क्रिकेट एकेडेमी ऑफ पठांस (सीएपी) ने कोटा में अपनी पहली एकेडेमी खोली

क्रिकेट एकेडेमी ऑफ पठांस (सीएपी) ने कोटा में अपनी पहली एकेडेमी खोली
क्रिकेट एकेडेमी ऑफ पठांस (सीएपी) ने कोटा में अपनी पहली एकेडेमी खोली

कोटा । क्रिकेट एकेडेमी ऑफ पठांस (सीएपी) ने राजस्थान के कोटा में अपना पहला सेंटर शुरू किया है। कोटा में मित्तल इंटरनैषनल स्कूल, बारान रोड मनपुरा में आयोजित एक संवाददाता सम्मेलन में प्रख्यात क्रिकेटर यूसुफ पठान और सीएपी के प्रबंध निदेशक हरमीत वासदेव की उपस्थिति में इस एकेडेमी को शुरू किया गया। यह एकेडेमी कोटा में उभरते क्रिकेटरों को प्रशिक्षित करने के लिए अत्याधुनिक कोचिंग तकनीकों का इस्तेमाल करेगी।

सीएपी मौजूदा समय में 11 शहरों – कोटा, पटना, दिल्ली, नोएडा, बेंगलूरु, राजकोट, सूरत, सोनीपत, पोर्ट प्लेयर, रायपुर और लूनावाडा में मौजूद है और उसने युवाओं को विष्वस्तरीय कोचिंग एवं प्रशिक्षण ढांचा मुहैया कराने का लक्ष्य रखा है। आस्ट्रेलियाई क्रिकेट हस्ती और भारतीय क्रिकेट टीम के पूर्व कोच ग्रेग चैपल तथा आस्टेªलिया से प्रख्यात कोच केमरॉन ट्रेडल ने इस कोचिंग प्रोग्राम के लिए पाठ्यक्रम को तैयार किया है।

सीएपी ने पूरे भारत में विस्तार के तहत गुजरात, पंजाब, महाराष्ट्र और उत्तर प्रदेश के विभिन्न शहरों में भागीदारों के साथ 2 करोड़ रुपये निवेश करने की प्रतिबद्धता जताई है। चुनिंदा, अनुभवी कोचों के समूह के साथ पठान बंधुओं इरफान और यूसुफ ने इस गेम के प्रति अपने लगाव को प्रदर्शित करते हुए दो साल पहले ये एकेडेमी शुरू की थीं।

सीएपी के निदेशक यूसुफ पठान का कहना है, ‘कोटा क्रिकेट के लिए अच्छी लोकप्रियता के साथ इस क्षेत्र में प्रमुख शहरों में से एक है। कोटा में सीएपी के लॉन्च के साथ हम देश के पष्चिमी हिस्से में विस्तार कर रहे हैं और युवा क्रिकेट खिलाड़ियों में संभावनाए तलाश रहे हैं और उन्हें विष्वस्तरीय कोचिंग इन्फ्रास्ट्रक्चर मुहैया करा रहे हैं जिससे यह शहर हमारे जिला, राज्य और राष्ट्रीय स्तर के खिलाडिय़ों को तैयार करने में सफल साबित हो।’

यूसुफ पठान ने इस अवसर पर छात्रों और उनके अभिभावकों के साथ भी बातचीत की। उन्होंने छात्रों को उन विभिन्न रास्तों के बारे में सलाह प्रदान की जिन पर चलकर वे स्पोर्ट के क्षेत्र में सफलता हासिल कर सकें और साथ ही उन्होंने खेल के दौरान हासिल की विभिन्न गुणवत्ताओं और नई जानकारियों से भी छात्रों को अवगत कराया।

एकेडेमी बच्चों को क्रिकेट खेलने के लिए कोचिंग मुहैया कराने के साथ साथ उन लोगों के लिए भी प्रशिक्षण प्रदान करती है जो इस खेल की तकनीकों को समझने के प्रयास में कोच बनना चाहते हैं और बदले में बच्चों को अपने सीखे हुए कौशल से अवगत कराना चाहते हैं। इसके अलावा एकेडेमी छात्रों के पोषण, मनोविज्ञान और समग्र शारीरिक विकास पर भी ध्यान केंद्रित करती है।

क्रिकेट एकेडेमी ऑफ पठांस ने आधुनिक टेक्नोलॉजी प्रोग्राम के जरिये रियल छात्रों के प्रदर्शन पर नजर रखने के लिए ब्रिटेन स्थित क्रिकेट टेक्नोलॉजी पार्टनर पिच विजन के साथ समझौता किया है। यह टेक्नोलॉजी पठान बंधुओं, कोच और छात्रों के बीच अंतर को दूर करती है।

सीएपी के प्रबंध निदेशक हरमीत वासदेव के अनुसार, ‘सीएपी प्रोग्राम में प्रतिभागियों के स्तर के आधार पर विभिन्न परिणामों के साथ प्रत्येक सप्ताह विशेष रूप से ध्यान केंद्रित किया जाता है। सीएपी प्रोग्राम क्रिकेटरों के विकास के लिए एक समग्र
दृष्टिकोण प्रदान करता है। गेम में मानसिक दृष्टिकोण, गेम की समझ और अनुभव हासिल करना उतना ही महत्वपूर्ण होता है जितना कि शारीरिक कौशल के विकास में जरूरी होता है। सीएपी प्रोग्राम खिलाड़ियों को आंतरिक रूप से प्रेरित करता है जिससे कि वे प्रतिस्पर्धाओं में सफल हो सकें और मेहनत के परिणाम को समझ सकें।’

सीएपी ने अगले साल के मध्य तक भारत के विभिन्न शहरों में 20 और नए एकेडेमी खोलने की योजना बनाई है और इसकी शुरुआत जल्द ही लुधियाना, मोर्बी, मैनपुरी, श्रीरामपुर, मैसूर, मैसूर, अकोला, पुणे, इंदौर, भोपाल, जालंधर, और अमृतसर से की जाएगी।