माउंट आबू में नेता प्रतिपक्ष पर हमले के आरोपी अरेस्ट, अब ये करने जा रही है सिरोही पुलिस

माउंट आबू में मारपीट में घायल नेता प्रतिपक्ष सुनील आचार्य।
माउंट आबू में मारपीट में घायल नेता प्रतिपक्ष सुनील आचार्य।

सिरोही। सिरोही जिले की माउंट आबू नगर पालिका के नेता सुनील आचार्य पर सामूहिक हमला करने के दो आरोपियों को सिरोही माउंट आबू पुलिस ने मंगलवार को गिरफ्तार कर लिया।

सुनील आचार्य पर सोमवार शाम को नक्की परिक्रमा पथ पर 7-8 हथियारबन्द  लोगों ने जानलेवा हमला किया था। गंभीर रूप से घायल अवस्था में उन्हें राजकीय चिकित्सालय ले जाया गया जहां से उन्हें ग्लोबल हॉस्पिटल में भर्ती करवाया गया था।

माउंट आबू पुलिस ने बताया कि सुनील आचार्य पर हमला करने के आरोप में नामजद राकेश अग्रवाल उर्फ बॉबी और रामनिवास मेघवाल को गिरफ्तार किया गया है। सुनील आचार्य ने राकेश अग्रवाल आदि पर जानलेवा हमला करने का आरोप लगाया था। घटना की तीव्र प्रतिक्रिया को देखते हुए माउंट आबू पुलिस ने इस मामले में मुख्य आरोपी माने जा रहे राकेश अग्रवाल को गिरफ्तार कर लिया है।

पुलिस अधीक्षक कार्यालय से जारी प्रेस नोट के अनुसार माउंट आबू सी ओ योगेश शर्मा के नेतृत्व में आरोपियों की गिरफ्तारी के बाद राकेश अग्रवाल उर्फ बॉबी की हिस्ट्रीशीट खोलने की करवाई भी की जा रही है।

सोसायटी घोटाले में जेल में थे राकेश अग्रवाल

भाजपा के नेता प्रतिपक्ष एक निजी चैनल के संवाददाता सुनील आचार्य पर हमला करने वाले राकेश अग्रवाल उर्फ बॉबी माउंट आबू में ही को-ऑपरेटिव सोसायटी के संचालक था। सिरोही जिले में क्रेडिट को ऑपरेटिव सोसाइटी डूबने के दौर में एक सोसाइटी राकेश की भी थी। इस मामले में राकेश अग्रवाल लंबे समय तक जेल में था। हाल ही में जमानत पर बाहर आया था।

अग्रवाल भाजपा से भी जुड़ा हुआ था और राजनीतिक द्वेष के कारण पूर्व पालिकाध्यक्ष जालमगिरी के साथ मारपीट और अभद्रता करने का आरोप भी उस पर लगा था। पुलिस सम्भवतः इन्हीं पुराने मामलों के प्रकाश में राकेश अग्रवाल की हिस्ट्रीशीट खोलने के कदम बढ़ा रही है।

उपखंड अधिकारी दिए गए थे ज्ञापन

राकेश अग्रवाल उर्फ बॉबी द्वारा सुनील आचार्य से मारपीट के कारण लोगों में रोष था। इसे लेकर जिला भाजपा के अध्यक्ष नारायण पुरोहित के नेतृत्व में भाजपा ने उपखंड अधिकारी ने ज्ञापन दिया। वहीं दूसरी जिले भर के पत्रकारों ने भी इस आरोपियों की शीघ्र गिरफ्तारी के लिए माउंट आबू उपखंड अधिकारी को ज्ञापन दिया।