उन्नाव में रिटायर्ड आईएएस पर अफवाह फैलाने की एफआईआर दर्ज

उन्नाव। उत्तर प्रदेश के उन्नाव में गंगा नदी के तट पर शवों को दफनाने को लेकर योगी सरकार पर लगातार हमले कर रहे सेवानिवृत्त आईएएस सूर्य प्रताप सिंह के खिलाफ कोतवाली पुलिस ने अफवाह फैला कर जनमानस को भड़काने का मुकदमा दर्ज किया गया है।

दरअसल, सिंह पिछले कुछ दिनो से सरकार की नीतियों के विरोध में ट्विटर पर अभियान छेड़े हुए थे। इसी कड़ी में पिछली 13 मई को उन्होंने एक वीडियो शेयर कर उन्नाव में गंगा तट पर शवों को दफनाने का आरोप लगाया था। उन्होने कहा था कि शवों का अंतिम संस्कार हिन्दू रीति रिवाज से न करना हिंदुओं के लिए कलंक जैसा है।

उन्नाव पुलिस ने ट्वीट का संज्ञान लेते हुए दावा किया कि गंगा में बहते हुए शवों की तस्वीर सात आठ साल पुरानी है। थाना प्रभारी दिनेश चन्द्र मिश्र ने इस सिलसिले में सिंह के खिलाफ महामारी एक्ट, आपदा प्रबंधन एक्ट व आईटी एक्ट के तहत कोतवाली में मुकदमा दर्ज कराया है।

हालांकि इसके बाद भी रिटायर्ड आईएएस ने सरकार पर हमला करना जारी रखा है। शनिवार को उन्होंने ट्वीट कर कहा कि क्या उन्नाव में कोई लाशें नहीं तैर रही। क्या मुझ पर मुक़दमा कर देने से सच बदल जाएगा। एक अन्य ट्वीट में उन्होने कहा कि बात सच हो गई, धारा 153, 465, 505, 21, 54 और आईटी Act 67 के तहत मेरे ऊपर उन्नाव पुलिस ने मुक़दमा लिख दिया है।