नारी संरक्षण गृह में देह व्यापार की घटना की हो जांच: मायावती

Investigation of body trade in women protection house: Mayawati
Investigation of body trade in women protection house: Mayawati

लखनऊ । देवरिया जिले के नारी संरक्षण गृह में देह व्यापार की घटना की भर्त्सना करते हुए बहुजन समाज पार्टी (बसपा) अध्यक्ष मायावती ने सोमवार को कहा कि घिनौना काण्ड यह साबित करता है कि भारतीय जनता पार्टी (भाजपा) सरकारों में कितनी अराजकता है और महिलायें कितनी ज़्यादा असुरक्षित हैं।

मायावती ने यहां जारी एक बयान में कहा कि सरकारी उदासीनता के कारण बिहार और देवरिया नारी संरक्षण गृह में जबर्दस्ती देह व्यापार कराने की घटना देश के लिए चिंता का विषय है।
उन्होंने कहा कि इस प्रकार की जघन्य घटनाओं से यह साबित होता है कि भाजपा शासित राज्यों में थोड़ा नहीं बल्कि पूरा जंगलराज है तथा कानून-व्यवस्था की तरह ही महिला सुरक्षा और सम्मान भी भाजपा के लिये प्राथमिकता नहीं बल्कि इनके लिये चिन्ता का आखिरी विषय है।

बसपा अध्यक्ष ने मुजफ्फरपुर शेल्टर होम और देवरिया नारी संरक्षण गृह में दुष्कर्म का धन्धा चलाने वालों के खिलाफ सख्त से सख्त कानूनी कार्रवाई की माँग करते हुए कहा कि सरकारी संरक्षण के बिना यह सब अन्याय, अत्याचार और घोर पाप संम्भव ही नहीं है। इसलिए सरकारी अधिकारियों आदि पर भी कार्रवाई काफी सख्त होनी चाहिये, ना कि लीपापोती जैसी कोई बात, जो कि गंभीर से गंभीर घटनाओं में भी भाजपा सरकारों की आम आदत बन गई है।

बसपा अध्यक्ष ने कहा कि भाजपा सरकारों में ज्यादातर लोग अपने आपको कानून से ऊपर मानने लगे हैं, जिस कारण आम जनता चैन से जी नहीं पा रही है। समाज का हर तबका दुःखी और पीड़ित है।

उन्होंने कहा कि दलितों, पिछड़ों, ईसाई, मुस्लिम तथा अन्य धार्मिक अल्पसंख्यकों तथा अपरकास्ट समाज के गरीबों के बाद अब महिलायें भी शोषण और आतंक का शिकार हो रही हैं जबकि भाजपा का शीर्ष नेतृत्व अन्य गम्भीर समस्याओं के साथ-साथ महिला सुरक्षा के मामले में भी काफी उदासीन नजर आ रहा है, जो देश के लिये बड़ी चिन्ता की बात है और जिसके सही उपायों के लिये देश की आमजनता को कमर कसना जरुरी है।

उन्होंने कहा कि पहले बिहार और अब उत्तर प्रदेश में भी इस प्रकार के जघन्य महिला अपराधों के मामलों में भी साफ और सही नीयत तथा दृढ़ इच्छाशक्ति से काम करने की जरूरत है। कानून-व्यव्स्था के साथ-साथ ख़ासकर महिलाओं की सुरक्षा के मामले में जब तक सख़्त कानूनी कार्रवाई नहीं की जायेगी ऐसी घटनायें रूकने वाली नहीं है।