सांसद पटेल ने पीएमओ को कहा ‘चवन्ना गिरी नहीं चलेगी’ तो पीएमओ के समर्थन में उतरे विधायक लोढ़ा

सिरोही में आयोजित बैठक में आक्रोश जताते जालोर सांसद देवजी पटेल।
सिरोही में आयोजित बैठक में आक्रोश जताते जालोर सांसद देवजी पटेल।

सबगुरु न्यूज-सिरोही। सिरोही में कलेक्ट्री में मंगलवार को बैठक के दौरान प्रभारी मंत्री भंवरसिंह भाटी की मौजूदगी में हुई बैठक में सांसद देवजी पटेल और सिरोही एमएलए संयम लोढ़ा में बहस हो गई। इसका वीडियो सोशल मीडिया और वायरल होने पर राजनीतिक रंग चढ़ गया।


सिरोही जिले मुख्यालय पर मंगलवार को प्रभारी मंत्री की मौजूदगी में बैठक आयोजित हुई। इसमें सांसद देवजी पटेल और सिरोही विधायक संयम लोढ़ा भी मौजूद थे। इस दौरान सिरोही कोरोना लैब के उद्घाटन का मुद्दा सामने आया। इसमें सिरोही के शेष जनप्रतिनिधियों को नहीं बुलाने के लेकर संसद ने नाराजगी जताई। इसी दौरान उन्होंने पीएमओ डॉ दर्शन ग्रोवर को ताकीद करते हुए कहा कि ‘ये चवन्ना गर्दी यहां नहीं चलेगी।’

सांसद के ये कहने के बाद सिरोही विधायक संयम लोढ़ा ने सांसद द्वारा इस तरह के शब्दों के चयन पर आपत्ति जताते हुए कहा कि ये व्यक्ति अपनी जान दांव पर लगाकर तीन महीने के कोविड काल में यहां की व्यवस्था संभाले हुए हैं। बैठक में इस मुद्दे पर अपना पक्ष रखते हुए पीएमओ ने कहा कि उन्हें लैब शुरू करने के लिए आईडी और पासवर्ड 10 बजे ही मिली थी और ये मिलते ही उन्होंने सांसद और अन्य जनप्रतिनिधियों को इसके उदघाटन के लिए फोन किया।

सांसद देवजी पटेल ने सबगुरु न्यूज को बताया कि लेब के उद्घाटन के लिए जिले के शेष दोनों विधायकों को नहीं बोला गया उन्हें भी साढ़े दस बजे फोन किया गया। उनका आरोप था कि हम आ भी जाते तो पत्थर तो एक दिन पहले ही लगा दिया गया था, उस पर नाम लिखा नहीं था। उन्होंने कहा कि भाजपा ने हमेशा जनप्रतिनिधियों को सम्मान दिया है।

अब सोशल मीडिया पर कांग्रेस भाजपा सांसद पर इस मुद्दे को लेकर हमलावर हो गई है कि प्रधानमंत्री चिकित्सकों को कोरोना वॉरियर बताकर थाली ताली बजाने को कह रहे हैं और भाजपा सांसद उनके लिए इस तरह की शब्दावली का उपयोग कर रहे हैं। वहीं भाजपा जनप्रतिनिधियों के अपमान को लेकर कांग्रेस को आड़े हाथों ले रही है।
-ये था मामला
दरअसल, जिला मुख्यालय पर कोरोना की जांच।के लिए आरटी आईसीआर लैब खोली गई है। इसकी शुरुआत 10 जून को हुई। इसका औपचारिक उद्घाटन रखा गया। इसमें सिरोही विधायक संयम लोढ़ा शामिल हुए। स्थानीय भाजपा का ये आरोप था कि उन्होंने भाजपा के शेष विधायकों और सांसद को आमंत्रित नहीं किया।

इस मुद्दे को लेकर राजस्थान ने नेता प्रतिपक्ष गुलाबचंद कटारिया ने मुख्यमंत्री अशोक गहलोत को पत्र लिखा था। इसमे आरोप लगाया गया था कि सिरोही में कोरोना लैब के उद्घाटन के दौरान भाजपा के जनप्रतिनिधियों की स्थानीय प्रशासन ने अनदेखी की है। इसके बाद मंगलवार को सांसद देवजी पटेल जब बैठक में पहुंचे तो उन्होंने भी उस मुद्दे को उठाया। इसी दौरान वे पीएमओ को बोल गए की ‘ये चवन्ना गर्दी यहां नहीं चलेगी।’