माफिया डान बजरंगी के परिजनों ने की सीबीआई जांच की मांग

माफिया डान बजरंगी के परिजनों ने की सीबीआई जांच की मांग
माफिया डान बजरंगी के परिजनों ने की सीबीआई जांच की मांग

जौनपुर । कुख्यात माफिया डान प्रेम प्रकाश सिंह उर्फ मुन्ना बजरंगी की हत्या की जांच केन्द्रीय जांच ब्यूरो (सीबीआई) को सौंपे जाने की मांग उसके परिजनों ने की है।

बागपत जिला जेल में बजरंगी की सोमवार को गोली मार कर हत्या कर दी गयी थी। मंगलवार तड़के माफिया डान का शव उसके गृहनगर जौनपुर में सुरेरी क्षेत्र स्थित दयालपुर गांव लाया गया। उसका अंतिम संस्कार वाराणसी के मणिकर्णिका घाट पर आज शाम किया जायेगा।

माफिया डान का शव करीब 100 वाहनों के काफिले के बीच आज बागपत से जौनपुर पहुंचा। इस दौरान सुरक्षा के कड़े बंदोबस्त किये गये थे। आवास पर अंतिम दर्शनों के बाद काफिला माफिया की अंत्येष्टि के लिये वाराणसी रवाना हो गया।

डान की विधवा सीमा सिंह ने कुख्यात डान धनंजय सिंह अौर भारतीय जनता पार्टी (भाजपा) के कुछ नेताओं पर पति की हत्या का षडयंत्र रचने का आरोप लगाया है और इसकी जांच सीबीआई से कराने की मांग की है।

सीमा ने मंगलवार को पत्रकारों से कहा की मेरे पति की हत्या एक सुनियोजित साजिश के तहत की गयी। मैंने 29 जून को हत्या की आशंका जताते हुये मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ से हस्तक्षेप करने की अपील की थी। सीबीआई जांच से ही हत्या के पीछे की साजिश का खुलासा हो सकेगा। मैंने बागपत पुलिस को इस बारे में कल ही एक लिखित शिकायती पत्र दिया है।

इस बीच, बागपत जिला प्रशासन ने जेल में मुन्ना बजरंगी की हत्या के बारे में अपनी रिपोर्ट राज्य मुख्यालय को भेज दी है। जांच में पाया गया कि जेल में लगे सीसीटीवी कैमरा काम नहीं कर रहे थे जबकि जेल में कई अन्य अनिमियतितायें भी पायी गयीं। पुलिस रिपोर्ट यह भी बताने में नाकाम रही है कि हत्या में प्रयुक्त हथियार जेल के अंदर कैसे पहुंचा।

उधर, हत्या के आरोपी सुनील राठी की दलील है कि बजरंगी ने उसे मारने के लिये पिस्टल निकाली थी जिसे छीनकर उसने दस गोलियां माफिया पर उतार दी। जेल के भीतर हुयी इस दुस्साहिक वारदात के बाद सरकार ने घटना की न्यायिक जांच के आदेश दिये हैं जबकि इस मामले में चार पुलिसकर्मियों को निलंबित कर दिया गया है।