श्रीलंका बना भारतीय पर्यटकों का सबसे पसंदीदा स्थल

best place for Indian tourists making Sri Lanka
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चंडीगढ़ । श्रीलंकाई सरकार ने उसके यहां आने भारतीय पर्यटकों की संख्या में वर्ष दर वर्ष उत्तरोत्तर वृद्धि होने के मद्देनजर उसने अपनी पर्यटन सम्बंधी प्रचार एवं प्रसार गतिविधियों में भारत को विशेष रूप से प्रमुखता प्रदान की है।

इसी के दृष्टिगत श्रीलंका टूरिज्म प्रोमोशन ब्यूरो(एसएलटीपीबी) के भारत के सात शहरों में प्रस्तावित पर्यटन सम्बंधी रोड-शो की कड़ी में आज यहां आयोजित एक कार्यक्रम के उसके सहायक निदेशक-विपणन विरांगा बंडारा ने यह जानकारी देते हुये बताया कि श्रीलंका आने वाले पर्यटकों में सबसे ज्यादा भारतीय हैं तथा इसमें भी लगभग 25 प्रतिशत तमिलनाडु के होते हैं। चीन पर्यटकों की संख्या इस क्रम में दूसरे नम्बर पर है।

बंडारा के अनुसार वर्ष 2017 में 3.84 लाख से ज्यादा भारतीय पर्यटकों श्रीलंका का भ्रमण किया। यह संख्या वर्ष 2016 के मुकाबले लगभग आठ प्रतिशत ज्यादा है। उन्हाेंने बताया कि वर्ष 2018 की प्रथम छमाही में भारतीय पर्यटकों की संख्या में 18 प्रतिशत की वृद्धि दर्ज की गई है तथा बात की पूरी उम्मीद है कि इस वर्ष के अंत तक यह संख्या साढ़े चार लाख के लक्ष्य को हासिल कर लेगी।

एक सवाल पर उन्होंने बताया कि पर्यटन क्षेत्र उनके देश का दूसरा सबसे बड़ा राजस्व का स्रोत तथा सकल घरेलू उत्पाद(जीडीपी) में इसका 4.96 प्रतिशत का अहम योगदान है तथा भारतीय पर्यटकों की संख्या में वृद्धि होने से इसमें और इजाफा होगा।

एक अन्य सवाल पर बंडारा ने बताया कि भारतीय पर्यटकों की संख्या में हाल के समय में वृद्धि का कारण श्रीलंका की भाैगोलिक दृष्टि से नज़दीकी तथा श्रीलंका और भारतीय विमानन कम्पनियों की उड़ानों में वृद्धि होना है। उन्होंने बताया कि उनके देश में समुद्री तट(बीच), वाईल्ड लाईफ, हैरिटेज, टूरिज्म एवं धार्मिक फैस्टिवल, एडवेंचर स्पोट्र्स, वैलनेस स्पा, रामायण ट्रेल आदि पर्यटकों के लिये सबसे आकर्षक स्थल हैं। इनके अलावा श्रीलंका हनीमून और वैडिंग डेस्टीनेशन (विवाह समारोहों) के लिये भी आकर्षण का केंद्र बन कर उभर रहा है।

आज के टूरिज्म रोड शो में पश्चिमोत्तर क्षेत्र के 100 से ज्यादा ट्रेवल एवं टूर ऑपरेटरों, विमानन कम्पनियों तथा पर्यटन क्षेत्र से जुड़ी अन्य संस्थाओं ने भाग लिया। इस अवसर पर भारत में श्रीलंकाई उच्चायोग में वाणिज्य मंत्री उपेक्खा समरतुंगा, श्रीलंकाई एयरलाईंस के उत्तरी क्षेत्र के प्रबंधक चिंताका वीरासिंघे तथा एसएलटीपीबी के अन्य अधिकारी उपस्थित थे।