मोदी ने की बारिश-आंधी से प्रभावित परिवारों के लिए सहायता राशि की घोषणा

Modis announce of donations for families affected by rain-storm
Modis announce of donations for families affected by rain-storm

नयी दिल्ली । प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने मध्य प्रदेश, राजस्थान, मणिपुर और देश के विभिन्न हिस्सों में बेमौसम बारिश और आंधी से जान-माल की भारी क्षति पर गहरा दुख व्यक्त करते हुए मृतकों के परिवारों को दो-दो लाख रुपये आर्थिक सहायता प्रदान करने की घोषणा की है।

मंगलवार की रात गुजरात, मध्यप्रदेश, राजस्थान, मणिपुर और देश के विभिन्न हिस्सों में जान-माल की भारी क्षति हुई है। अब तक प्राप्त समाचारों के अनुसार कम से कम 30 लोगों की मौत हो गई है। खेतों में कटी फसल बारिश होने से खराब हुई है और आंधी की वजह से जगह-जगह बड़ी संख्या में पेड़ उखड़ गये हैं।

प्रधानमंत्री कार्यालय के ट्वीटर पर मोदी ने बेमौसम बारिश और आंधी से मारे गये लोगों के प्रति गहरा दुख व्यक्त किया और मृतकों के आश्रितों को प्रधानमंत्री राहत कोष से दो-दो लाख रुपये आर्थिक मदद देने की की घोषणा की। घायलों को 50-50 हजार रुपये की आर्थिक मदद का ऐलान किया गया है। इससे पहले मोदी ने गुजरात में बेमौसम वर्षा और तूफान से जान-माल की क्षति पर गहरा दुख व्यक्त करते हुए अधिकारियों को स्थिति पर निगाह रखने और प्रभावितों को हरसंभव सहायता देने का निर्देश दिया था।

मध्यप्रदेश में आंधी के साथ बारिश अौर बिजली गिरने के कारण कम से कम दस लोगों की मौत होने की सूचना यहां मिली है। मध्यप्रदेश के मुख्यमंत्री कमलनाथ ने इन घटनाओं को बेहद दुखदायी बताते हुए मृतकों के प्रति श्रद्धांजलि अर्पित की है। उन्होंने पीड़ित परिजनों के प्रति संवेदनाएं प्रकट करते हुए कहा कि संकट की इस घड़ी में राज्य सरकार पीड़ित परिवार के साथ है।

राज्य में अब तक दस लोगों के मारे जाने के समाचार हैं। राजधानी भोपाल के अलावा इंदौर, धार, शाजापुर, सीहोर, उज्जैन, खरगोन, बड़वानी, राजगढ़ और अन्य जिलों में कल देर शाम के बाद तेज हवाओं के साथ बारिश हुयी और कुछ स्थानों पर बिजली भी गिरी। भीषण गर्मी के बाद इस तरह मौसम में आए अचानक बदलाव के कारण इंदौर जिले के हातोद थाना क्षेत्र में बिजली गिरने के कारण एक ही परिवार के तीन लोगों की मौत हो गयी।

इंदौर से मिले समाचार के अनुसार निवाड़ी गांव में इस घटना की सूचना के बाद कल देर शाम ही पुलिस बल भी मौके पर पहुंचा और तीनों के शव अपने कब्जे में ले लिए। निवाड़ी गांव में तेज हवाओं और बारिश के बीच बिजली गिरी। इसके अलावा धार, शाजापुर, खरगोन, श्योपुर, सीहोर, रतलाम और राजगढ़ आदि जिलों से भी इसी तरह तेज हवाओं के साथ बारिश और कुछ स्थानों पर बिजली गिरने की घटनाओं की सूचना है। इन स्थानों पर कम से कम सात लोगों की मौत की सूचनाएं हैं।

पूरे प्रदेश में इस बार अप्रैल माह से ही भीषण गर्मी पड़ रही है। तापमान अधिकांश स्थानों पर 42 डिग्री को भी पार गया था, लेकिन कल देर शाम अचानक तेज हवाओं के साथ बारिश होने के कारण अधिकतम और न्यूनतम तापमान में चार से लेकर छह डिग्री तक गिरावट दर्ज की गयी है।

देश के उत्तरी और पश्चिमी हिस्से में कम दबाव का क्षेत्र बनने के कारण मौसम में इस तरह का बदलाव आना बताया जा रहा है। आने वाले एक दो दिनों में भी राज्य में कुछ स्थानों पर हवाओं के साथ बादल गरजने या हल्की बारिश होने की संभावना है।

गुजरात के कई इलाकों में मंगलवार दोपहर बाद आयी आंधी, वर्षा और ओलावृष्टि के बीच जहां तीन महिलाओं समेत कम से कम 11 लोगों की मौत हो गयी वहीं चुनावी मौसम में प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी की बुधवार को होने वाली एक सभा के लिए बनाये गये पंडाल समेत कम से कम दो बड़े पंडाल भी धराशायी हो गये।

राज्य के पाटण, राजकोट, अरावल्ली, बनासकांठा, महेसाणा, अहमदाबाद, गांधीनगर, सुरेन्द्रनगर, मोरबी जिलों के विभिन्न हिस्सों में तेज आंधी, बरसात अथवा ओलावृष्टि हुई। इसके चलते तरबूज, खरबूज और मौसमी सब्जियों की फसल के अलावा कड़ी, राजकोट, राधनपुर समेत विभिन्न मार्केटिंग यार्ड में खुले में रखा गेहूं, धनिया और कुछ अन्य कृषि उपजों को भी नुकसान पहुंचा है।

वर्षा जनित घटनाओं में सर्वाधिक तीन मौतेें महेसाणा में जबकि दो दो बनासकांठा और माेरबी जिलों में हुई हैं। राजकोट जले के खाखराबेला गांव में एक महिला की आंधी में पेड़ गिरने से मौत हो गयी। उधर साबरकांठा जिले के चिंधमाल गांव में बिजली का खंभा गिरने से एक व्यक्ति की मौत हो गयी।

बनासकांठा जिले के आशिया और चाला गांव में दो लोागें की बिजली गिरने से मौत हो गयी जबकि इसी वजह से मोरबी जिले तीथल और गीदज गांव में भी दो लोगों की मौत हो गयी। सुरेन्द्रनगर जिले के ध्रांगध्रा बायपास के निकट एक रेलवे फाटक के बैरिकेड के आंधी में टूट कर गिर जाने से एक महिला की मौत हो गयी। महेसाणा जिले के चांदरडा गांव में पेड़ गिरने से एक व्यक्ति की मौत हो गयी जबकि वीजापुर के मालसणा में बिजली गिरने से एक व्यक्ति की मौत हुई। जिले के ऊंझा क्षेत्र में आंधी के कारण धूल उड़ने से कम हुई दृश्यता के कारण हुई एक सड़क दुर्घटना में सरकारी बस में सवार एक यात्री की मौत हो गयी।

अहमदाबाद के वीरमगाम के वांसवा गांव में एक महिला की बिजली गिरने से मौत हो गयी। उधर धूल के साथ आयी आंधी के कारण उत्तर गुजरात के साबरकांठा जिले के मुख्यालय हिम्मतनगर मे कल होने वाली प्रधानमंत्री की एक चुनावी सभा के लिए लगाये गये विशाल पंडाल को भी खासा नुकसान पहुंचा और यह लगभग धराशायी हो गया। पंडाल का बड़ा हिस्सा आंधी में उड़ गया। वहां पहुंचे गुजरात के गृहराज्य मंत्री प्रदीपसिंह जाडेजा ने कहा कि पंडाल के बड़े हिस्से को नुकसान हुआ है पर कल श्री मोदी की सभा से पहले इसे ठीक कर लिया जायेगा। सभा स्थल पर रखी हजारों कुर्सियां भी आंधी के कारण तितर बितर हो गयी अथवा औंधी पड़ गयी।

इसी तरह दाहोद जिले के वाटबारा गांव में केंद्रीय मंत्री तथा भाजपा प्रत्याशी जसवंत भाभोर की सभा का पंडाल भी तेज हवा के कारण उड़ गया। मौसम विज्ञान केंद्र के अनुसार बेमौसम की यह वर्षा पश्चिमी विक्षोभ के कारण राजस्थान के ऊपर बनी एक चक्रवाती प्रणाली के प्रभाव से हो रही है।
राजस्थान से प्राप्त समाचारों के अनुसार राज्य में कम से कम छह लोगों की मौत हुई है।