मैं अभी जिंदा हूं : बेंजामिन नेतन्याहू ने अपनी मौत की अफवाहों का उड़ाया मजाक

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यरुसलेम। इजराइल के प्रधानमंत्री बेंजामिन नेतन्याहू ने घोषणा की है कि अब ईरान के पास यूरेनियम संवर्धन और बैलिस्टिक मिसाइल बनाने की क्षमता नहीं बची है।

ऑपरेशन रोरिंग लायन के 20 दिन पूरे होने पर यहां विदेशी पत्रकारों को संबोधित करते हुए नेतन्याहू ने अपनी मौत की अफवाहों का भी मजाक उड़ाया और कहा, “मैं जिंदा हूं और आप सभी इसके गवाह हैं। उन्होंने कहा कि ऑपरेशन रोरिंग लायन का उद्देश्य अयातुल्ला शासन से पैदा हुए अस्तित्वगत खतरों को समाप्त करना है।

अभियान पर अपडेट देते हुए उन्होंने कहा कि सबसे पहले, मैं बस इतना कहना चाहता हूं कि मैं जीवित हूं और आप सभी गवाह हैं। उन्होंने उन रिपोर्टों को भी सिरे से खारिज कर दिया कि इजरायल ने अमेरिका को ईरान के साथ युद्ध में घसीटा है। उन्होंने कहा कि यह कोरी अफवाह है कि हमने अमरीका को इसमें घसीटा है, केवल झूठ नहीं, बल्कि हास्यास्पद है। यह पूरी तरह बेतुका है।

उन्होंने कहा कि क्या किसी को लगता है कि कोई राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप को बता सकता है कि उन्हें क्या करना है? ट्रंप हमेशा अपने निर्णय इस आधार पर लेते हैं कि अमरीका के लिए क्या अच्छा है और भविष्य की पीढ़ियों के लिए क्या बेहतर है।

उन्होंने कहा कि अमरीका-इजराइल के तीन लक्ष्य हैं। पहला, परमाणु खतरे को खत्म करना। दूसरा, बैलिस्टिक मिसाइल के खतरे को दूर करना और इन दोनों खतरों को तब तक हटाना जब तक कि वे जमीन में गहरे न दफन हो जाएं और हवाई हमलों से सुरक्षित न हो जाएं। और तीसरा, ईरानी लोगों के लिए अपनी स्वतंत्रता हासिल करने और अपनी नियति को नियंत्रित करने के लिए परिस्थितियां बनाना।

उन्होंने कहा कि ईरान प्रमुख अंतरराष्ट्रीय समुद्री मार्ग होर्मुज जलडमरूमध्य को बंद कर दुनिया को ब्लैकमेल करने की कोशिश कर रहा है, हालांकि उन्होंने दृढ़ता से कहा कि यह सफल नहीं होगा। उन्होंने कहा कि इजराइल होर्मुज जलडमरूमध्य को खोलने के अमरीकी प्रयासों में खुफिया जानकारी और अन्य माध्यमों से अपने तरीके से मदद कर रहा है।

होर्मुज जलडमरूमध्य के बंद होने के कारण ऊर्जा बाजारों में वर्तमान अस्थिरता के बारे में उन्होंने कहा कि होर्मुज जलडमरूमध्य और बाब-अल-मंडेब जलडमरूमध्य के चेक प्वायंट्स से गुजरने के बजाय, अरब प्रायद्वीप से पश्चिम की ओर इजराइल तक और सीधे हमारे भूमध्यसागरीय बंदरगाहों तक तेल और गैस पाइपलाइनें होनी चाहिए। ऐसा करने से इन बाधा केंद्रों की समस्या हमेशा के लिए खत्म हो जाएगी।

नेतन्याहू ने दावा किया कि यह निश्चित रूप से संभव है। उन्होंने यह भी दावा किया कि ईरान की हवाई रक्षा प्रणाली बेकार हो चुकी है और उनकी नौसेना समुद्र की गहराई में सो रही है। उनकी वायुसेना लगभग नष्ट हो चुकी है और ईरान का कमांड एंड कंट्रोल ढांचा पूरी तरह से अस्त-व्यस्त है। उन्होंने आगे कहा कि अभी और काम करना बाकी है, और हम इसे करेंगे। ईरानी नेतृत्व में बदलाव के सवाल पर उन्होंने कहा कि आप एक आयतुल्लाह की जगह दूसरे आयतुल्लाह को नहीं लाना चाहेंगे। आप हिटलर की जगह हिमलर को नहीं बिठाना चाहेंगे।

उन्होंने कहा कि हालांकि यह ईरानी लोगों पर निर्भर है कि वे इस अवसर को चुनें और आगे बढ़ें। उन्होंने स्पष्ट किया कि हम परिस्थितियां बना सकते हैं, लेकिन एक निश्चित बिंदु पर उन्हें उन परिस्थितियों का लाभ उठाना होगा। यह पूछे जाने पर कि क्या इजराइल रजा पहलवी को मान्यता देगा, उन्होंने कहा कि मैं यह नहीं कहने जा रहा हूं कि वहां विशेष रूप से कौन होगा, लेकिन मुझे लगता है कि वह एक सकारात्मक शक्ति रहे हैं।

उन्होंने आगे कहा कि वह लोगों को एक अंतरिम सरकार, एक लोकतांत्रिक अंतरिम सरकार या एक उदार अंतरिम सरकार के लिए एकजुट करने की कोशिश कर रहे हैं। मुझे उम्मीद है कि ऐसी सरकार अस्तित्व में आएगी, लेकिन मुझे लगता है कि अभी कुछ भी कहना जल्दबाजी होगी।

ज़मीनी सेना भेजने की संभावना का संकेत देते हुए नेतन्याहू ने कहा कि आप इसे केवल हवा से नहीं कर सकते। आप हवाई हमलों से बहुत कुछ कर सकते हैं, और हम कर रहे हैं, लेकिन इसमें एक जमीनी घटक भी होना चाहिए। इस जमीनी घटक के लिए कई संभावनाएं हैं।

उन्होंने आगे की जानकारी देने से इनकार करते हुए कहा कि मैं उन सभी संभावनाओं को आपके साथ साझा न करने की स्वतंत्रता लेता हूं। उन्होंने कहा कि इजरायल के पास इसे करने और इसे समाप्त करने के ठोस लक्ष्य हैं। नेतन्याहू ने जोर देते हुए कहा कि हम बैलिस्टिक मिसाइल कार्यक्रम को पूरी तरह तबाह करना चाहते हैं, जो हम कर रहे हैं। परमाणु कार्यक्रम को नष्ट करना चाहते हैं, जो हम कर रहे हैं। मुझे लगता है कि ये लक्ष्य प्राप्त करने योग्य हैं।

उन्होंने हालांकि कोई समय सीमा तय नहीं की और न ही इसके लिए कोई शेड्यूल या स्टॉपवॉच लगाई। उन्होंने कहा कि मुझे लगता है कि हमारे पास कुछ लक्ष्य हैं जिन्हें हासिल करना है और हम दिन नहीं गिन रहे हैं। नेतन्याहू ने कहा कि इस युद्ध के बाद वास्तविक बदलाव आएगा। उन्होंने अंत में कहा कि मैं यह भी देख रहा हूं कि यह युद्ध लोगों की सोच से कहीं ज्यादा तेजी से खत्म होगा। मेरा मानना है कि युद्ध में आपको धैर्य रखना पड़ता है।