महात्मा गांधी की हत्या की फिर से जांंच संबंधी याचिका खारिज

Supreme Court dismisses PIL to reopen Mahatma Gandhi assassination case, says there’s ‘no merit’ in petition

नई दिल्ली। सुप्रीमकोर्ट ने महात्मा गांधी की हत्या के मामले को फिर से खुलवाने संबंधी मुंबई के एक आईटी पेशेवर की जनहित याचिका बुधवार को खारिज कर दी।

राष्ट्रपिता की हत्या के मामले को फिर से खुलवाने की याचिका सूचना प्रौद्योगिकी पेशेवर याचिकाकर्ता डॉ. पंकज राज कुमुदचन्द्र फडनीस ने दायर की है। न्यायाधीश एस ए बोबडे की अध्यक्षता वाली दो सदस्यीय खंडपीठ ने डॉ. फडनीस की याचिका खारिज कर दी।

सर्वोच्च न्यायालय के दो न्यायाधीशों की खंडपीठ ने याचिका पर सुनवाई करते हुए कहा कि हमने याचिकाकर्ता डॉ. कुमुदचन्द्र फडनीस की ओर से दायर की गयी याचिका को खारिज कर दिया है। उनकी याचिका सुनवाई योग्य नहीं है।

डॉ. फडनीस ने अपनी याचिका में दावा किया था कि महात्मा गांधी की मौत की जांच होनी चाहिए क्योंकि उनके हत्यारे की ओर से अभी तक राष्ट्रपिता को चाैथी गोली मारी जाने की बात पूरी तरह से मिथक है।

शीर्ष अदालत ने याचिकाकर्ता की याचिका को खारिज करते हुए कहा कि यह दायित्वपूर्ण नहीं है और वह गांधी जी की हत्या को दोबारा खुलवाने के मामले में पर्याप्त सबूतों को इकट्ठा करने में असफल रहा है।