तेलंगाना में कोरोना वायरस से अब तक 9 की मौत, 127 संक्रमित

हैदराबाद। तेलंगाना में कोरोना वायरस (कोविड 19) से संक्रमित तीन और लोगों की मौत होने के साथ ही इससे मरने वालों की संख्या बढ़कर नौ हो गई जबकि 30 और लोगों में संक्रमण की पुष्टि होने के साथ ही संक्रमितों की संख्या बढ़कर 127 हो गई है। राज्य में आये सभी नए मामले दिल्ली के निजामुद्दीन में आयोजित तबलीगी जमात में भाग लेने वालों से जुड़े हुए हैं।

मुख्यमंंत्री के चंद्रशेखर राव के कार्यालय ने बुधवार देर रात इस खबर की पुष्टि की। मुख्यमंत्री कार्यालय के मुताबिक कोरोना संक्रमण के सभी नए मामलों में शामिल लोग राष्ट्रीय राजधानी में आयोजित तबलीगी जमात के कार्यक्रम में शामिल होकर लौटे थे।

कोरोना के नये मामलों में दो लोगों की मौत गांधी अस्पताल में तथा एक अन्य की यशोदा अस्पताल में हुई। राज्य में संक्रमण के 30 नए मामले सामने आने के साथ ही इससे संक्रमितों की संख्या बढ़कर 127 हो गई है। इनमें से 14 लोगों के ठीक होने के बाद उन्हें घर जाने की इजाजत दी गई है।

कोरोना से इससे पहले जिन छह लोगों की मौत हुई उन सभी का तबलीगी जमात कार्यक्रम में भाग लेने वालों के संपर्क में थे या उसमें शामिल हुए थे। बाकी 104 पीड़ितों की हालत स्थिर बताई जाती है।

राज्य के स्वास्थ्य विभाग के बुलेटिन के मुताबिक दिल्ली में 13 से 17 मार्च के बीच आयोजित तबलीगी जमात में भाग लेने वाले या उनके संपर्क में आने वाले लोगों की पहचान के लिए विशेष अभियान तथा सर्वेक्षण का अभियान शुरू किया जा चुका है।

इस बीच मुख्यमंत्री राव ने कोरोना वायरस के फैलाव को रोकने तथा जारी लॉकडाउन को लेकर बुधवार की रात उच्चाधिकारियों के साथ समीक्षा बैठक की। उन्होंने कहा कि उनकी सरकार वायरस के फैलाव को रोकने के लिए हर संभव कदम उठा रही है तथा लोगों को भी इसमें सहयोग करना चाहिए।

समीक्षा बैठक में अधिकारियों ने कहा कि राज्य में कोरोना वायरस का फैलाव निजामुद्दीन मरकज में शामिल लोगों तथा उनके संपर्क में आए उनके परिवार के सदस्यों के कारण हुआ है।

शुरुआत में यह विदेशों से लौटे लोगों के कारण फैला था जिनमें अधिकांश संक्रमितों की स्थिति में सुधार हो रहा है या फिर उनमें से कई ठीक भी हो चुके हैं। अधिकारियों के मुताबिक कोरोना से मरने वाले या इससे संक्रमितों के सभी नए मामले मरकज से जुड़े हुए हैं।

मुख्यमंत्री ने कहा कि अधिकारियों की रिपोर्ट को देखते हुए राज्य सरकार ने निजामुद्दीन मरकज में भाग लेने वाले 300 और लोगों की जांच करने का फैसला किया है।