प्रयागराज में खतरे निशान से ऊपर बह रही है गंगा और यमुना

Ganga Yamuna is flowing above the danger in Prayagraj
Ganga Yamuna is flowing above the danger in Prayagraj

प्रयागराज राजस्थान और मध्य प्रदेश के बंधों से छोड़े गए पानी से उफनाई गंगा और यमुना खतरे के निशान सेे 1.2 मीटर, और 96 सेंटीमीटर ऊपर बह रही है।

सिंचाई विभाग बाढ़ खंड विभाग द्वारा प्राप्त आंकडों के अनुसार गंगा और यमुना का खतरे का निशान 84.73 मीटर दर्ज किया गया है। गंगा फाफामऊ में 85.75 मीटर पर बह रही हैं जो कि खतरे के निशान एक मीटर दो सेंटीमीटर, कि छतनाग 30 सेंटीमीटर अधिक से 85.03 मीटर और नैनी में यमुना 96 अधिक से 85.69 मीटर ऊपर बह रही हैं। दोनो नदियां 0.5 सेंटेंमीटर प्रतिघंटा रफ्तार से बढ़ रही है।

प्रयागराज के कोतवाल काहे जानेवाले बंधवा स्थित लेटे हनुमान मंदिर जलामग्न हो गया है। कम पानी होने पर श्रद्धालु नाव से दर्शन करने मंदिर पहुचते थे लेकिन बाढ़ के कारण श्रद्धालु बंधवा पहुँचकर प्रणाम कर वापस लौट जाते हैं। मानाजाता है कि गंगा प्रत्येक वर्ष हनुमान जी का जलाभिषेक और पाँव पखारने के बाद घटने लगती थी लेकिन इस बार घटने के बाद दोबारा अभिषेक और पाँव पखारने के बाद स्थिर हो गईं है। पूरा क्षेत्र जलामग्न है।

गौरतलब है कि इस बार भी दोनों नदियां का पानी वर्ष 1973 में आयी बाढ़ का रिकार्ड तोड़ रहा है। मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने शुक्रवार को यहाँ बाढ़ राहत शिविर में कहा था कि प्रदेश में बाढ़ से करीब एक लाख परिवार प्रभावित है। बाढ़ पीड़ितो को 24 घंटे के अंदर राहत सामग्री और धन हानि या जन हानि होने पर मुआवजा देने के स्पष्ट आदेश दिए गए हैं।