अटल जी की भतीजी पूर्व सांसद करूणा शुक्ला का कोरोना से निधन

Former MP Karuna Shukla died of corona infection
Former MP Karuna Shukla died of corona infection

रायपुर। पूर्व प्रधानमंत्री स्वं अटल विहारी वाजपेयी की भतीजी एवं छत्तीसगढ़ समाज कल्याण बोर्ड की अध्यक्ष करूणा शुक्ला का बीती रात यहां निधन हो गया। वह कोरोना से संक्रमित थीं और उनका यहां एक निजी अस्पताल में उपचार चल रहा था।

शुक्ला को कोरोना संक्रमण के कारण गत 14 अप्रैल को राजधानी के एक निजी अस्पताल में भर्ती करवाया गया था। बीती रात लगभग एक बजे उऩका उपचार के दौरान निधन हो गया।पारिवारिक सूत्रों के अनुसार उनका अन्तिम संस्कार बलौदा बाजार में होगा।

शुक्ला प्रखर वक्ता के साथ ही बहुत ही मिलनसार थीं। उन्होंने अपनी राजनीति भाजपा से शुरू की थी और 1993 में पहली बार अविभाजित मध्यप्रदेश विधानसभा की सदस्य चुनी गई थी। वह 2004 में लोकसभा के लिए चुनी गई, जबकि 2009 में चुनाव हार गई।

इसके बाद भाजपा में मतभेदों के चलते वह 2014 के लोकसभा चुनावों के दौरान कांग्रेस में शामिल हो गई। राज्य में हुए पिछले विधानसभा चुनाव में उन्हें तत्कालीन मुख्यमंत्री डा.रमन सिंह के खिलाफ कांग्रेस ने उन्हे राजनांदगांव सीट से चुनाव मैदान में उतारा था, लेकिन वह चुनाव हार गई थीं।

राज्य में कांग्रेस की सरकार बनने के बाद पिछले वर्ष उन्हें छत्तीसगढ़ समाज कल्याण बोर्ड का अध्यक्ष बनाया गया था। कांग्रेस में शामिल होने के बाद वह संगठन के कार्यों में लगातार सक्रिय रही और कई जगहों पर उऩ्हें कांग्रेस कार्यकर्ताओं के प्रशिक्षण के लिए भेजा गया। अपनी सक्रियता और साफगोई से कांग्रेस के पूर्व अध्यक्ष राहुल गांधी को भी उऩ्होने काफी प्रभावित किया था।

मुख्यमंत्री भूपेश बघेल भी उन्हें बहुत सम्मान देते थे। मुख्यमंत्री भूपेश बघेल ने शुक्ला के निधन पर गहरा शोक व्यक्त किया है। उन्होंने अपने शोक संदेश में कहा कि करुणा शुक्ला से उनके बहुत आत्मीय पारिवारिक रिश्ते रहे और उनका सतत आशीर्वाद मिलता रहा। ईश्वर उन्हें अपने श्रीचरणों में स्थान दें और हम सबको उनका विछोह सहने की शक्ति दे।

भाजपा नेताओं ने पूर्व सांसद करुणा शुक्ला के निधन पर किया शोक व्यक्त

छत्तीसगढ़ भारतीय जनता पार्टी ने पूर्व सांसद करुणा शुक्ला के आकस्मिक निधन को अपूरणीय क्षति बताते हुए गहरा शोक व्यक्त किया है।

प्रदेश भाजपा अध्यक्ष विष्णुदेव साय ने पूर्व सांसद एवं वरिष्ठ नेत्री श्रीमती शुक्ला के निधन पर गहरा शोक व्यक्त करते हुए कहा कि अपने नाम के अनुरूप ही वे करुणा की मूर्ति थी। राजनीति से अलग करुणा जी का स्नेह हम सबको प्राप्त था।

उन्होंने कहा कि करुणा दीदी के रूप में हमने आज एक एक मुखर आवाज़, स्त्री शक्ति की एक प्रखर प्रतीक को खोया है। इस क्षति की भरपाई कठिन है। दीदी के आकस्मिक निधन से भाजपा शोकाकुल है।

पूर्व मुख्यमंत्री और भाजपा के राष्ट्रीय उपाध्यक्ष डॉ. रमन सिंह ने कहा कि एक कुशल नेत्री, अद्भुत संगठनात्मक क्षमता की धनी विधायक, सांसद के रूप में जनता की सच्ची प्रतिनिधि करुणा जी हमेशा जनहित के लिए आवाज बुलंद करती रही।

पूर्व प्रधानमंत्री स्व. अटल जी की भतीजी होने के बावजूद भी राजनीतिक सामाजिक और संगठन के क्षेत्र में अपनी नेतृत्व क्षमता अद्भुत राजनीतिक समझ व कुशलता के दम पर अपनी अलग छवि स्थापित करने वाली नेत्री का असमय निधन हम सभी के लिए अपूरणीय क्षति है।

उन्होंने कहा कि उनके साथ काम करने का लंबा अनुभव उनकी यादों के रूप में हमेशा हमारे हृदय में जीवित रहेगा। उनके संगठनात्मक कौशल को हमने करीब से देखा है।

डा.सिंह ने कहा कि भाजपा के राष्ट्रीय पदों को सुशोभित करते हुए कार्यकर्ताओं की चिंता, विधायक, सांसद के रूप में जनता की चिंता उत्कृष्ट विधायक चुना जाना उनकी कार्य कुशलता और समर्पण की भावना को दर्शाता रहा।

उन्होंने कहा कि करुणा जी मुझे राखी बांधती थी। वे ऐसी नेत्री रही जिन्होंने सहयोगी और विरोधी दोनों ही भूमिका में कुशलता के साथ मेरा मार्गदर्शन किया। ईश्वर उन्हें अपने श्रीचरणों में स्थान प्रदान करें और परिजनों को यह कष्ट सहन करने की शक्ति दें।