सिन्धु दर्शन तीर्थयात्रा लेह लद्धाख का जून में प्रस्तावित सिन्धु महाकुम्भ स्थगित

अजमेर। सिन्धु दर्शन तीर्थयात्रा लेह लद्धाख को 25 साल पूरे होने पर रजत जयंती वर्ष 2021 के तहत जून माह में आयोजित होने वाले प्रथम सिन्धु महाकुम्भ को कोराना महामारी के कारण स्थगित कर दिया गया है। उक्त निर्णय भारतीय सिन्धु सभा की केन्द्रीय पदाधिकारियों की बैठक में मार्गदर्शक इन्द्रेश कुमार ने मार्गदर्शन में लिया गया। बैठक की अध्यक्षता राष्ट्रीय अध्यक्ष लधाराम नागवाणी ने की।

राष्ट्रीय मंत्री महेन्द्र कुमार तीर्थाणी ने बताया कि बैठक में विचार किया गया तीर्थयात्रा का आयोजन अगस्त या सितम्बर 2021 में किया जाना प्रस्तावित है। तीर्थयात्रा के राष्ट्रीय अध्यक्ष मुरलीधर माखीजा ने बताया कि यात्रा के आनलाइन पंजीयन करवाया जा रहा है एवं लेह ल़द्धाख के साथ जम्मू, श्रीनगर कारगिल, मनाली, चण्डीगढ में कार्यकर्ताओं को जिम्मेदारी देकर तैयारियां की गई है।

इन्द्रेश कुमार ने कहा सिन्धु माता की पूजा अर्चना, बहिराणा साहिब की पूजन के साथ एकता, अखण्डता, सदभाव एवं समन्वय का प्रतीक सिन्धु दर्शन उत्सव आयोजित होगा, इस अवसर पर लक्षमी का प्रतीक चांदी का सिक्का पूजन कर वितरित किया जाएगा व अखण्ड भारत के संकल्प से हमारी भागीदारी होगी।

कार्यकारी अध्यक्ष भगतराम छाबडा ने कहा कि सफल आयोजन के लिए केन्द्र स्तर पर स्वागत समिति में विभिन्न प्रमुख समाजसेवी व संत महात्माओं को जोडा गया है। भारतीय सिन्धु सभा के साथ विभिन्न संगठनों की भागीदारी से सिन्धु दर्शन तीर्थयात्रा का आयोजन किया जाता है।

बैठक में तुलसी टेकवाणी, मुकेश लखवाणी, डाॅ. मायाबेन कोडनाणी, राजेश आसवाणी, मोहनलाल वाधवाणी, सुरेश हेमनाणी, चेतन तारवाणी, गौतम सम्राट, रेवाचंद नारवाणी, राधाकृष्ण भाग्यिा, वीरू डूलाणी, नरेश जोतवाणी सहित केन्द्रीय पदाधिकारी उपस्थिति थे।