जयपुर में मंदिर का चबूतरा तोड़ने पर नेताओं की सियासत

जयपुर। राजस्थान के जयपुर में रेलवे लोको कालोनी स्थित एक मंदिर के समीप बने चबूतरे की दीवार रेलवे अधिकारी के मौखिक आदेश पर तोड़ना चुनावी माहौल में राजनीतिक मुद्दा बन गया।

प्रदेश में चुनावी माहौल के चलते आनन फानन में कांग्रेस और भाजपा के नेता भी घटनास्थल पर पहुंचे और घटना को लेकर अपने अपने अंदाज में बयान देने के साथ कुछ देर धरने पर भी बैठे।

जयपुर के सांसद रामचरण बोहरा तथा क्षेत्रीय विधायक अरूण चतुर्वेदी ने घटनास्थल पर पहुंचने के बाद रेलवे के आला अधिकारियों से बातचीत करने के बाद आक्रोशित स्थानीय निवासियों को जल्द ही इस गलती का सुधारने का आश्वासन दिया। बोहरा ने कहा कि रेलवे के महाप्रबंधक तथा मंडल प्रबंधक से इस संबंध में बात कर ली गई है और घटना की जांच की जा रही है।

चतुर्वेदी ने कहा कि मंदिर वर्षाे पुराना है और यह लोेगो की आस्था का विषय है। मौके पर जमा लोगों की भीड़ ने इस तोड़फोड़ का विरोध करते हुए कहा कि चबूतरे से वाहनो के आवागमन में किसी तरह की परेशानी नहीं होती। कांग्रेस नेता प्रताप सिंह खाचरियावास ने आरोप लगाया कि इस घटना को भाजपा चुनावी मुद्दा बनाना चाहती है।