राजस्थान भाजपा के पूर्व प्रदेशाध्यक्ष भंवरलाल शर्मा का निधन

जयपुर। राजस्थान में भारतीय जनता पार्टी के पूर्व प्रदेशाध्यक्ष और पार्टी के वरिष्ठ नेता भंवर लाल शर्मा का शुक्रवार को निधन हो गया। शर्मा की उम्र 95 वर्ष थी। उनके निधन की खबर के बाद प्रदेशभर में पार्टी कार्यकर्ताओं और राजनीतिक हलकों में शोक की लहर छा गई है।

पूर्व मंत्री शर्मा के पार्थिक देह पर भाजपा प्रदेश अध्यक्ष सतीश पूनिया, पूर्व प्रदेश अध्यक्ष अरुण चतुर्वेदी ,प्रदेश संगठन महामंत्री चंद्रशेखर, जयपुर सांसद रामचरण बोहरा, जिला अध्यक्ष सुनील कोठारी पुष्पांजलि अर्पित की।

मुख्यमंत्री अशोक गहलोत ने शर्मा के निधन पर दुख प्रकट करते हुए कहा है कि इस कठिन समय में मेरी गहरी संवेदनाएं शोक संतप्त परिजनों के साथ हैं। ईश्वर से प्रार्थना है उन्हें सम्बल दें एवं दिवंगत आत्मा को शान्ति प्रदान करें।

पूर्व मुख्यमंत्री वसुंधरा राजे भाजपा के प्रदेश प्रभारी अविनाश राय खन्ना, राष्ट्रीय सह संगठन मंत्री वी. सतीश, प्रदेश महामंत्री संगठन चंद्रशेखर, पूर्व प्रदेश अध्यक्ष अरुण चतुर्वेदी ,अशोक परनामी ने पूर्व मंत्री एवं पार्टी के पूर्व प्रदेश अध्यक्ष भंवर लाल शर्मा के निधन पर गहरा शोक व्यक्त किया है।

डा. पूनिया ने कहा कि दिवंगत शर्मा ने राजनीति में एक मिसाल कायम की थी सादगी ईमानदारी एवं समय की प्रतिबद्धता उनकी पहचान थी। उनके जाने से भारतीय जनता पार्टी को अपूरणीय क्षति हुई है ईश्वर उनकी आत्मा को शांति प्रदान करें एवं परिवार जन को इस दुख को सहन करने की शक्ति प्रदान करें।

भाजपा के तीन बार प्रदेश अध्यक्ष रहे थे शर्मा

राजस्थान में भारतीय जनता पार्टी के पूर्व प्रदेश अध्यक्ष एवं पूर्व मंत्री भंवरलाल शर्मा का जन्म पांच दिसम्बर 1924 में हुआ था। शर्मा का विवाह 22 मई 1950 में हुआ था। वह वर्ष 1961 में नगर परिषद के चेयरमेन निवार्चित हुए थे। वर्ष 1972 में उन्होंने किशनपोल विधानसभा क्षेत्र से चुनाव लडा था। आपातकाल में 1975 में वह सत्याग्रह कर कारागार में रहे थे।

इसके बाद 1977 में हवामहल विधानसभा से चुनाव लड़ प्रथम बार विधायक बने। वर्ष 1978 में प्रथम बार मंत्री ने तथा उनके पास उच्च शिक्षा, स्वयत्तशासन नगरीय विकास, आवासन व खेल मंत्री विभाग थे। वह 1980 से 1990 तक विधायक रहे।

वर्ष 1986 में भाजपा के प्रदेशाध्यक्ष बने तथा 1989 में पुनः प्रदेशाध्यक्ष रहे। वर्ष 1990 में पुनः जनस्वास्थ्य अभियांत्रिकी, स्वयत्तशासन, नगरीय विकास, आवासन व खेल मंत्री बने। वह वर्ष 2000 से 2002 तक तीसरी बार भाजपा प्रदेशाध्यक्ष बनाए गए।