CM के वादे पर मारा गया सिरोही सीधासादा, गंदा पानी भी पिलाया मुकदमा भी दर्ज करवाया

Chief Minister Raje's change in Rajasthan Gaurav Yatra
Chief Minister Raje’s on Rajasthan Gaurav Yatra

-परीक्षित मिश्रा

सबगुरु न्यूज-सिरोही। मुख्यमंत्री सिरोही के राजस्थान गौरव यात्रा पर सिरोही आने से पहले सबगुरु न्यूज उन्हें उनके वे वादे याद दिलवा रहा है जो उन्होंने सुराज संकल्प यात्रा और उसके बाद जावाल की जनसभा में किया था। इनमें से कुछ पूरे हुए तो कइयों की सुध ही नहीं ली।

सबगुरु न्यूज वीडियो के माध्यम से तीन दिनों में उनके पूरे हुए और अधूरे वादों की श्रंखला चलाएगा। इसी श्रंखला की पहली किश्त वो मामला है जिसमें मुख्यमंत्री ने लोगों को गंदा पानी पिलाने वाले 65 साल के शासन को कोसा था।

लेकिन उनके ही राज में सिरोही के लोगों को एक सप्ताह तक गंदा पानी पिलाया गया। इतना ही नहीं इसका विरोध जताने पर उनकी ही पार्टी के पदाधिकारियों पर उनके अधिकारियों द्वारा राजकार्य में बाधा का मुकदमा भी दर्ज करवा दिया गया।

पानी का वादा नम्बर एक

मुख्यमंत्री वसुंधरा राजे ने 2013 में जावाल में विधानसभा चुनाव की सभा में कांग्रेस सरकार को आड़े हाथों लेते हुए कहा था कि 65 साल में लोग पीने के स्वच्छ जल नहीं दे पाए यह सोचने का विषय है। लेकिन, यही सोचने का विषय खुद वसुंधरा राजे के कार्यकाल में सिरोही में अगस्त 2017 में अतिवृष्टि के बाद आ गए। अणगौर बांध की उपरी दीवार टूटने सिरोही शहर में पानी की सप्लाई की पाइपलाइन टूट गई।

इससे कई दिनों तक सिरोही में पानी सप्लाई नहीं हो पाया। प्रशासन ने एक साधारण फिल्टर लगाकर सिरोही शहर के सात वार्डों में कालका तालाब का मटमैला पानी पीने को सप्लाई कर दी। इसके बाद भाजपा पदाधिकारियों ने पीएचईडी कार्यालय में जाकर इस पर आपत्ति जताई।

इसके बाद पीएचईडी के एक्सईएन भाजपा के सिरोही मंडल अध्यक्ष सुरेश सगरवंशी समेत अन्य लोगों पर राजकार्य में बाधा का मामला दर्ज करवा दिया। इसका पूरे शहर में विरोध हुआ। भाजपाइयों ने अधिकारियों के खिलाफ एफआईआर दी वो दर्ज नहीं की गई और न ही शहर को गंदला पानी पिलाने वाले अधिकारियों पर कार्रवाई हुई।

पानी का वादा नम्बर 2

मुख्यमंत्री ने अपने भाषण में यहां कहा था कि सिरोही जिला मुख्यालय है। यहां पर भी सरकार दो दिन में आधे से एक घंटा पानी वितरित कर रही है। उनका इशारा सीधा था कि यदि वे सत्ता में आती हैं तो सिरोही जिला मुख्यालय की ये दो दिन में आधा घंटा पानी वितरण की व्यवस्था में सुधार लाएंगी। लेकिन, स्थिति जस की तस है। सिरोही शहर में उनके शासन के चार साल और आठ महीने खतम होने के बाद भी दो दिन में आधे से एक घंटा ही पानी आता है।

पानी का वादा नम्बर-3

वसुंधरा राजे ने जावाल की सभा में कहा कि शिवगंज के लिए उनकी पूर्व सरकार में फिल्टर प्लांट की स्वीकृति दी गई थी, लेकिन वह फिल्टर प्लांट तत्कालीन कांग्रेस सरकार ने रोक दी। शिवगंज में जवाई का पानी वितरण के लिए फिल्टर प्लांट बना हुआ है इसका शिलान्यास 2003 में गहलोत सरकार के कार्यकाल में तत्कालीन पीएचईडी मिनीस्टर सीपी जोशी ने किया था।

लेकिन जवाई का पानी शिवगंज के लिए रिजर्व नहीं होने के कारण यह काम अटक गया था। बाद में हाईकोर्ट के माध्यम से शिवगंज के लिए पानी रिजर्व करने को आदेश हुआ। तब मुख्यमंत्री वसुंधरा राजे की सरकार में ही पीएचईडी मिनीस्टर सुरेन्द्र गोयल ने इस फिल्टर प्लांट का उद्घाटन किया था। मुख्यमंत्री वसुंधरा राजे के वर्तमान कार्यकाल में वहां पर कोई फिल्टर प्लांट बन्द है। जबकि जवाई का पानी उनकी सरकार में शिवगंज के लिए रिज़र्व नही किये जाने से ये काम कुछ समय रुका था।

हां, 3 करोड़ रुपये की लागत से दो स्टोरेज टैंक जरूर बने हैं, जिसका उद्घाटन अभी होना है। ऐसे में जावाल के मंच से मुख्यमंत्री वसुंधरा राजे द्वारा शिवगंज के फिल्टर प्लांट के संबंध में की गई टिप्पणी अपने ही कार्यकाल में हो चुके कार्य की सही जानकारी नहीं होने के कारण प्रतीत हो रही है।

देखिये पूरा वीडियो कि साढ़े चार साल पहले क्या कहा था वसुंधरा राजे ने…