मोहम्मद शमी और रवीन्द्र जडेजा के कहर से जीता भारत

india beat south africa by 2013 runs, take 1-0 lead

विशाखापत्तनम। तेज गेंदबाज मोहम्मद शमी (35 रन पर 5 विकेट) और लेफ्ट आर्म स्पिनर रवींद्र जडेजा (87 रन पर 4 विकेट) की कहर बरपाती गेंदों से भारत ने दक्षिण अफ्रीका को पांचवें और अंतिम दिन रविवार को 191 रन पर ढेर कर पहला टेस्ट 203 रन के बड़े अंतर से जीत लिया। भारत ने इस जीत के साथ तीन मैचों की सीरीज में 1-0 की बढ़त बना ली।

भारत ने दक्षिण अफ्रीका के सामने जीत के लिए 395 रन का लक्ष्य रखा था। दक्षिण अफ्रीका ने कल के एक विकेट पर 11 रन से आगे खेलना शुरू किया और उसकी दूसरी पारी 63.5 ओवर में 191 रन पर सिमट गयी। भारत की दोनों पारियों में 176 और 127 रन बनाने वाले ओपनर रोहित शर्मा को मैन ऑफ द मैच का पुरस्कार दिया गया।

पहली पारी में खाली हाथ रहे शमी ने दूसरी पारी में शानदार गेंदबाजी की और 10.5 ओवर में 35 रन पर पांच विकेट हासिल किए। जडेजा ने भी बेहतरीन प्रदर्शन किया और 25 ओवर 87 रन पर चार विकेट लिए। पहली पारी में सात विकेट लेने वाले ऑफ स्पिनर रविचंद्रन अश्विन ने 20 ओवर में 44 रन पर एक विकेट लिया।

भारत की विश्व टेस्ट चैंपियनशिप में यह लगातार तीसरी जीत है। भारत ने इससे पहले वेस्ट इंडीज में दोनों टेस्ट जीते थे। भारत के अब तालिका में उसके 160 अंक हो गए हैं। दक्षिण अफ्रीका का विश्व टेस्ट चैंपियनशिप में यह पहला टेस्ट था और उसकी इस चैंपियनशिप में हार के साथ शुरुआत हुई है।

टीम इंडिया ने 7 विकेट पर 502 रन बनाकर अपनी पहली पारी घोषित की थी। दक्षिण अफ्रीका ने अपनी पहली पारी में 431 रन बनाये थे।भारत को पहली पारी के आधार पर 71 रनों की बढ़त मिली और भारत ने अपनी दूसरी पारी 4 विकेट पर 323 रन पर घोषित कर दक्षिण अफ्रीका के सामने 395 रनों का लक्ष्य रखा।

पहली पारी में सराहनीय संघर्ष करने वाले दक्षिण अफ्रीका के बल्लेबाज दूसरी पारी में घुटने टेक गए और पूरी टीम 191 रनों पर ढेर हो गई और भारत ने यह मुकाबला 203 रनों से जीत लिया।

दक्षिण अफ्रीका के लिए 10वें नंबर के बल्लेबाज डेन पिएट ने 107 गेंदों पर नौ चौकों और एक छक्के की मदद से सर्वाधिक 56 रन बनाये। सेनुरन मुथुसामी ने 108 गेंदों पर पांच चौकों की मदद से नाबाद 49 रनों का योगदान दिया। मुथुसामी पहली पारी में भी 33 रन बनाकर नाबाद रहे थे।

दक्षिण अफ्रीका के चार बल्लेबाज बिना खाता खोले आउट हुए। एक समय दक्षिण अफ्रीका के आठ बल्लेबाज 27वें ओवर तक मात्र 70 रन पर पवेलियन लौट चुके थे लेकिन मुथुसामी और पिएट ने नौंवें विकेट के लिए 91 तथा मुथुसामी और कैगिसो रबादा ने 10वें विकेट के लिए 30 रन जोड़कर दक्षिण अफ्रीका को बड़ी शर्मिंदगी से कुछ हद तक बचा लिया।

सुबह एडन मारक्रम ने तीन और थ्यूनिस दी ब्रून ने पांच रन से अपनी पारी को आगे बढ़ाया। पहली पारी में 160 रन बनाने वाले डीन एल्गर कल दो रन बनाकर लेफ्ट आर्म स्पिनर रवींद्र जडेजा की गेंद पर पगबाधा हो गए थे। दक्षिण अफ्रीका को मैच बचाने के लिए पूरा दिन निकालना था लेकिन शमी और जडेजा ने मेहमान बल्लेबाजों के पांव उखाड़ दिए।

आखिरी दिन का पहला विकेट अश्विन के हिस्से में गया जिन्होंने ब्रून को बोल्ड कर दिया। अश्विन का टेस्ट क्रिकेट में यह 350वां शिकार था। ब्रून 25 गेंदों में 10 रन बना सके। शमी ने तेम्बा बावुमा को खाता खोलने का मौका दिए बिना ही बोल्ड कर दिया। कप्तान फाफ डू प्लेसिस 26 गेंदों में तीन चौकों की मदद से 13 रन बनाकर शमी की गेंद पर ही बोल्ड हो गए। क्विंटन डी कॉक का खाता भी नहीं खुला और वह भी शमी की बेहतरीन गेंद पर बोल्ड हो गए।

पांच विकेट 60 रन पर गिर जाने के बाद मारक्रम का संघर्ष भी जवाब दे गया और वह जडेजा को रिटर्न कैच थमा बैठे। मारक्रम ने 74 गेंदों में पांच चौकों और एक छक्के की मदद से 39 रन बनाये। जडेजा ने फिर वेर्नोन फिलेंडर (0) और केशव महाराज (0) को पगबाधा कर दक्षिण अफ्रीका का स्कोर आठ विकेट पर 70 रन कर दिया।

दक्षिण अफ्रीका ने 70 रन के स्कोर पर लगातार तीन विकेट खो दिए। इन तीन विकेटों में मारक्रम (39), फिलेंडर (0) और केशव महाराज (0) के विकेट शामिल थे। इस समय ऐसा लग रहा था कि टीम 100 रन के अंदर सिमट जाएगी। लेकिन पिएट (56) और मुथुसामी (नाबाद 49) ने नौवें विकेट के लिए 91 रन की साझेदारी भारत का इंतजार बढ़ा दिया।

शमी ने 161 के स्कोर पर पिएट को बोल्ड कर इस साझेदारी का अंत कर दिया। शमी ने रबादा को आउट कर अपना पांचवां विकेट लिया और मेहमान टीम की पारी 191 रन पर समेट दी। शमी ने अपने करियर में पांचवीं बार पारी में पांच विकेट लिए। सीरीज का दूसरा टेस्ट 10 अक्टूबर से पुणे में महाराष्ट्र क्रिकेट एसोसिएशन स्टेडियम में खेला जाएगा।