भंवर सिंह पलाड़ा पर महिला ASI को शादी का झांसा देकर रेप करने का आरोप

भीलवाडा। पूर्व भाजपा नेता भंवर सिंह पलाड़ा पर शादी का झांसा देकर रेप करने का आरोप लगाते भीलवाड़ा शहर के प्रताप नगर थाने में तैनात महिला सहायक सब इंस्पेक्टर ने पलाड़ा समेत 12 लोगों के खिलाफ एफआईआर दर्ज कराई है। इसमें नागौर के पूर्व एएसपी संजय गुप्ता भी शामिल हैं।

पीड़िता महिला एएसआई का आरोप है कि भीलवाड़ा पुलिस लाइन स्थित उसके क्वार्टर पर भंवर सिंह ने वर्ष 2018 से 2021 तक कई बार शादी का झांसा देकर रेप किया। इसके सबूत महिला के पास हैं। महिला एएसआई मूल रूप से अजमेर के मसूदा की रहने वाली है।

प्रताप नगर पुलिस से मिली जानकारी के अनुसार भीलवाड़ा के पुलिस लाइन में रहने वाली एएसआई ने मामला दर्ज करवाया है। रिपोर्ट में भंवर सिंह के ड्राइवर रविंद्र, पीए किशन पुरी, बॉडीगार्ड करण, बजरंग, विजय, संग सा, मनीषा, धीरज, महिला कॉन्स्टेबल रश्मि, नागौर के एएसपी संजय गुप्ता और शिव बन्ना का नाम भी शामिल है। पुलिस ने मामला दर्ज होने के बाद जांच शुरू कर दी है।

एएसआई ने पुलिस को दी शिकायत में बताया कि उसने वर्ष 2018 में पलाड़ा से ट्रांसफर के लिए नागौर के तत्कालीन एएसपी संजीव गुप्ता के कहने पर सम्पर्क किया था। विधानसभा चुनाव के दौरान भंवर सिंह एएसआई के पुलिस लाइन स्थित क्वार्टर पर आया। रिवॉल्वर दिखाकर रेप किया। विरोध जताने पर शादी करने का झांसा दिया। इसके बाद कई बार अलग-अलग स्थानों पर उसके साथ रेप करता रहा।

पीड़िता ने अपनी रिपोर्ट में बताया है कि अप्रेल 2021 में वह जोधपुर गई थी। जहां भंवर सिंह पलाड़ा और अन्य लोगों ने उसके साथ मारपीट की थी। उसके फोटो को वायरल करने की धमकी दी थी। इसके बाद से पीड़िता के पास धमकी भरे फोन आ रहे हैं। पीड़िता ने रिपोर्ट में बताया कि उसे डर है कि उसकी हत्या की जा सकती है। उसे गंभीर मामले में फंसाया जा सकता है। इसके चलते पीड़िता ने थाने में मामला दर्ज करवाया।

भीलवाड़ा एसपी आदर्श सिद्धू ने बताया कि महिला सब इंस्पेक्टर की रिपोर्ट पर मामला दर्ज कर लिया गया है। मामले में मुख्य आरोपी भंवर सिंह पलाड़ा के साथ 12 लोगों के नाम दर्ज हैं। इनमें एक एएसपी का नाम भी शामिल है। इस पूरे मामले की जांच शाहपुरा एएसपी चंचल मिश्रा करेंगी। चंचल मिश्रा इससे पहले आसाराम के मामले में जांच कर चुकी हैं।

बागी होकर अजमेर जिला प्रमुख का चुनाव लड़ने और जीतने के बाद भाजपा ने सुशील कंवर पलाड़ा और उनके पति भाजपा नेता भंवर सिंह पलाड़ा को पार्टी से 6 साल के लिए निष्कासित कर दिया था। भंवर सिंह भाजपा की टिकट से विधायक का चुनाव भी लड़ चुका है। इसकी पत्नी सुशील कंवर पलाड़ा विधायक भी रह चुकी हैं।