उपचुनाव मुख्य चुनाव का दर्पण नहीं, 2023 में प्रचंड बहुमत से खिलेगा कमल : शेखावत

सीकर। केंद्रीय जलशक्ति मंत्री गजेंद्र सिंह शेखावत ने दावा किया कि वर्ष 2023 में भारतीय जनता पार्टी का कमल प्रचंड बहुमत के साथ खिलेगा। हाल में आए उपचुनाव के परिणाम पर अपनी प्रतिक्रिया देते हुए केंद्रीय मंत्री ने कहा कि उपचुनावों को मुख्य चुनाव का दर्पण समझने की भूल न करें।

जो राजनीतिक दल सत्ता से बाहर हैं, उन्हें मायूस होने की जरूरत नहीं है और जो सत्ता में बैठे हैं, उन्हें खुश होने की आवश्यकता नहीं है। उपचुनाव अलग स्केल, अलग कारण और अलग तरह की परिस्थितियों में लड़े जाते हैं। उन्होंने कहा कि राजस्थान की जनता दुःखी और परेशान है। खुद को ठगा हुआ महसूस करती है। वो समय आने पर प्रतिकार करेगी।

शनिवार को यहां भाजपा कार्यालय में मीडिया से रू-ब-रू होते हुए केंद्रीय मंत्री शेखावत ने खुलकर प्रश्नों के उत्तर दिए। पेट्रोल-डीजल पर राज्य सरकार के वैट कम न करने के प्रश्न पर शेखावत ने कहा कि अंतरराष्ट्रीय बाजार में कीमतों के कारण देश में पेट्रोल-डीजल के दाम लगातार बढ़ रहे थे। प्रधानमंत्री मोदी ने केंद्र के राजस्व में कटौती कर देशवासियों को राहत दी।

10 से ज्यादा प्रदेशों की सरकारों ने तुरंत वैट कम कर अपने राजस्व में कटौती की। यहां तक की कांग्रेस शासित पंजाब ने ढोल-नगाड़ों के साथ कटौती की। शेखावत ने कहा कि मैं मीडिया के माध्यम से मुख्यमंत्री से प्रश्न करना चाहता हूं कि या तो पंजाब के मुख्यमंत्री नासमझ हैं या आप समझ नहीं पा रहे हैं। देश में सबसे महंगा पेट्रोल-डीजल राजस्थान के लोग खरीदने को अभिशप्त हैं। आज नहीं तो कल राज्य की जनता अधिक चुकाए गए पैसों का हिसाब अशोक गहलोत साहब से लेने वाली है।

मोदी सरकार में पारदर्शिता और गुणवत्ता से समझौता नहीं

केंद्रीय मंत्री ने कहा कि जल जीवन मिशन में 100 प्रतिशत पारदर्शिता के साथ काम हो रहा है। खर्च होने वाले प्रत्येक पैसे से लेकर बनने वाली हर चीज को आमजन पब्लिक डोमेन में देख सकता है। आप अपने मोबाइल पर जेजेएम डेशबोर्ड खोलकर देख सकते हैं कि राजस्थान के कौन से गांव की कौन सी ढाणी में कितना काम हुआ है? किस-किस को कनेक्शन मिला है? गांव में पानी समिति के कौन सदस्य हैं? सदस्यों के टेलीफोन नंबर समेत सभी जानकारी मिल जाएगी।

देशभर में पानी के कितने टेस्ट हुए हैं? किस राज्य को कितना पैसा मिला है? कितना पैसा उसने खर्च किया है? कितना पैसा नहीं खर्च कर पाया? अपने हिस्से का कितना पैसा खर्च किया? ये सारी जानकारी ऑनलाइन पब्लिक डोमेन में डाली गई हैं। उन्होंने कहा कि मोदी सरकार में पारदर्शिता और गुणवत्ता के साथ कहीं कोई समझौता नहीं हो सकता है।

जल राज्य का विषय

शेखावटी क्षेत्र में जल जीवन मिशन के सर्वे में लगी कंपनी के ब्लैक लिस्ट होने की संभावना और इसके प्रोजेक्ट पर असर से जुड़े सवाल पर शेखावत ने कहा कि पानी राज्य का विषय है। डिजाइन व डीपीआर बनाना, प्रोजेक्ट का क्रियान्वयन, संचालन व रख-रखाव, यह सब राज्य सरकार का विषय है। फिर भी इस तरह का विषय संज्ञान में लाया जाएगा तो राज्य सरकार के माध्यम से ठोस और प्रभावी कार्रवाई कराई जाएगी।

भाजपा परिवार भाव वाली पार्टी

अपने प्रवास के संबंध में शेखावत ने कहा कि भारतीय जनता पार्टी में सभी परिवार भाव से काम करने वाले लोग हैं। सहजता के साथ में हम सब लोग मिल बैठकर जैसा भी और जब भी अवसर मिले, एक-दूसरे से चर्चा करके अपने रिश्तों को नई ऊर्जा प्रदान करने के लिए काम करते हैं। केवल और केवल अनौपचारिकता के साथ कार्यकर्ताओं से बातचीत होती है। ऐसे कार्यकर्ताओं का कोई राजनीतिक उद्देश्य नहीं होता।