मतदान करने से पहले कुछ नेताओं ने मठों और गौमाता की पूजा कर आशीर्वाद लिया

मतदान करने से पहले कुछ नेताओं ने मठों और गौमाता की पूजा कर आशीर्वाद लिया
मतदान करने से पहले कुछ नेताओं ने मठों और गौमाता की पूजा कर आशीर्वाद लिया

बेंगलुरु | कर्नाटक में 15वीं विधानसभा की 222 सीटों के लिए हो रहे चुनाव के बीच मतदान करने से पहले कुछ नेताओं ने मठों के मठाधीशों के दर्शन किए, गौमाता की पूजा कर आशीर्वाद लिया और मंदिरों में पूजा अर्चना की।

जनता दल (सेक्यूलर) के नेता तथा पूर्व प्रधानमंत्री एच डी देवगौड़ा के पुत्र एच डी कुमारस्वामी ने सुबह मतदान करने से पहले जयनगर में निर्मलानंद मठ पहुंचकर मठ के महास्वामी आदिचुनचुनागिरि महाराज के दर्शन कर उनका आशीर्वाद लिया। श्री देवगौड़ा चेन्नापटनम तथा रामनगर विधानसभा क्षेत्रों से भाग्य आजमा रहे हैं। चेन्नापटनम में उनका मुकाबला 25 साल से वहां का प्रतिनिधित्व कर रहे सी पी योगेश्वर से है। दो जगह से विधानसभा चुनाव लड़ रहे भारतीय जनता पार्टी के सांसद बी श्रीरामाल्लु ने भी मतदान करने से पहले गेरवे वस्त्र पहनकर गौपूजन किया। वह वागलकोट जिले की बदामी सीट से मुख्यमंत्री सिद्दारामैया के खिलाफ चुनाव लड़ रहे हैं। गौपूजन के साथ ही श्रीरामल्लु ने मां दुर्गा के मंदिर में जाकर भी पूजा अर्चना की। वह चित्रदुर्ग जिले की मल्कानमुरु सीट से भी चुनाव लड़ रहे हैं।

भाजपा के मुख्यमंत्री पद के उम्मीदवार बी एस येदियुरप्पा ने शिमोगा जिले में अपने निर्वाचन क्षेत्र शिकारपुर में मतदान करने से पहले मंदिर में जाकर पूजा अर्चना की। प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी ने उनके समर्थन में शिकारपुर से 50 किलोमीटर दूर जिला मुख्यालय शिमोगा में विशाल चुनावी रैली को भी संबोधित किया था। पूर्व प्रधानमंत्री एच डी देवगौड़ा तथा उनकी पत्नी चेवन्नादेवी गौड़ा ने परिवार के अन्य सदस्यों के साथ होनेनरसीपुरा में मतदान किया। भाजपा के नेता तथा केंद्रीय मंत्री सदानंद गौड़ा ने सुबह सवा सात बजे ही पुत्तुर में तथा कर्नाटक सरकार में मंत्री के जी जाॅर्ज ने बेंगलुरु सर्वांगनगर विधानसभा क्षेत्र में मतदान किया।

मतदाताओं को मतदान के वास्ते जागरूक और प्रोत्साहित करने के लिए चुनाव आयोग के एम्बेसडर क्रिकेटर राहुल द्रविड़ तथा महान क्रिकेटर अनिल कुंबले ने भी सुबह ही मतदान कर लिया था। बेंगलुरु से लगे तुमकुर में 111 वर्षीय सिद्धगंगा मठ के प्रमुख श्रीशिवकुमार स्वामीजी ने भी अपने शिष्यों के साथ मतदान में हिस्सा लिया। स्वामीजी कर्नाटक के सबसे बुजुर्ग मतदाता हैं। धर्मगुरु रविशंकर ने भी कर्नाटक के कनकपुरा निर्वाचन क्षेत्र से मतदान किया।