जब तक सृष्टि रहेगी, राम तुम्हारी गाथा अमर रहेगी…

अजमेर। राष्ट्रीय कवि संगम अजमेर जिले की श्रीराम काव्यपाठ राष्ट्रीय प्रतियोगिता का दूसरे दिवस पर भगवान राम पर आधारित कविताओं का वाचन किया गया। सुप्रसिद्ध साहित्यकार डॉ. ब्रिजेश माथुर एवं राजेश भटनागर ने निर्णायक के रूप में अपनी भूमिका अदा की। प्रतियोगिता के संचालन महामंत्री नरेन्द्र कुमार भारद्वाज ने मां सरस्वती का वंदन करते हुए प्रतिभागियों का स्वागत सत्कार किया।

संयोजक लव कुमार गोयल ने बताया कि श्रीराम की महिमा, उदारता, शक्ति और शील सौंदर्य का वर्णन कवि, रचनाकार द्वारा लिखित कविताओं को प्रस्तुत करते हुए सर्वप्रथम उम्मेद सिंह तोमर ने रचनाकार कवि कन्हैया लाल मधुकर की रचना राम गुण गा, देव दुर्लभ…, पुष्पा क्षेत्रपाल ने अपनी प्रस्तुति देते हुए सारा जग है प्रेरणा, भाव सिर्फ राम है…, किशनगढ़ से संतोष पारीक ने राम राज्य आने वाला है…, सुमन शर्मा ने राम का आज होगा पुनः आगमन, ओ आयोध्या तुझे सौ-सौ नमन…, देवदत्त शर्मा द्वारा उनके पिता द्वारा रचित जब तक सृष्टि रहेगी, राम तुम्हारी गाथा अमर रहेगी… की सुरीली और औजस्वी प्रस्तुतियों द्वारा सभी प्रतिभागियों ने अपनी साधना को व्यक्त किया।

संस्था के अध्यक्ष ललित कुमार शर्मा ने बताया कि कोविड महामारी के कारण आर्थिक, सामाजिक एवं सांस्कृतिक विषमताओं के कारण कोई भी कार्यक्रम संभव नहीं हो पा रहे है, ऐसी विषम परिस्थियों में राष्ट्रीय कवि संगम द्वारा आयोजित भगवान श्रीराम काव्य पाठ प्रतियोगिता संजीवनी का काम कर रहा है। शहर में वातावरण राममय होता जा रहा है। शहरवासी उत्साह पूर्वक इस प्रतियोगिता में अपनी भागीदारी के लिए उत्सुक हो रहे हैं। जाने माने कवियों और नव रचनाकारों की रचनाओं से शहरवासियों को राम महिमा से जुड़ी कविताओं से अवगत कराया जा रहा है।

संस्था के संयोजक लक्ष्मी नारायण सोनगरा ने प्रतिभागियों व निर्णायकों को धन्यवाद देते हुए कहा कि आज हमारे जीवनकाल में ऐतिहासिक श्रीराम मंदिर का निर्माण प्रारंभ हो चुका है, जो कि हमारे लिए बहुत ही भाग्य की बात है। अधिक से अधिक हम सब जुड़कर अपना कविता पाठ करें एवं नये कवि व रचनाकार अपनी प्रतिभा को जन साधारण के समक्ष लेकर आए व श्रीराम के चरणों में काव्य रूपी अपनी प्रस्तुतियों को अर्पित करते हुए भगवान श्रीराम का आशिर्वाद प्राप्त करे।

डॉ. अशोक मिश्रा ने बताया कि 3 अगस्त को दोपहर 2 बजे से अन्य प्रतिभागियों को जोड़कर ऑनलाइन प्रतियोगिता जारी रहेगी। कविता में रूचि रखने वाले काव्य प्रतियोगिता में अधिक से अपना नाम, आयु, एक पासपोर्ट आकार का नवीन फोटो, घर का पता, मोबाइल और व्हाट्सएप का नम्बर संयोजक 9214435610, 9828067253, 9829083650, 9413719090 को दी जा सकती है। जिसमें किसी भी प्रकार की आयु सीमा का बंधन नहीं है। जिले भर से प्रतिभागी भाग लेने के लिए उत्सुक है।

गोयल ने सभी प्रतिभागियों से अपनी प्रविष्टि सुनिश्चित कराने का निवेदन किया है। यह प्रतियोगिता जिला, प्रांत व राष्ट्रीय स्तर पर चरणबद्ध प्रतियोगिता में विजेताओं को नगद पुरस्कार दिये जाऐगें व सभी प्रतिभागियों को ऑन लाईन प्रमाण पत्र देने की भी संस्था द्वारा प्रावधान किया गया है। व इसका प्रसारण यू-ट्यूब व फेसबुक के ऑन लाईन पॉर्टल पर किया गया। निर्णायकों ने अपनी रचनाओं को पाठ करते हुए सभी प्रतिभागियों के उज्जवल भविष्य की कामना की।