बीबीसी के पूर्व पत्रकार कैलाश बुधवार की लंदन में अंत्येष्टि

लंदन। ब्रिटिश ब्रॉडकास्टिंग कॉरपोरेशन के पूर्व पत्रकार एवं प्रसिद्ध लेखक कैलाश बुधवार की शनिवार को यहां अंत्येष्टि कर दी गई। बुधवार का निधन गत 11 जुलाई को हुआ था लेकिन ब्रिटेन के नियमों के अनुसार सरकार से अनुमति और समय मिलने के बाद ही अंत्येष्टि संपन्न की जाती है इसलिए कल उनकी अंत्येष्टि की अनुमति मिल पाई।

ग्यारह अप्रैल 1932 को जन्में बुधवार बीबीसी की हिंदी सेवा के प्रमुख थे। उन्हें धार्मिक अनुष्ठानों में किसी प्रकार का विश्वास नहीं था इसलिए उनकी अंतिम यात्रा के लिये किसी पुजारी को आमंत्रित नहीं किया गया। अंत्येष्टि के समय उनकी पत्नी विनोदिनी के अलावा, बेटियां ममता, अर्चना और धुन और पुत्र अभिनय बुधवार अपने-अपने परिवारों के साथ वहां मौजूद थे।

बुधवार का अंतिम संस्कार भारतीय समय के अनुसार शाम सात बजे चिलटर्न क्रेमेटोरियम, एमेरशैम में किया गया। कोविड-19 के चलते अंतिम संस्कार के लिए केवल 30 व्यक्तियों के इकट्ठे होने की इजाज़त दी गई थी। परिवार एवं रिश्तेदारों के अतिरिक्त केवल बीबीसी के पूर्व पत्रकार विजय राणा मौजूद थे। वीडियो कांफ्रेंसिंग के ज़रिये अंतिम संस्कार पूरे विश्व में देखा गया। कार्यक्रम का संचालन उनके सुपुत्र अभिनय बुधवार ने किया।

राणा ने कैलाश जी के साथ बीबीसी के अपने दिनों की यादें साझा कीं। कैलाश जी ने किस तरह बीबीसी में नौकरी के लिए उनका इंटरव्यू दिल्ली के एक पांच सितारा होटल में लिया और किस तरह उन्हें एक प्राध्यापक से मीडियाकर्मी बनाने में किरदार अदा किया। कैलाश जी के कार्यक्रम में पृथ्वीराज कपूर भी अपने पत्र भेजते थे।

प्रवासी हिंदी लेखक तेजिंदर शर्मा ने बताया कि कैलाश जी को ब्रिटेन की सभी हिन्दी से जुड़ी संस्थाएं बहुत सम्मान देती हैं इसलिए यूके हिन्दी समिति, वातायन, एशियन कम्यूनिटी आर्ट्स, गीतांजलि बहुभाषीय समूह बर्मिंघम, काव्यरंग नॉटिंघम, काव्यधारा और गुरूकुल की ओर से उन्हें याद किया गया। इंडियन जर्निलस्ट्स एसोसिएशन एवं कॉमनवेल्थ जर्निलिस्ट्स एसोसिएशन की ओर से दिये गये बयान साझा किये। कथा यूके से जुड़े संस्मरण याद किए गए।

बुधवार को साहित्यकारों, पत्रकारों के अतिरिक्त भारत के विदेश मंत्रालय से विकास स्वरूप, विरेन्द्र शर्मा ब्रिटिश सांसद, लॉर्ड मेघनाद देसाई, लॉर्ड रमी रेंजर, बैरोनेस श्रीला फ़्लैदर, बैरोनेस उषा पराशर, भारतीय उच्चायोग के मंत्री समन्वय मनमीत सिंह नारंग, केन्द्रीय हिन्दी संस्थान के उपाध्यक्ष अनिल शर्मा जोशी, हिन्दी अधिकारी तरुण कुमार एवं बीबीसी के मार्क टली के संदेश प्राप्त हुए।