प्रभारी मंत्री ने क्या कहा एसपी और सीएमएचओ को

सिरोही के आत्मा सभागार में जिला स्तरीय समीक्षा बैठक लेेते प्रभारी मंत्री प्रमोद जैन भाया।
सिरोही के आत्मा सभागार में जिला स्तरीय समीक्षा बैठक लेेते प्रभारी मंत्री प्रमोद जैन भाया।

सबगुरु न्यूज-सिरोही। जिले के प्रभारी मंत्री प्रमोद जैन भाया की जिला स्तरीय समीक्षा बैठक में तेवर जनहित को प्राथमिकता देने वाले रहे। इनकी बातों को जमीन स्तर पर कितना प्रभाव पड़ता हे ये अगली बैठक में पता चलेगा।

लेकिन, इसी बैठक में पिछली बैठक की कई ऐसी पेंडेंसी थी जो पूरी नहीं होने की बात बैठक मे मौजूद तीनों विधायक करते नजर आए। यूं प्रभारी मंत्री ने बैठक समाप्ति पर फिनिशिंग स्पीच में उन्होंने जरूर अधिकारियों को लापरवाही बरतने वाले कार्मिकों पर कार्रवाई करने के निर्देश दिए।
-चिकित्सा अव्यवस्था के खफा दिखे लोढ़ा
जिले के ग्रामीण क्षेत्रों में स्वास्थ्य कर्मियों द्वारा ग्रामीणों को सामान नहीं होने का बहाना बनाकर उपचार नहीं देने की घटनाओं से सिरोही विधायक खफा नजर आए। उन्होंने जोयला, हालीवाड़ा और पिण्डवाड़ा क्षेत्र की घटनाओं को जिक्र किया। उन्होंने ऐसे कार्मिकों की मनोस्थिति ठीक नहीं होने की बात कहते हुए विभागीय स्तर पर इस बात की काउंसलिंग करवाने की आवश्यकता जताई कि वो कार्मिक जनसेवा के लिए गांवों में हैं। इतना ही नहीं प्रसूताओं के जाने पर ग्रामीण क्षेत्रों में चिकित्सकों के पीएचसी पर नहीं मिलने पर भी उन्होंने आपत्ति जताई।

लोढ़ा ने कहा कि ऐसे लोगों पर कार्रवाई नहीं होती इसलिए लोगों के लिए समस्या हो रही है। इसी तरह पिण्डवाड़ा विधायक समाराम गरासिया और रेवदर विधायक जगसीराम कोली ने भी चिकित्सा समस्याओं से मंत्री को अवगत करवाया। बैठक में जिला कलेक्टर भगवती प्रसाद ने विधायक द्वारा बताई गई जगहों पर खुद ही निरीक्षण करने की बात कही। तीनों विधायकों की बात सुनने पर मंत्री ने सीएमएचओ डॉ राजेश कुमार से कहा कि तीनों विधायक कह रहे हैं तो कमी होगी या फिर आपके सुपरविजन में कमी होगी। उन्होंने सही से सुपरविजन के निर्देश दिए।

-बारिश आने को है, शुरू हुए सिर्फ तीन नलकूप
अब जलदाय विभाग के हालात देखिए। आंकड़े देखकर आप भी कह देंगे कि नौ दिन चले अढाई कोस कहावत इनके लिए ही बनी है। गर्मी के मौसम में पानी की आपात व्यवस्था के लिए 39 नलकूप जिले में स्वीकृत हुए थे। बारिश आने को है, इनमें से सिर्फ तीन ही कस्टमाइज हो पाए हैं। यह जानकारी जब बैठक में जलदाय विभाग के एसई ने दी तो संयम लोढ़ा ने चुटकी लेते हुए बारिश के बाद शुरू कर देने की बात कह दी।

रेवदर विधायक ने अपने गांव के पास के गांव में जलदाय विभाग का कनेक्शन बिजली का बिल नहीं भरने से कटने की बात कही तो जिला परिषद सीईओ ने उनसे कहा कि सब बिल भर दिए हैं और सारे कनेक्शन चालू हैं। इस पर रेवदर विधायक कोली बोले की कटिया डालकर चल रहे होंगे, कनेक्शन कट चुका है। मंत्री ने इन कामों को को जल्द करने के निर्देश दिए।
-जीएसएस चालू हो गया विधायक को जानकारी नहीं
अनभिज्ञता का आलम देखिए। पिण्डवाड़ा-आबू विधायक समाराम गरासिया ने डिस्कॉम पर चर्चा के दौरान कहा कि अगर सभी गांवों को विद्युतिकरण हो गया है तो आदिवासियों की शेष ढाणियों को विद्युतिकरण कैसे होगा? उन्होंने कहा कि काछोली का जीएसएस शुरू हो जाता तो लोगों को राहत मिलती। इस पर एसई ने कहा वो जीएसएस चालू हो चुका है। गरासिया बोले मेरे को मालूम नहीं है।
-और प्रयास कीजिए एसपी साहब
जिले के सभी थानों में स्वागत कक्ष बनने हैं। इसकी जिम्मेदारी जिला पुलिस के पास है। जिले में अभी ये काम पूर्ण नहीं हुआ है। एसपी हिम्मत अभिलाष ने इस काम की प्रगति बताई। जब उन्होंने विधायक मद के कोरोना में चले जाने से इसके प्रयास किए जा रहे हैं तो मंत्री बोले कि उनके जिले में भी ये ही हाल है, लेकिन, स्वागत कक्ष बन गए हैं और प्रयास कीजिए।
-बत्तीसा नाला पर भी चर्चा
जिले का महत्वाकांक्षी प्रोजेक्ट है बत्तीसा नाला। इससे तीनों विधानसभा को लाभांवित होना है। रेवदर का आबूरोड, पिण्डवाड़ा-आबू का पिण्डवाड़ा और डेढ दर्जन गांव तथा सिरोही विधानसभा के सिरोही शहर और 9 गांवों को पेयजल के लिए लाभांवित होना है।

इस पर चर्चा के दौरान पीडब्ल्यू द्वारा अप्रोच रोड नहीं बनाने पर विस्तार से चर्चा हुई। मंत्री ने इस योजना से जुड़े सभी विभागों को इसकी प्र्रगति पर ध्यान देने के निर्देश दिए। विधायक कोली ने सेलवाड़ा बांध की सड़क निर्माण और सेलवाड़ा के लिए आए बजट का उपयोग करने की भी बात बैठक में रखी।
-मंत्रियों में कोई विवाद नहीं
बैठक के बाद पत्रकार वार्ता में सिरोही के प्रभारी मंत्री प्रमोद जैन भाया ने कहा कि राजस्थान सरकार के मंत्रियों में कोई मतभेद नहीं हैं। सभी मुख्यमंत्री के नेतृत्व में एकजुट हैं। उन्होंने बाड़मेर में वनमंत्री सुखराम विश्नोई की नाराजगी के वायरल वीडियो पर कहा कि गाडिय़ां खराब होने पर मंत्री कलेक्टर के अलावा किससे मदद मांगेगा। इसलिए वो भी कलेक्टर की मदद लेकर उनकी गाड़ी में कार्यक्रम स्थल से निकले। अब इसका कोई अलग तरह से कयास लगाए तो कोई क्या कर सकता है।
-डीएफएमसी की राशि पर कोली और गरासिया ने जताई आपत्ति
जिले में डीएफएमसी की राशि के असमान वितरण पर रेवदर विधायक जगसीराम कोली और पिण्डवाड़ा-आबू विधायक समाराम गरासिया ने मंत्री के सामने आपत्ति जताई। उन्होंने कहा कि सारा पैसा एक ही विधायक को दे दिया गया है। गरासिया ने कहा कि बिना किसी पूर्व सूचना के बैठक रख दी।

बैठक मे प्रस्ताव पारित करने से पहले हमसे भी प्रस्ताव मांगते। इससे तीनों विधानसभाओं में इसकी राशि का समान वितरण होता। उल्लेखनीय है कि जिले में डीएफएमसी के बजट का अधिकांश हिस्सा सिरोही विधायक संयम लोढ़ा द्वारा अपने विधानसभा में खर्च करवा देने का आरोप समाराम गरासिया पहले भी लगा चुके हैं।

press confrence….