राजस्थान के कण-कण में बलिदान और शौर्य : वसुंधरा राजे

Vasundhara Raje at marwad alankaran function in jodhpur
Vasundhara Raje at marwad alankaran function in jodhpur

जोधपुर। राजस्थान की मुख्यमंत्री वसुन्धरा राजे ने राज्य के कण-कण में बलिदान और शौर्य बताते हुए कहा है कि युवाओं को प्रदेश के गौरवशाली इतिहास और बलिदान को समझने की जरूरत है।

राजे शनिवार को यहां न्यूज-18 राजस्थान की ओर से वीरांगनाओं एवं विभिन्न प्रतिभाओं के सम्मान में आयोजित मारवाड़ अलंकरण समारोह में बोल रही थीं। उन्होंने कहा कि इसी कारण राजस्थान सबसे अलग है। उन्होंने कहा कि सरहद पर बड़ी संख्या में राजस्थान के सैनिक शहीद हुए हैं। इनके परिवारों ने हंसते-हंसते देश के लिए त्याग किया है।

उन्होंने कहा कि सेना में प्रदेश के परिवारों का महत्वपूर्ण योगदान है, जिसे कभी नहीं भुलाया जा सकता। उन्होंने कहा कि मैं ऎसे मंच पर आकर सर झुकाती हूं, जहां एक साथ वीरांगनाओं, संत एवं प्रतिभाओं के दर्शन हुए हैं जिन्होंने राजस्थान की आन-बान-शान को बढ़ाया है।

राजे ने इसरो में चयनित बाड़मेर के चूनाराम, स्टार्ट अप के लिए युवा वैज्ञानिक उस्मान खान एवं सचिन दुबे, बाल विवाह निरस्त कराने वाली जोधपुर की कृति भारती, साफा कला को मशहूर करने वाले जोधपुर के शेरसिंह साफा, पर्यावरण प्रेमी राणाराम विश्नोई, इतिहासकार नंदकिशोर शर्मा, पांच युद्धों में शौय का प्रदर्शन करने वाले सौ वर्षीय कैप्टन जोधसिंह, वैद्य वृंदावनलाल शर्मा, मिट्टी के बरतन से रोजगार देने वाली टीकू देवी गरासिया, ग्रेनाइट उद्योग को पहचान दिलाने वाले मदनराज बोहरा और पर्यटन के क्षेत्र मेंं योगदान करने वाले जैसलमेर के जितेन्द्रसिंह राठौड तथा अन्य प्रतिभाओं के योगदान को सराहा।

न्होंने जोधपुर की एथलीट स्नेहा जैन, जैसलेमर के सूफी गायक सावन खान, सामाजिक कार्यकर्ता एवं सिरोही की जिला प्रमुख पायल परसरामपुरिया तथा तमिलनाडु मेें एडीजी बाड़मेर के सांगाराम जांगिड़ के उल्लेखनीय कार्यों की भी प्रशंसा की। मुख्यमंत्री ने इन सभी को मारवाड़ अंलकरण से सम्मानित किया।

इस अवसर पर उन्होंने सैन्य अलकंरण से सम्मानित हुए शहीदों के परिजनों से भी मुलाकात की। समारोह में केन्द्रीय नागरिक आपूर्ति राज्य मंत्री सी आर चौधरी, राज्य के जनस्वास्थ्य एवं अभियांत्रिकी मंत्री सुरेन्द्र गोयल, वन एवं पर्यावरण मंत्री गजेन्द्रसिंह खींवसर, सार्वजनिक निर्माण मंत्री युनूस खान, सहकारिता मंत्री अजय सिंह किलक, ऊर्जा राज्य मंत्री पुष्पेन्द्र सिंह राणावत तथा राजस्व राज्य मंत्री अमराराम चौधरी भी मौजूद थे।