देश हित में व्यापार व व्यापारियों को भी बचाना जरूरी : राज के पुरोहित

सिरोही। इस देश में जब जब अकाल, अतिवृष्टि, अनावृष्टि, सुनामी, भूकंप या कोई भी प्राकृतिक आपदा आई तब तब राजस्थान के प्रवासी समाज ने दिल खोलकर देशभर में जरूरतमंदों की मदद की है।

इस बार वैश्विक महामारी कोरोना के संकट के चलते व्यापार ठप होने के बावजूद सेवा सहायता, उपचार के साथ भोजन सामग्री जैसी राहत लेकर यह वर्ग असहाय जरूरतमंद की दहलीज तक पहुंचा है और सरकारों को भी मदद की है।

प्रवासी नेता पूर्व कैबिनेट मंत्री एवं वर्तमान महाराष्ट्र भाजपा प्रदेश उपाध्यक्ष राज के पुरोहित ने सिरोही में पत्रकारों से बातचीत के दौरान व्यापार जगत को लेकर चिंता व्यक्त करते हुए करोनाकाल में प्रवासियों को हुए भारी नुकसान के संदर्भ में आवाज उठाई। उन्होंने महाराष्ट्र की महा विकास आघाडी सरकार और केंद्र सरकार को पत्र लिखकर 10 लाख करोड़ रुपए का अतिरिक्त पैकेज देने की मांग की है।

अखिल भारतीय राजस्थानी मारवाड़ी प्रवासी महासंघ के राष्ट्रीय अध्यक्ष के नाते एक दिवसीय प्रवास पर गुरुवार को सिरोही पहुंचे राज के पुरोहित ने मुखर अंदाज में राजस्थानी प्रवासी समाज की पीड़ा और कोरोना के कारण वर्तमान में संपूर्ण व्यापारी समाज की दयनीय स्थिति पर विस्तार से बात करते हुए कहा कि अब व्यापार को संबल देने की तुरंत आवश्यकता है।

पुरोहित ने महाराष्ट्र में लॉकडाउन, कोरोना गाइडलाइन, नियमों आदि में तुरन्त राहत व शिथिलता देने की मांग उठाई। उन्होंने बताया कि देश का व्यापार जगत ठप सा हो गया है, आर्थिक व्यवस्था पूरी तरह चरमरा चुकी है जिसके चलते व्यवसाई आर्थिक परेशानियों से गुजर रहा है।

पुरोहित ने प्रवासी व्यापारी की समस्या के बारे में दर्द बयां करते हुए कहा कि कोरोना काल में स्टाफ काम छोडकर चला गया, पब्लिक ट्रांसपोर्ट बाधित होने वापसी भी सहज नही हो पा रही। इस दौरान बिजली बिल, भाड़ा, सरकारी टेक्स जब से तस लगते रहे। मध्यमवर्गीय लोगों की नौकरी चली गई और बेरोजगारी एक बडी समस्या बनकर खड़ी हुई है। उन्होंने कहा कि कोरोना में सरकार ने किसानों को राहत पैकेज दिया लेकिन किसानों के खेत का माल बेचने वाले व्यापारी को कोई मदद नहीं मिली जबकि इस संकट में सबसे ज्यादा नुकसान व्यापारी का हुआ है।

पुरोहित ने सिरोही, जालौर, पाली जिलों के प्रवासी राजस्थानियों की मुक्त कंठ से प्रशंसा करते हुए कहा कि मारवाड़ी उद्योगपतियों, स्वयंसेवी संगठनों, संस्थाओं ने संकट की घड़ी में खुले हाथों से अन्नक्षेत्र खोले, भोजन सामग्री का वितरण किया, अस्पतालों व कोविड सेंटरों का निर्माण किया, आइसोलेशन केंद्र में दवाइयां, ऑक्सीजन, फल, भोजन आदि की आपूर्ति देकर उल्लेखनीय व ऐतिहासिक कार्य किया है।

इन सामाजिक कर्तव्य में योगदान देने पाली मारवाड़ क्षेत्र के बाबूलाल भंसाली, प्रदीप राठौर, सुखराज नाहर, चंपालाल वर्धन, रमन भाई मॉन्टेक्स, पृथ्वीराज कोठारी, मुकेश वर्धन, प्रकाश कानूनगो आदि अनेक नाम गिनाते हुए उनके दिए योगदान की भूरी भूरी प्रशंसा की।

उन्होंने आने वाले दिनों में शीघ्र ही महाराष्ट्र व केंद्र सरकार के पास एक प्रतिनिधिमंडल लेकर जाने की जानकारी देते हुए बताया कि जो व्यापार जगत को जो क्षति पहुंची है उसको संबल दिलाने की आवश्यकता है। प्रवासी महासंघ के माध्यम से प्रवासियों की सुविधा के लिए रेल सुविधाओं को बढ़ाने के किए जा रहे प्रयासों के बारे में अवगत करवाया। पुरोहित के साथ पत्रकार वार्ता में नगर अध्यक्ष लोकेश खंडेलवाल मौजूद थे।