राष्ट्रपति कोविंद ने आर्मी एयर फोर्स डिफेंस कोर को राष्ट्रपति ध्वज से किया सम्मानित

President Kovind honored the Army Air Force Defense Corps with the President's flag
President Kovind honored the Army Air Force Defense Corps with the President’s flag

गोपालपुर तीनों सेनाओं के सर्वोच्च कमांडर राष्ट्रपति रामनाथ कोविंद ने आर्मी एयर फोर्स डिफेंस की कोर के 25 वर्ष पूरे होने पर उसे राष्ट्रपति ध्वज से सम्मानित किया है।

कोविंद ने शनिवार को गोपालपुर सैन्य अड्डे पर आयोजित एक कार्यक्रम में सम्मानित किया। आर्मी एयर फोर्स डिफेंस कोर ने स्वतंत्र इकाई के रूप में 25 वर्ष पूरे किए हैं।

आर्मी एयर फोर्स डिफेंस कोर की ओर से आर्मी ए डी सेंटर ने राष्ट्रपति ध्वज हासिल किया। राष्ट्रपति ध्वज सशस्त्र सेनाओं की किसी भी रेजीमेंट को दिया जाने वाला सर्वोच्च सम्मान है जिसे शांतिकाल के दौरान राष्ट्र की सुरक्षा के क्षेत्र में दिए गए अभूतपूर्व योगदान के लिए दिया जाता है।

इस अवसर पर एक परेड भी आयोजित की गयी जिसमें आर्मी एयर डिफेंस कोर की एक टुकड़ी ने राष्ट्रपति को राष्ट्रीय सलामी दी।

कोविंद ने अपने संबोधन में राष्ट्र की एकता, अखंडता और संप्रभुता को बनाए रखने में भारतीय सशस्त्र सेनाओं के शानदार योगदान को याद किया।

इस अवसर पर ओडिशा के राज्यपाल गणेशी लाल, सेना प्रमुख जनरल बिपिन रावत और अन्य गणमान्य अतिथि मौजूद थे।

द्वितीय विश्व युद्ध के दौरान एयर डिफेंस के सैनिकों ने बर्मा अभियान, इम्फाल, कोहिमा, बहरीन, इराक और ईरान में चलाए गए विभिन्न अभियानों में बढ़-चढ़कर हिस्सा लिया है। एयर डिफेंस ने कई सैन्य पुरस्कार भी जीते हैं। एयर डिफेंस की स्थापना 1940 में सेना की तोपखानों कोर के रूप में की गयी थी, लेकिन इसे 1994 में ही मान्यता मिल पाई थी।

एयर डिफेंस कोर ने 1971 के भारत-पाकिस्तान युद्ध के दौरान दो अशोक चक्र, दो कीर्ति चक्र, 20 वीर चक्र, नौ शौर्य चक्र और 113 सेना पदक जीते थे।

ओडिशा के दो दिनों के दौरे पर आए राष्ट्रपति भुवनेश्वर होते हुए नयी दिल्ली के लिए रवाना हो गए।