मुंबई। मुंबई पुलिस ने छुट्टी मनाने दुबई से लौटी महिला की कथित हत्या के मामले में सास समेत पांच लोगों को गिरफ्तार किया है।
पुलिस अधिकारियों ने गुरुवार को बताया कि मृतक महिला की पहचान सपना प्रमोद गंजी (35) के रूप में हुई है। आरोप है कि 16 अगस्त को घाटकोपर स्थित घर पर उसकी गला घोंटकर हत्या कर दी गई। गिरफ्तार आरोपियों की पहचान सपना की सास धनलक्ष्मी भिक्षपति गंजी (60), घरेलू सहायिका मंगलाबाई सुरेश जाधव (45), उनके पति सुरेश गणपत जाधव (46), उनकी बेटी शिवानी सुरेश जाधव (21) और बेटे साजन सुरेश जाधव (19) के तौर पर हुई है।
पुलिस के अनुसार धनलक्ष्मी ने सपना को खत्म करने की साजिश रची थी और हत्या को अंजाम देने के लिए उसने जाधव परिवार को तीन लाख रुपए देने का वादा किया गया था।
पुलिस ने बताया कि नालासोपारा के राजेंद्र नरसय्या वल्लाल की बेटी सपना ने मई 2013 में घाटकोपर के प्रमोद गंजी से शादी की थी। फरवरी 2026 में प्रमोद का तबादला दुबई हो गया और वह सपना और अपने बेटे के साथ वहां चले गए। सपना जून में छुट्टियों के लिए अपने बेटे के साथ मुंबई लौटीं और घाटकोपर में त्रिवेणी अपार्टमेंट, डी विंग, रूम नंबर 204 में अपने फ्लैट में रहने लगीं।
पुलिस को शक है कि धनलक्ष्मी को पहले हुई कानूनी कार्यवाही को लेकर सपना से रंजिश थी और उसने कथित तौर पर जाधव परिवार के साथ मिलकर उनकी हत्या की साजिश रची। यह मामला तब सामने आया जब 16 अगस्त को सपना अपने घर पर मृत पाई गईं। शुरू में धनलक्ष्मी ने जांचकर्ताओं को बताया कि सपना बाथरूम में फिसल गई थीं और सिर में चोट लगने से उनकी मौत हो गई।
पुलिस ने हालांकि महिला की गर्दन के आसपास गहरे नीले निशान और सिर के बाईं ओर चोट के निशान देखे, जिससे हत्या का शक गहरा गया। पूछताछ के दौरान, धनलक्ष्मी ने कथित तौर पर अपना बयान बदल दिया और कहा कि उसकी सपना से बहस हुई थी और उसने उसे धक्का दिया था, जिससे वह गिर गईं। इसके बाद जांचकर्ताओं ने सीसीटीवी फुटेज और तकनीकी सबूतों की जांच की, जो कथित तौर पर उसके बयान से मेल नहीं खाते थे।
पुलिस ने कहा कि जांच से पता चला है कि यह सपना की हत्या की साजिश लगभग एक महीने पहले रची गई थी। धनलक्ष्मी ने कथित तौर पर अपनी पूर्व घरेलू सहायिका मंगलाबाई और उसके परिवार से संपर्क किया और सपना की हत्या के लिए उन्हें तीन लाख रुपए देने का प्रस्ताव दिया। पुलिस के अनुसार आरोपी शाम करीब 4:45 बजे एक-एक करके फ्लैट में घुसे, जब सपना घर पर अकेली थीं। उन्होंने कथित तौर पर सपना पर गिलास से हमला किया, उनकी आंखों में मिर्च पाउडर डाला और दुपट्टे से उनका गला घोंट दिया।
पुलिस ने बताया कि जब सपना की सांसें चल रही थीं, तो आरोपियों ने कथित तौर पर अपने पैरों से उनकी गर्दन दबाई, जिससे उनकी मौत हो गई। आरोपियों ने सबूत मिटाने की कोशिश करने के बाद घर छोड़ दिया। धनलक्ष्मी जब रात करीब 10 बजे लौटी। वह पड़ोसियों की मदद से सपना को एक प्राइवेट अस्पताल और बाद में राजावाड़ी अस्पताल ले गईं, जहां डॉक्टरों ने रात 12:41 बजे उन्हें मृत घोषित कर दिया। सपना के पिता की शिकायत पर पुलिस ने भारतीय न्याय संहिता की संबंधित धाराओं के तहत हत्या का मामला दर्ज किया।
धनलक्ष्मी को 17 अगस्त को गिरफ्तार किया गया और अदालत में पेश किया गया, जिसने उसे 24 अगस्त तक पुलिस हिरासत में भेज दिया। जांच के तहत अन्य आरोपियों को भी गिरफ्तार किया गया। साजिश और हर आरोपी की भूमिका की आगे की जांच चल रही है।



