लोढ़ा समर्थकों पर पुलिस ने इसलिए छोड़े अश्रुगैस के गोले, टोल में मिली ये राहत

सिरोही में एनएचएआई पर उथमण में मौजूद टोल नाके पर धरना देते विधायक संयम लोढ़ा और उनके समर्थक।
सिरोही में एनएचएआई पर उथमण में मौजूद टोल नाके पर धरना देते विधायक संयम लोढ़ा और उनके समर्थक।

सबगुुरु न्यूज-सिरोही। संभवत: प्रदेश के सबसे महंगे टोलनाके पर आर जे 24 नम्बर की गाडिय़ों के छह साल से हो रहे आर्थिक शोषण से मुक्ति मिलेगी। एनएचएआई के उथमण स्थित टोल नाके पर अब सिरोही जिले की पासिंग की गाड़ी वाला साधारण नागरिक भी एक रुपये तिमाही टोल देकर स्मार्ट कार्ड ले सकेगा।

टोल संचालन कम्पनी के अधिकारियों के साथ बैठक के बाद सिरोही विधायक संयम लोढ़ा ने यह जानकारी लोगों को दी। पुलिस अधीक्षक ने बताया कि भीड़ टोल की तरफ बढऩे लगी इस कारण अश्रुगैस के गोले छोडऩे पड़े। पुलिस अधीक्षक ने बताया कि इसके कानूनी पहलूओं की जांच करके आगे की कार्रवाई अमल में लाई जाएगी। धरने में कांग्रेस के एसोसिएट मेंबर संयम लोढ़ा के समर्थकों के अलावा जिले के कांग्रेस के पदाधिकारी व कार्यकर्ता भी मौजूद थे।
चुनाव के दौरान सिरोही विधायक संयम लोढ़ा ने जो वायदा किया था, उसमें यह वादा भी शामिल था कि उथमण टोल नाके पर आरजे 24 नम्बर की गाडिय़ों को निशुल्क या नगण्य शुल्क टोल में लिया जाए। विधानसभा सत्र खतम होने के बाद लोढ़ा ने इस संदर्भ में जिला कलक्टर से वार्ता की। इसके लिए ज्ञापन भी दिए।

लेकिन, कागज आदान-प्रदान और चर्चाओं से बात नहीं बनी। इस पर संयम लोढ़ा ने शनिवार को सिरोही शिवगंज समेत जिले के वाहन चालकों से उथमण टोल नाके पर पहुंचने का आह्वान किया। शनिवार को सवेरे करीब दस बजे से लोग वहां जमा होने लगे। धरने के दौरान यातायात जाम हो गया। कथित रूप से इस बीच टोल संचालक कम्पनी ने कार्मिकों द्वारा एकाएक एम्बुलेंस लाई गई तो जब स्थिति बिगडऩे को हुई तो पुलिस ने धरना स्थल पर बैठे लोढ़ा समर्थकों पर अश्रुगैस के गोले दागे।

इस पर लोढ़ा समर्थकों में आक्रोश और बढ़ गया। धरना बढ़ा तो टोल नाके पर यातायात प्रभावित हुआ और जाम की स्थिति बन आई। बाद में जिला कलक्टर सुरेन्द्र कुमार और पुलिस अधीक्षक वहां पहुंचे। उनकी मौजूदगी में टोल संचालक कम्पनी के अधिकारियों के साथ विधायक संयम लोढ़ा की वार्ता हुई। फिलहाल इस प्रकरण में हाइवे जाम को लेकर कोई एफआईआर दर्ज नहीं करवाई गई है।
स्थानीय लोगों द्वारा टनल के 2014 में बंद होने के कारण जिला कलक्टर कार्यालय में 133 की कार्रवाई अमल में लाई गई थी। इस दौरान तत्कालीन टोल संचालक कम्पनी ने जिला कलक्टर वी सरवन के सामने सुनवाई के दौरान स्थानीय लोगों को एक रुपये सालाना में स्मार्ट कार्ड देने की बात कही थी।

उस दौरान यह स्मार्ट कार्ड दिए भी थे। इसके बाद कांग्रेस पदाधिकारियों ने भी टोल नाके पर धरना दिया था। उस दौरान स्थानीय विधायक ओटाराम देवासी मध्यस्थता के लिए पहुंचे थे। तब भी यह तय हुआ था कि एक रुपये प्रति तीन माह शुल्क पर स्मार्ट कार्ड दिया जाएगा। कई लोगों का ेमिला भी, लेकिन इस बीच गाडिय़ा बढती गई तो वह इस स्मार्ट कार्ड सुविधा से वंचित रही।

पुराने कई स्मार्ट कार्ड धारको को भी इस सुविधा से वंचित करते हुए राजनीतिक और प्रशासनिक रसूखातों के आधार पर स्थानीय वाहनों को टोल में राहत दी गई। इस कारण लोढ़ा ने टोल को चुनावी मुद्दा बनाया था, इस निर्णय से उनके विधानसभा क्षेत्र के सिरोही और शिवगंज दोनों जगहों के लोगों को लाभ मिलेगा। इस टोल पर आने जाने का छोटे निजी वाहनों से एक बार का करीब 145 रुपये टोल लिया जाता है। इसमें सिरोही स्थिति टनल का टोल भी जोड़ा जाता रहा।
-इन मुद्दों पर बनी सहमति
धरने के बाद जिला कलक्टर, पुलिस अधीक्षक, एनएचएआई, टोल संचालक कम्पनी तथा विधायक लोढ़ा के बीच वार्ता हुई। विधायक संमय लोढ़ा ने बैठक के बाद बताया कि सिरोही तहसील, शिवगंज तहसील और सुमेरपुर नगर पालिका के सभी चारपहिया निजी वाहन सिर्फ 1 रुपए में जाएंगे। इसके लिए 29, 30, 31 अगस्त को सुबह 9 बजेसे शाम को 6 बजे तक स्पेशियल कैम्प लगेगा, जिसमें स्मार्ट कार्ड या पास बनेंगे। स्थानीय वाणिज्यिक वाहनो को250/- रूपये मासिक शुल्क पर पास देनेके मामले में सहमति प्रकट की लेकिनअन्तिम निर्णय कम्पनी बोर्ड विचारविमर्श कर 15 दिन में बतायेगी।
टोल नाके पर रोड के दोनों साइड चार पहिया गाड़ीके सर्विस रोड बनाने, एम्बुलेंस एवं अग्निशमन के आने जाने के लिए अलग से खास गार्ड रखने, दु पहिया वाहन लेन को 5 फिट करने, अगले 15 दिन में पिंडवाड़ा सेशिवगंज तक के सारे गड्ढे भरे जाने पर सहमति बनी। इसके अलावा अगले 4 महीने में पूरे पिंडवाड़ा से शिवगंज तक के रोड पर कारपेटिंग करने, टनल के उपर ड्रेनेज सिस्टम बनाने टनल के उपर पहाड हेतु उस पर जालिया लगाने, टनल के उपर पोरटल बनाने पर भी सहमति हुई।

लोढ़ा ने बताया कि पोसालिया पुल पर बडे वाहन नही मुड पाने के प्रकरण को कन्सल्टेन्ट को सौपेगे और उसकी रिपोर्ट के आधार परकार्यवाही करेगे, ग्रामीण क्षेत्र के पुल में पानी निकासीन होने की मांग को भी कन्सल्टेन्ट कोसौपेगे, टोल नाके पर पशु एम्बुलेन्स कीव्यवस्था करेगे तथा पिण्डवाडा के झांकर में सिल्प रोड का निर्माण करवायेगे।

-पहले और अब में अंतर
टोल को लेकर अब तक जो भी धरने प्रदर्शन और राजनीति हुई उसमें और लोढ़ा के धरने के बाद हुए निर्णय में बहुत अंतर है। पूर्व में जहां सिरोही टोल के चारों ओर के पंद्रह किलोमीटर दायरे के लोग इसका फायदा ले पाते थे तो अब सिरोही और शिवगंज के अलावा सुमेरपुर नगर पालिका के निजी वाहन चालकों को भी फायदा मिलेगा।

इसके अलावा सडक़ के तकनीकी पहलुओं पर इतनी गहराई से कभी चर्चा और निर्णय नहीं हुआ। जो हुआ उसमें भी टोल संचालक कंपनी ने नेताओं की कोहनी पर गुड ही लगाया। अब लोढ़ा के सामने यह चुनौति है कि पूर्व विधायक की तरह टोल संचालक उनकी कोहनी पर भी गुड लगाते हैं या वो सभी बिंदुओ पर समयबद्ध तरीके से अमल करवा लेते हैं।

-भाजपा का ये दावा
इधर, टोल नाके पर हुए धरने के बाद भाजपा में भी खलबली है। सोशल मीडिया पर इस बात की जंग छिड़ गई है कि उन्होंने पहले ही एक रुपये का स्मार्ट कार्ड जारी करवाया था। ये बात अलग है कि टोल और सडक़ की तकनीकी खामी पर कोई कुछ नहीं बोला। वहीं हाइवे जाम को लेकर पूर्व में भाजपाइयों पर हुई एफआईआर और इस धरने के बाद कोई एफआईआर दर्ज नहीं होने पर भी आपत्ति जताई।