जयपुर। राष्ट्र सेविका समिति जयपुर प्रांत द्वारा आयोजित प्रवेश वर्ग का समापन समारोह रविवार शाम हुआ। समापन कार्यक्रम में वर्ग के दौरान प्राप्त प्रशिक्षण, अनुशासन, संगठनात्मक कार्य एवं सेविकाओं द्वारा प्रस्तुत विविध कार्यक्रम आकर्षण का केंद्र रहे। कार्यक्रम में समिति की सेविकाओं ने मान वंदना, योग, दण्ड, यष्टि, योगचाप, नियुद्ध की प्रस्तुति के माध्यम से राष्ट्रभाव एवं संगठन शक्ति का परिचय दिया।
इस अवसर पर आर्य ग्रुप का कॉलेज की वाइस प्रेसिडेंट डॉ. पूजा अग्रवाल अतिथि के रूप में उपस्थिति रहीं तथा प्रांत सह बौद्धिक प्रमुख एवं अतिरिक्त सूचना एवं जनसंपर्क विभाग की निदेशक नर्मदा इंदौरियाने मुख्य वक्ता के रूप में सेविकाओं का मार्गदर्शन किया।
उन्होंने बताया कि भारतीय नारी का आदर्श माता सीता, अहिल्या बाई होलकर, झांसी की रानी, जीजा माता जैसी स्त्रियां हैं जो कि शिवाजी जैसी संतानों को गढ़ती है और तेजस्वी हिन्दू राष्ट्र का निर्माण में संलग्न होती हैं।
सांस्कृतिक समिश्रण के इस युग में सचेत और सावधान रहते हुए पुरातन संस्कृति ही विश्व को सुखी और कल्याण करने वाली है। यही भारतीय विचार है। प्रांत कार्यवाहिका संगीता जांगिड़ ने समिति की 90 वर्ष की अनवरत यात्रा के बारे में बताया वही वर्ग का प्रतिवेदन वर्गाधिकारी नीलम पुनार ने किया।
उन्होंने ने बताया कि राष्ट्र सेविका समिति समाज जीवन में संस्कार, संगठन एवं राष्ट्रसेवा की भावना जागृत करने के लिए निरंतर कार्यरत है। प्रवेश वर्ग के माध्यम से सेविकाओं में नेतृत्व क्षमता, अनुशासन, आत्मविश्वास एवं राष्ट्रनिष्ठा का विकास किया जाता है। इस 15 दिवसीय शिविर के समापन कार्यक्रम में संघबंधु, गणमान्य नागरिक व बडी संख्या में मातृशक्ति की उपस्थिति रही।




