LIVE : फूलपुर और गोरखपुर उपचुनाव में 40.20 प्रतिशत मतदान

uttar pradesh bypolls 2018 : Voting in gorakhpur, phulpur

लखनऊ। कड़ी सुरक्षा व्यवस्था के बीच उत्तर प्रदेश के गोरखपुर और फूलपुर संसदीय सीट के लिए रविवार को हुए उपचुनाव में 40. 20 प्रतिशत मतदान हुआ।

राज्य के संयुक्त मुख्य निर्वाचन अधिकारी रमेश चन्द्र राय ने बताया कि लोकसभा की दोनों सीटों पर हुये उपचुनाव के लिए मतदान पांच बजे समाप्त हो गया है। लाइन में खड़े मतदाताओं को वोट डालने दिया गया। मतदान के दौरान किसी अप्रिय घटना की सूचना नहीं है।

सबसे चौंकाने वाले कम वोट उपमुख्यमंत्री केशव प्रसाद मौर्य की प्रतिष्ठा बने फूलपुर लोकसभा सीट पर पड़े। फूलपुर सीट पर हुये मतदान का प्रतिशत 37़ 39 रहा जबकि गोरखपुर लोकसभा सीट के हुये मतदान का प्रतिशत 43 रहा। उन्होंने बताया कि दोनों लोकसभा सीट के लिए मतदान सुबह सात बजे मतदान शुरु हुआ जो शाम पांच बजे तक हुआ।

गोरखपुर सीट मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ और फूलपुर क्षेत्र उपमुख्यमंत्री केशव प्रसाद मौर्य की प्रतिष्ठा से जुड़ी है। गोरखपुर से योगी पांच बार सांसद चुने गए थे जबकि पहले प्रधानमंत्री पं0 जवाहर लाल नेहरु की सीट रही फूलपुर को श्री मौर्य ने भारतीय जनता पार्टी के टिकट पर पहली बार 2014 में चुनाव जीता था।

उपचुनाव में 4728 ईवीएम कण्ट्रोल यूनिट, 7098 बैलट यूनिट तथा 4728 वीवीपैट तैयार किये गये थे। सभी मतदेय स्थलों पर वीवीपैट लगाये गये थे। वीवीपैट लग जाने से मतदाताओं को पता चल पाया कि जिस उम्मीदवार के सामने वाले खाने का बटन दबाया है,वोट उसी को गया है।

राज्य की प्रमुख विपक्षी दल समाजवादी पार्टी, बहुजन समाज पार्टी समेत कई दलों ने ईवीएम में छेड़छाड़ की आशंका जताई थी। उसके बाद चुनाव आयोग ने सभी ईवीएम में वीवीपैट लगाने का निर्णय लिया।

मतदान शान्तिपूर्ण और निष्पक्ष सम्पन्न कराने के लिए सुरक्षा व्यवस्था के पुख्ता इंतजाम किए गये थे। इस चुनाव के लिए अर्द्धसैनिक बल एवं पीएसी की 65 कम्पनियां तैनात की गई थी। संवेदनशील और अतिसंवेदनशील मतदान केन्द्रों पर सुरक्षा के विशेष इंतजाम किए गए। साथ ही अतिसंवेदनशील 95 बूथों पर वेबकास्टिंग कराई गई।

उपचुनाव के लिए दोनों क्षेत्रों में कुल 4296 मतदेय स्थल तथा 1808 मतदान केन्द्र बनाये गये थे। मतदान पर सतर्क दृष्टि रखने के लिए आयोग द्वारा चार सामान्य प्रेक्षक, दो पुलिस प्रेक्षक तथा दो व्यय प्रेक्षक तैनात किए गए थे। इनके अलावा 289 सेक्टर मजिस्ट्रेट, 39 जोनल मजिस्ट्रेट, 20 स्टैटिक मजिस्ट्रेट तथा 200 माईक्रो और आब्जर्वर तैनात किए गए।

इस बीच, गोरखपुर से नेपाल की सीमा के पास होने की वजह से सील कर दिया गया था। उपचुनाव के मद्देनजर किसी को नेपाल से आने या जाने की अनुमति नहीं दी गई थी। उत्तर प्रदेश के मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने गोरक्षनाथ मंदिर मतदान केन्द्र पर पहला वोट डाला। वोट डालने के बाद योगी ने संवाददाताओं से कहा कि जनता ने अराजक राजनीति को नकार दिया है। भारतीय जनता पार्टी की सकारात्मक राजनीति को स्वीकारा है। भाजपा को पहला वोट मिला है, इसलिए पार्टी बड़े अन्तराल से जीतेगी।

गोरखपुर सीट योगी आदित्यनाथ के इस्तीफे से रिक्त हुई थी। चुनाव मैदान में कुल 10 उम्मीदवार है लेकिन मुख्य मुकाबला भारतीय जनता पार्टी प्रत्याशी उपेन्द्र शुक्ल और बहुजन समाज पार्टी, निषाद, पीस पार्टी समर्थित समाजवादी पार्टी उम्मीदवार प्रवीण निषाद के बीच है। कांग्रेस की उम्मीदवार डा. सुरहिता करीम की मौजूदगी ने चुनाव को त्रिकोणीय कर दिया है। केन्द्रीय वित्त राज्य मंत्री शिव प्रताप शुक्ल ने अपनी पत्नी जानकी देवी के साथ गोरखपुर शहर स्थित सेंट एन्ड्रूज कालेज मतदान केन्द्र पर अपना वोट डाला।

वोट डालने के बाद शुक्ल ने पत्रकारों से कहा कि पूरे देश की जनता को प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी पर पूरा विश्वास है और वह प्रधानमंत्री के विकास कार्यों को स्वीकारते हुए उनके हर निर्णय के साथ है इसलिए लोग भारतीय जनता पार्टी की ओर देख रहे हैं।

गोरखपुर सीट के लिए हो रहे उपचुनाव के लिए ग्रामीण विधान सभा में एक 95 वर्षीय बुजुर्ग ने मतदान किया। ग्रामीण विधानसभा के मारवाड़ इन्टर कालेज मतदान केन्द्र पर बुजुर्ग गुलाम नवी ने अपने परिवार के 17 सदस्यों के साथ वोट डाला। वह इसके पहले लोकसभा के लिए अब तक हुए चुनावों में 16 बार अपना वोट डाल चुके हैं। उन्होंने लोकसभा उपचुनाव में पहली बार वोट डाला है।

उत्तर प्रदेश के स्वास्थ्य मंत्री सिद्धार्थनाथ सिंह ने कहा कि समाजवादी पार्टी और बहुजन समाज पार्टी का गठबंधन अवसरवादी है और इससे भारतीय जनता पार्टी पर किसी प्रकार का कोई असर नहीं पड़ेेगा और कमल का फूल खिल रहा है।

उन्होंने ज्वाला देवी इंटर कालेज में बने बूथ पर दो बजे मतदान करने के बाद कहा कि शहरी क्षेत्र में ग्रामीण क्षेत्र की तुलना में मतदान कम हो रहा है लेकिन चिन्ता करने की बात नहीं है। लोकतंत्र में भागीदारी सभी को करनी चाहिए।

प्रदेश के मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ तथा उपमुख्यमंत्री केशव प्रसाद मौर्य ने दावा किया है कि गोरखपुर तथा फूलपुर लोकसभा के लिये अाज हो रहे उपचुनाव में समाजवादी पाटी(सपा) तथा बहुजन समाज पार्टी का गठबंधन भारतीय जनता पार्टी के विजय रथ को नहीं रोक पायेगा। श्री योगी ने गोरखपुर के गोरखनाथ क्षेत्र स्थित प्राथमिक विद्यालय में मतदान करने के बाद कहा कि सपा-बसपा के गठबंधन को लोगों ने पहले भी नकार दिया था। उन्होंने कहा कि लोगों ने लगभग एक साल के कार्यकाल में भाजपा का सुशासन देख लिया है। जनता सुशासन के नाम पर भाजपा को वोट दे रही है।

योगी ने कहा कि वर्ष 2017 में उत्तर प्रदेश विधानसभा चुनाव में कांग्रेस ने भी सपा के साथ गठबंधन किया था लेकिन जनता ने उसे नकार दिया था। जनता अब सपा -बसपा गठबंधन को भी नकार देगी। सिंगापुर में कांग्रेस अध्यक्ष राहुल गांधी के बयान के बारे में पूछे जाने पर योगी ने कहा कि लोग जहां भी जाते हैं, वहां कुछ कह देते हैं। कांग्रेस एक नकारात्मक मानसिकता के साथ काम करती है।

गोरखपुर लोकसभा सीट से पांच बार सांसद रहेे प्रदेश के मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ के इस्तीफे के बाद यह सीट खाली हुई थी। योगी ने उपचुनाव के दौरान 14 सभाओं को संबोेधित किया। फूलपुर लोकसभा सीट उपमुख्यमंत्री केशव प्रसाद मौर्य के इस्तीफे के बाद खाली हुई थी। मौर्य ने पहली बार वर्ष 2014 में हुये लोकसभा चुनाव में इस सीट पर भाजपा की जीत दर्ज की थी।

ज्वाला देवी इंटर कालेज में वोट डालने के बाद मौर्य ने कहा कि सपा-बसपा का गठबंधन भाजपा के विजय रथ को नहीं रोक पायेगा। दोनों पार्टियों का जनाधार भी नहीं है। उन्होंने दावा किया कि बसपा का वोट बैंक कभी भी सपा प्रत्याशी को वोट नहीं करेगा। बसपा मतदाता अपना मतदान भाजपा के प्रत्याशी को कर रहे है। फूलपुर लोकसभा सीट पर सुबह से मतदान की गति धीमी रही। दोपहर बाद मतदान में इजाफा हुआ। लोकसभा की दोनों सीटों पर मतगणना 14 मार्च को सुबह सात बजे से शुरू होगा। चुनाव परिणाम उसी दिन आने की संभावना है।