पुष्कर कार्तिक मेला : पशुपालकों से पशुमेले में न आने का अनुरोध

अजमेर। राजस्थान में अजमेर के तीर्थराज पुष्कर में पशुपालन विभाग द्वारा स्थगित किए गए श्री पुष्कर पशु मेला 2020 में भाग लेने के लिए पशुओं को लेकर पहुंच रहे पशुपालकों से पुष्कर के उपखंड अधिकारी दिलीप सिंह राठौड़ ने न आने का अनुरोध किया है।

राठौड़ ने आज मीडिया से बातचीत में कहा कि कोरोना संक्रमण के चलते राज्य सरकार ने ख्याति प्राप्त पुष्कर पशु मेला स्थगित कर दिया है, लिहाजा कोई भी पशुपालक कहीं से भी अपने पशुवंश को लेकर पुष्कर नहीं आए।

पशुपालक किसी भ्रम अथवा धोखे में न रहे क्योंकि पुष्कर में उनके प्रवेश पर प्रतिबंध रहेगा। लिहाजा उन्हें बेवजह आने जाने की परेशानी के साथ साथ आर्थिक खर्च भी उठाना पड़ेगा। उन्होंने बताया कि जानकारी के अभाव में कुछ पशुपालक ऊंटों को लेकर पुष्कर पहुंचे जिन्हें लौटा दिया गया।

उधर, पुष्कर में एकादशी 25 नवंबर से शुरू होने वाले पंचतीर्थ स्नान में पवित्र सरोवर में स्नान के लिए पहुंचने वाले श्रद्धालुओं को भी प्रशासन चुनौती के रूप में ले रहा है। पुष्कर में भीड़ को नियंत्रित करने के लिए पूरे मेला क्षेत्र से अस्थाई अतिक्रमणों को हटाने का काम युद्धस्तर पर किया गया। पंचतीर्थ स्नान 30 नवंबर को कार्तिक पूर्णिमा के साथ संपन्न होगा।

उल्लेखनीय है कि सरकार की ओर से पुष्कर मेले पर बजट आवंटित न होने के चलते अब तक पुष्कर सरोवर के घाटों पर भी किसी तरह की कोई तैयारी नहीं की गई है। इसके बावजूद बडी संख्या में श्रद्धालू आ रहे हैं।