2019 में सरकार बनी तो किसानों का कर्ज 10 दिन में माफ कर देंगे : राहुल गांधी

Will Waive Farmer Loans Within 10 Days Of Coming To Power says Rahul Gandhi

कलबुर्गी। कांग्रेस अध्यक्ष राहुल गांधी ने किसानों का कर्ज माफ नहीं करने के लिए प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी पर तीखा हमला करते हुए कहा कि वर्ष 2019 में केन्द्र में कांग्रेस की सरकार बनती है तो किसानों का कर्ज 10 दिन में माफ कर दिया जाएगा।

गांधी ने यहां विशाल चुनावी सभा को संबोधित करते हुए कहा कि वर्ष 2019 में कांग्रेस सत्ता में आती है तो 10 दिन के अंदर हम किसानों का कर्ज माफ करके दिखा देंगे।

उन्होंने आरोप लगाया कि मोदी सरकार ने चार साल में किसानों का एक रुपया माफ नहीं किया। अब एक साल बचा है और इसमें वह एक रुपया भी माफ नहीं करेगी। यह आश्चर्य की बात है कि मोदी ढाई लाख करोड़ रुपए देश के सबसे अमीर लोगों का माफ कर सकते हैं, लेकिन किसानों का एक रुपया माफ नहीं कर सकते हैं।

गांधी ने प्रधानमंत्री पर दूसरों की उपलब्धियाें का श्रेय लेने का अारोप लगाया और कहा कि केन्द्र की भारतीय जनता पार्टी (भाजपा) नीत राष्ट्रीय जनतांत्रिक गठबंधन(राजग) सरकार वर्ष 2014 में किए गए चुनावी वादों को पूरा करने में विफल रही है।

गांधी ने कहा कि माेदी अादतन झूठ बाेलते हैं, उनके भाषणाें से समुदायाें में बंटवारा हाेता है अाैर नफरत फैलती है। भाजपा के लाेग दलिताें, अल्पसंख्यकाें अाैर अन्य असहाय समुदाय के लोगों काे मारते हैं। लेकिन माेदी इस पर चुप्पी साधे हुए हैं। वह स्वयं काे लेकर शेखी बघारते अाैर दूसराें के किए कार्याें का श्रेय स्वयं को देते हैं। वह अपने राजनीतिक विराेधियाें का अपमान करते हैं।

गांधी ने कहा कि प्रधानमंत्री मोदी अपनी जनसभाअाें में दलिताें का जिक्र करना कभी नहीं भूलते। लेकिन वह तब खामाेश रहते हैं जब उनकी पार्टी के कार्यकर्ता दलित पर हमला करते हैं। उन्हाेंने कहा कि हालांकि माेदी ने दार्शनिक एवं सामाजिक सुधारक बसवन्ना के उक्तियाें काे उल्लेख करते हुए शपथ ली थी, लेकिन उन्हाेंने काम इसके विपरीत किया।
उन्हाेंने कहा कि बसवन्ना ‘नुदीदन्ते नादे’ सिद्धांत यानी अाप जाे उपदेश देते हैं उसी के अनुरूप कार्य करें, में यकीन करते थे।

किसानाें की समस्याअाें का हवाला देते हुए मैं कर्ज माफ करने की माेदी से अाग्रह करता रहा हूं। लेकिन उन्हाेंने इसका जवाब देने की जहमत तक नहीं उठाई। मेरे अाग्रह पर सिद्दारमैया से किसानाें के कृषि कर्ज माफ कर दिए अाैर किसानों को 8,000 कराेड रुपए कर्ज आवंटित किए, क्याेंकि वह ‘नुदीदन्त नादे’ के सिद्धांत में विश्वास करते हैं।

माेदी सरकार में महिलाअाें के खिलाफ उभरते ग्राफ काे लेकर हमला बाेलते हुए गांधी ने कहा कि पहले सरकार का नारा हाेता था- ‘बेटी बचाअाे बेटी पढाअाे। अब नारा है- ‘बेटी बचाअाे भाजपा विधायकों से’।

गांधी ने कहा कि देश में आज काराेबार संकट के दौर से गुजर रहा है लेकिन भाजपा अध्यक्ष के पुत्र की कंपनी का काराेबार 50,000 रुपए से बढ़कर 80 कराेड रुपए का हो गया। उन्होंने कहा कि पूरे देश के बिजनेस बंद हो गए हैं लेकिन अमित शाह का पुत्र 50 हजार को तीन महीने में 80 करोड़ रुपए में बदल देता है, नाक के सामने चोरी हो रही है लेकिन मोदी जी एक शब्द नहीं कहते।

उन्हाेंने कहा कि भाजपा और राष्ट्रीय स्वयं सेवक दल के कार्यकर्ता समूचे देश में दलिताें पर हमला कर रहे हैं, जबकि प्रधानमंत्री माेदी खामाेश हैं अाैर दलित अाैर अादिवासी लाेगाें के उत्थान की बातें करते हैं।

गांधी ने कहा कि इसमें काेई संदेश नहीं कि प्रधानमंत्री एक लाेकप्रिय व्यक्ति हैं। लेकिन कर्नाटक की जनता राज्य सरकार की उपलब्धियाें की तुलना केन्द्र से करेगी। संसदीय चुनावाें से पहले अाैर बाद में माेदीजी ने जाे वादे किए उन्हें पूरा नहीं किए। विमुद्रीकरण अाैर नया कर ढांचा (वस्तु एवं सेवा कर) पूरी तरह विफल रहा है।

कांग्रेस अध्यक्ष ने मोदी पर तथ्यों को नजरअंदाज करने का आरोप लगाया और कहा कि उनके मंत्री पीयूष गोयल देश को नहीं बताते कि उनकी कंपनी है, छुपाते हैं और फिर उसको बेच देते हैं; करोड़ों रुपया कमाते हैं लेकिन नरेन्द्र मोदी जी एक शब्द नहीं कहते हैं।