दहेज़ का पलड़ा फिर हुआ भारी देनी पड़ी एक और बेटी को जान

जयपुर। राजधानी जयपुर की एक बेटी की ससुराल में संदिग्ध परिस्थितियों में मौत का मामला सामने आया है। मृतका की एक वर्ष पहले ही खाटूश्याम जी सीकर के एक युवक के साथ शादी हुई थी। इस मौत की असली वजह का अभी तक पता नहीं चल पाया हैं, लेकिन ससुराल वाले फंदे से झूलकर आत्महत्या की बता रहे है तो वहीं बेटी के माता-पिता और दूसरे परिजन इसे हत्या मान रहे हैं और इसे दहेज के लिए बेटी की हत्या करने और उसे सुसाइड का रुप देने का आरोप लगा रहे है।

गत वर्ष हुई थी 28 फरवरी को शादी
मृतका का नाम ज्योति शर्मा है, जिसकी शादी गत वर्ष 28 फरवरी को खाटूश्यामजी निवासी गुलशन शर्मा के साथ हुई थी। ज्योति के भाई ने खाटूश्यामजी थाने में पति, सास और 2 ननदों के खिलाफ दहेज के लिए प्रताडि़त करने और सुसाइड करने के लिए उकसाने का मामला दर्ज करवाया है।

रींगस वृत्ताधिकारी मनस्वी चौधरी ने बताया कि भांकरोटा के गणपतपुरा निवासी ज्योति शर्मा उर्फ सारिका का विवाह खाटूश्यामजी निवासी गुलशन शर्मा के साथ गत वर्ष हुआ था। सूचना के बाद शुक्रवार को उसका शव संदिग्ध परिस्थितियों में अस्पताल से कब्जे में लिया। मृतका के परिजनों ने ज्याति की हत्या का अंदेशा जताते हुए, पुलिस को शिकायत की है। मृतका के भाई मनोज ने बताया कि 28 फरवरी 2017 को बहन की शादी गुलशन से की थी। गुलशन भजन गायक है।

जयपुर में पुश्तैनी मकान बेचकर की थी शादी
शादी के बाद से आए दिन उसके साथ मारपीट कर व्यापार करने के लिए रुपए मांग कर परेशान किया जाता था। मृतका के पिता जो लकवाग्रस्त है और मां कैंसर से पीडि़त है। इसके बाद भी उन्होंने अपनी बेटी की शादी बड़ी धूमधाम से की थी। इसके लिए मृतका के परिजनों ने जयपुर में अपना पुश्तैनी मकान तक बेच दिया। इसके बाद भी तीन माह पहले मृतका के ससुर बाबूलाल की तबीयत खराब होने पर 3 लाख रुपए डिमांड की गई थी।

मृतका के भाई ने बताया कि अब तक 20 लाख रुपए दे चुके हैं। 17 मई को भी ज्योति के साथ फिर मारपीट की गई थी, जिसके बारे में ज्योति ने अपनी मां को फोन करके बताया था और ये भी कहा था कि ससुराल वाले उससे मारपीट करते हैं। अगर उनकी मांग पूरी नहीं हुई तो वे उसे मार सकते हैं। कुछ घंटे बाद फोन किया तो उसका फोन बंद मिला। पति गुलशन को फोन किया तो उसने बात नहीं कराई। बाद में ज्योति के फंदे से झूलकर मौत होने की सूचना हमें दी गई। परिजनों का कहना है कि ज्योति सुसाइड नहीं कर सकती। उसके गले को दबाने के साक्ष्य है। पुलिस ने केस दर्ज कर जांच शुरु कर दी है।

ये लिखा है सुसाइड नोट में
मृतका ने इस कदम को उठाने से पहले एक सुसाइड नोट भी लिखा है। जिसमें मृतका ने लिखा है कि, आज इन्होंने हाथ उठाकर साबित कर दिया है कि मेरे लिए इस घर में कई जगह नहीं है। मेरी गलती ही क्या थी। बस यही कि मेरा पति मेरे साथ रहे, सब का ध्यान रखे, मेरा भी रखे। लेकिन इनके लिए बस पैसा जरूरी है। मुझे तो ये पसंद भी नहीं करते। घरवालों की वजह से शादी की थी। इन्हें बच्चा भी चाहिए, लेकिन पैसा खर्च नहीं करना पड़े।

उसमें भी अगर जरूरत का सामान ले आऊं, तो यही बोलेंगे कि तेरे घरवालों के पैसों से भी ला सकती थी। मुझे यकीन नहीं था कि मेरी जिंदगी इस तरह से खराब हो जाएगी। मेरे मां-बाप बहुत भोले हैं। इन लोगों से लड़ नहीं सकते। सच्चाई का कोई साथ नहीं देता है। रिश्तों की अहमियत कभी सीखी ही नहीं। इनके भी दो बेटियां हैं, काश मुझे भी समझते पहले ये किसी और से भी प्यार करते थे। शायद इसीलिए मुझे वो प्यार नहीं दे पाए।