोर्ड के कानून में सुधार कर मुसलमानों को असीमित अधिकार दिए। इस सुधारित कानून के कारण किसी भी ट्रस्ट अथवा मंदिर की संपत्ति ही नहीं; कोई भी संपत्ति वक्फ बोर्ड की संपत्ति है, ऐसा घोषित करने का पाश्‍विक अधिकार बोर्ड को मिला। इस कारण आज भारत शासन के सुरक्षा दल और रेलवे विभाग के उपरांत सर्वाधिक (6 लाख एकड) भूमि का मालिक वक्फ बोर्ड है।

मूलतः वक्फ के पास इतनी भूमि कभी भी नहीं थी परंतु इस कानून के प्रति हिन्दुओं की अज्ञानता तथा उदासीनता के कारण वक्फ बोर्ड ने पूरे देश की लाखों एकड भूमि लूटने का नंगानाच चालू कर दिया है। बोर्ड का यह लैंड जिहाद तो लव जिहाद से भी भयंकर है। इसके विरुद्ध हिन्दू संगठित होकर कानूनी संघर्ष करें। यह बात सर्वोच्च न्यायालय के अधिवक्ता तथा हिन्दू फ्रंट फॉर जस्टिस के अध्यक्ष हरि शंकर जैन ने कही।

वे हिन्दू जनजागृति समिति की ओर से ऑनलाइन आयोजित 9वें अखिल भारतीय हिन्दू राष्ट्र अधिवेशन में बोल रहे थ। इस अधिवेशन का सीधा प्रसारण समिति के यू-ट्यूब चैनल और फेसबुक पेज पर 42000 हजार से अधिक लोगों ने देखा, जबकि 1 लाख 60 हजार से अधिक लोगों तक यह विषय पहुंचा।

इस समय हिन्दू जनजागृति समिति के राष्ट्रीय मार्गदर्शक चारुदत्त पिंगळे ने कहा कि हमारी प्राचीन भारतीय शिक्षा, न्यायव्यवस्था, राज्यव्यवस्था, चिकित्साशास्त्र, वास्तुशास्त्र आदि प्रगत एवं विश्‍व में सर्वोत्कृष्ट है। परंतु लॉर्ड मेकॉलेे के कम्युनिस्ट विचारों से ग्रस्त पंडित नेहरू ने शैक्षिक नीतियां निर्धारित करने के अधिकार कम्युनिस्टों को दिया।

परिणामस्वरूप पिछले एक हजार वर्षों में मुगल और अंग्रेजों ने भारत की जितनी हानि नहीं की, उससे अधिक हानि वामपंथी विचारधारा के लोगों ने 70 वर्षों में की है। अब वामपंथी विचारों की टोली भारत के टुकडे करने के लिए आगे बढ रही हैं। इसके विरुद्ध हिन्दुओं को सत्य इतिहास एवं संस्कृति समझकर लडने के लिए तैयार रहना चाहिए।

रायपुर, छत्तीसगढ के नवम पीठाधीश शदाणी दरबार तीर्थ के युधिष्ठिरलाल महाराज ने कहा कि आज पूरे विश्‍व के हिन्दुओं को अपने अंतर्मन में दबा हिन्दू राष्ट्र स्थापना का विचार व्यक्त करना चाहिए जिससे सर्वत्र के हिन्दू जागृत हों तथा हिन्दू राष्ट्र की स्थापना हेतु आवाज उठाएं। हम जितने शीघ्र संगठित होंगे, उतनी ही शीघ्रता से हिन्दू राष्ट्र स्थापना का संकल्प पूर्ण होगा।

आरोग्य साहाय्य समिति की समन्वयक अश्‍विनी कुलकर्णी ने अनाज, दूध, पेट्रोल-डीजल में हो रही मिलावट, नाप-तौल में धोखाधडी, शासकीय कार्यालय में फैला भ्रष्टाचार, ग्राहक और रोगियों की ठगी आदि हेतु कारण बनी सामाजिक दुष्प्रवृत्तियों के विरुद्ध संघर्ष करने का महत्त्व बताया। सुराज्य अभियान के अंतर्गत इनके विरुद्ध आवाज उठाना, शिकायत करना, न्यायालय में जनहित याचिका प्रविष्ट करना आदि माध्यमों से आरोग्य साहाय्य समिति कार्यरत है तथा राष्ट्रप्रेमी जनता भी इसमें सहभागी हो, ऐसा आवाहन भी उन्होंने किया।