महाराष्ट्र में हे प्रसिद्ध हिल स्टेशन पंचगनी, जो भी जाता हे मंत्रमुग्ध हो जाता हे

The famous hill station Panchgani in Maharashtra gets Charmed if you go
The famous hill station Panchgani in Maharashtra gets Charmed if you go

दोस्तों गर्मिया आ चुकी हे। और आप लोग ज़रूर किसी न किसी हिल स्टेशन जाने की सोच रहे होंगे दोस्तों आज हम आपको ऐसे स्टेशन के बारे में बता रहे हे। जहा जाकर आप मंत्रमुग्ध हो जाओगे और प्रकृति की भाहो में अपने आप को भूल जाओगे।

महाराष्ट्र के सतारा स्थित प्रसिद्ध हिल स्टेशन है पंचगनी। इस स्थल की खोज ब्रिटिश लोगों के द्वारा की गयी थी। ब्रिटिश यहाँ पर अपनी गर्मियों की छुटि्टयां गुजारना पसंद करते थे। यह उल्लेख मिलता है कि 1860 के दशक में यहां जॉन चेस्सन नामक एक अंग्रेज अधीक्षक नियुक्त हुआ था। वह पश्चिमी दुनिया के बहुत सारे पौधों की प्रजातियां यहां लेकर आये। अंग्रेजों के समय भले ही गर्मियों के मौसम में यहां लोगों की भीड़ रहती थी लेकिन मानसून के समय यहां रहने लायक स्थिति नहीं होती थी।

पंचगनी का अर्थ है पाँच पहाड़ियाँ और यह समुद्र सतह से लगभग 1,350 मीटर की ऊँचाई पर स्थित है। यहाँ का शांत और ठंडा मौसम गर्मियों के मौसम में खासतौर पर पर्यटकों को अपनी ओर आकर्षित करता है। यहाँ के पहाड़ जादुई झरनों और सँकरे, छोटी तथा घुमावदार धाराओं से आच्छादित हो जाते हैं। यहाँ घूमने के लिए सबसे सही समय सितंबर से मई तक है जब मानसून धीमा पड़ जाता है। ठंड में पंचगनी का तापमान 12 डिग्री सेल्सियस होता है और गर्मियाँ भी मुख्य रूप से ठंडी होती हैं।

हालांकि जून से सितंबर के भारी वर्षा के दिनों में भी परिवार और पर्यटक इस जगह पर आते हैं। पंचगनी के बुनियादी ढाँचे को विकसित करने के लिए चेस्सन ने विभिन पेशेवरों को यहाँ बसाया जिसमें दरजी, धोबी, कसाई, सब्जी विक्रेताओं, बिल्डिंग ठेकेदार इत्यादि प्रमुख थे।

उनको बाज़ार के नीचे वाले क्षेत्र को आवंटित किया गया एवं यह ग्राम स्थान के नाम से जाना जाता था। चेस्सन को सेंट पीटर चर्च के कब्रिस्तान में दफन किया गया है। पंचगनी पुणे से दो घंटे की दूरी पर स्थित है और गोवा से आने वाले यात्रियों के लिए यह बीच में रुकने की एक जगह है। यहाँ रहने के लिए कई सुविधाएं हैं जिसमें होटल, घर और शिविर इत्यादि शामिल हैं।