कंगना रनौत​ बोलीं मुझे मिल रही धमकियां, दर्ज कराई FIR

शिमला। फिल्म अभिनेत्री कंगना रनौत ने हिमाचल प्रदेश पुलिस को शिकायत देकर कहा है कि उन्हें जान से मारने की धमकियां मिल रही हैं। पुलिस ने इस संबंध में मामला दर्ज किया है। पुलिस अधीक्षक गुरुदेव शर्मा ने कहा कि अभिनेत्री को हालांकि वाई प्लस श्रेणी की सुरक्षा मिली हुई है लेकिन पुलिस सतर्क हो गई है।

अभिनेत्री ने आज सुबह इंस्टाग्राम पोस्ट में बताया है कि उन्होंने एक पोस्ट मुंबई आतंकी हमले शहीदों को याद करते हुए लिखी थी जिसके बाद उन्हें बठिंडा के किसी व्यक्ति ने जान से मारने की धमकी दी है।

कंगना ने स्वर्ण मंदिर में अपने परिजनों के साथ तस्वीर शेयर करते हुए पोस्ट में कहा कि मैंने एक पोस्ट में लिखा था कि गद्दारों काे कभी माफ नहीं करना और न ही भूलना। इस तरह की घटना में देश के अंदरूनी देशद्रोही गद्दारों का हाथ होता है।

देशद्रोही गद्दारों को कभी पैसे के लालच में तो कभी पद व सत्ता के लालच में भारत मां को कलंकित करने के लिए एक भी मौका नहीं छोड़ा, देश के अंदरूनी जयचंद और गद्दार षड्यंत्ररच देश विरोधी ताकतों को मदद करते रहे, तभी इस तरह की घटनाएं होती हैं।

उन्होंने लिखा है कि उनकी इस पोस्ट पर उन्हें लगातार धमकियां मिल रही हैं। बठिंडा के एक व्यक्ति ने उन्हें खुलेआम जान से मारने की धमकी दी है। उन्होंने मनाली थाने में शिकायत दर्ज करवाई है। पुलिस अधीक्षक कुल्लू गुरूदेव शर्मा ने कहा कि कंगना वाई प्लस श्रेणी की सुरक्षा है लेकिन फिर भी पुलिस सतर्क हो गई है।

कंगना ने कांग्रेस अध्यक्ष सोनिया गांधी से पंजाब के मुख्यमंत्री को इस धमकी पर तुरंत कार्रवाई करने का निर्देश देने के लिए कहा है और उम्मीद जताई है कि पंजाब सरकार कार्रवाई करेगी।

उन्होंने यह आरोप भी लगाया है कि पंजाब में चुनाव होने वाले हैं, इसके लिए कुछ लोग उनकी बात को संदर्भ के बिना प्रयोग कर रहे हैं और कहा है कि यदि भविष्य में उन्हें कुछ हो जाता है तो उसके लिए नफरत की राजनीति व बयानबाजी करने वाले की पूरी तरह उत्तरदायी हाेंगे। उन्होंने अपील की है कि चुनाव जीतने की राजनीतिक महत्वकांक्षाओं के लिए किसी के प्रति नफरत न फैलाई जाए।

कंगना को मुंबई में हुए विवाद के बाद से वाई केटेगिरी की सिक्योरटी दी गई है। इन दिनों कंगना कड़ी सुरक्षा व्यवस्था के बीच अपने मनाली स्थित घर कार्तिकेय में छुट्टियां मना रही हैं। कंगना चार दिन पहले आराध्यदेव कार्तिक स्वामी की प्रतिष्ठा में शरीक होने मनाली आई हैं, तब से यहीं रुकी हुई हैं।