विजयवाड़ा के स्वर्ण पैलेस होटल कोविड केयर सेंटर में आग, 10 मरीजाें की मौत

विजयवाड़ा। आंध्र प्रदेश में विजयवाड़ा के स्वर्ण पैलेस होटल स्थित कोविड केयर सेंटर में रविवार सुबह आग लग जाने से अब तक 10 मरीजों की मौत हो गई और दो मरीज अभी भी लापता हैं। इस बीच, मुख्यमंत्री वाई एस जगन मोहन रेड्डी ने मृतकों के परिजनों को 50 लाख रुपए की सहायता राशि देने की घोषणा की है।

इस हादसे को लेकर उप राष्ट्रपति एम वेंकैया नायडू, प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी, राज्यपाल विश्व भूषण हरिचंदन, मुख्यमंत्री वाई एस जगन मोहन रेड्डी तथा पूर्व मुख्यमंत्री एन चंद्रबाबू नायडू समेत विभिन्न राजनीतिक दलों के नेताओं ने गहरा शोक व्यक्त किया है।

पुलिस आयुक्त बी श्रीनिवासुलु ने मीडिया को बताया कि होटल स्थित क्वारंटीन केंद्र में कुल 30 मरीज भर्ती थे। इनमें से 10 मरीजों की मौत हो गई जबकि 18 अन्य मरीजों को सुरक्षित निकाल लिया गया। इसके अलावा दो अन्य मरीजों का अब तक कोई पता नहीं चल सका है।

उन्होंने बताया कि मृतक मरीजों की अब तक पहचान नहीं हो सकी है और शवों को पोस्टमार्टम के लिए सरकारी अस्पताल में भेजा गया है।

आधिकारिक सूत्रों ने बताया कि एक निजी अस्पताल ने स्वर्ण पैलेस होटल को कोरोना रोगियों के इलाज के लिए किराये पर लिया था और यहां कोविड केयर सेंटर स्थापित किया था। सेंटर में लगभग 30 कोरोना संक्रमित रोगियों का इलाज चल रहा था और हादसे के समय अस्पताल के 10 कर्मचारी भी वहां मौजूद थे।

पुलिस आयुक्त ने कहा कि आज तड़के 0509 बजे आग लगने की सूचना मिली जिसके आधे घंटे के भीतर पुलिसकर्मी और अग्निशमन कर्मी घटनास्थल पर पहुंच गए तथा आग पर काबू पाने के साथ-साथ बचाव अभियान चलाया। उन्होंने बताया कि इलेक्ट्रिकल शॉर्ट सर्किट के कारण यह आग लगी और आग पर आधे घंटे से पहले ही काबू पा लिया गया।

उन्होंने बताया कि आग लगने के कारण दो लोगों ने दहशत में आकर पहली मंजिल से छलांग लगा दी और उन्हें चोटें आई हैं। श्रीनिवासुलु ने बताया कि आग सबसे पहले होटल की पहली मंजिल पर लगी जो कुछ ही देर बाद भूतल में भी फैल गई। दोनों मंजिलों पर धुंआ भर गया था और होटल में केवल एक ही निकास द्वार होने के कारण मरीज अपने कमरों से बाहर नहीं निकल सके।

आधिकारिक सूत्रों ने बताया कि राष्ट्रीय आपदा राहत बल और दमकलकर्मियों ने मरीजों को बचाने के लिए सीढ़ियों का इस्तेमाल किया। सूत्रों के मुताबिक दमकल के पांच वाहनों को आग बुझाने के काम में लगाया गया।

बचाए गए मरीजों को अन्य कोविड केयर सेंटर में स्थानांतरित किया गया। अधिकारियों ने बताया कि घटना के समय कोविड केयर सेंटर में पांच महिला रोगियों सहित 30 मरीज और 10 डॉक्टर एवं चिकित्सा कर्मचारी मौजूद थे।

इस बीच मुख्यमंत्री कार्यालय की ओर से जारी विज्ञप्ति में बताया गया कि प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने मुख्यमंत्री से फोन पर बातचीत की और हादसे की विस्तृत जानकारी ली। राज्य की गृह मंत्री मेकाथोटी सुचारिता, स्वास्थ्य मंत्री ए कालीकृष्ण श्रीनिवास, पुलिस महानिदेशक गौतम सवांग तथा श्री श्रीनिवासुलु ने घटनास्थल का दौरा कर आग की चपेट में आए होटल के कमरों का जायजा लिया।

इस हादसे पर प्रधानमंत्री मोदी, उप राष्ट्रपति एम वेंकैया नायडू, आंध्रप्रदेश के राज्यपाल बीबी हरिचंद्रन और पूर्व मुख्यमंत्री एन चंद्रबाबू नायडू तथा अन्य नेताओं ने शोक व्यक्त किया है।