दीपावली से पहले पुष्कर में दुकानों और प्रतिष्ठानों पर औचक जांच, नियमों के उल्लंघन पर 50 हजार रुपए जुर्माना

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अजमेर। दीपावली के त्योहार को देखते हुए उपभोक्ताओं को पैक्ड वस्तुओं में निर्धारित वजन और सही जानकारी उपलब्ध कराने के उद्देश्य से उपभोक्ता मामले विभाग ने जांच अभियान तेज कर दिया है। इसी कड़ी में सोमवार को अजमेर जिले में पैकेज कमोडिटी नियमों के तहत विभिन्न प्रतिष्ठानों का औचक निरीक्षण किया गया। कार्रवाई के दौरान पैकिंग लाइसेंस और विधिक माप विज्ञान संबंधी नियमों की पालना में कमियां मिलने पर संबंधित संस्थानों के खिलाफ कुल 50 हजार रुपए का जुर्माना वसूला गया।

उपभोक्ता मामले विभाग के विशेष अभियान के तहत गठित संयुक्त जांच दल ने अजमेर जिले में यह कार्रवाई की। टीम में सहायक नियंत्रक भावना दयाल के साथ डीडवाना-कुचामन से महिपाल सिंह तथा महेंद्र चौधरी शामिल रहे। जांच दल ने किशनपुरा स्थित चमन प्रोडक्शन और श्री नाकोड़ा गुलकंद तथा पुष्कर के चावंडिया स्थित आरके गुलकंद वर्क का निरीक्षण किया।

पैकेटों का वजन और अनिवार्य जानकारियां जांचीं

निरीक्षण के दौरान प्रतिष्ठानों में तैयार और बिक्री के लिए रखे गए पैकेटों के वजन की जांच की गई। विभागीय अधिकारियों के अनुसार जांचे गए पैकेटों में निर्धारित मानक के अनुरूप वजन पाया गया। इसके अलावा पैकेटों पर उपभोक्ताओं के लिए आवश्यक जानकारियां भी अंकित मिलीं। हालांकि, पैकिंग लाइसेंस और विधिक माप विज्ञान से संबंधित औपचारिकताओं में अनियमितताएं सामने आईं।

लाइसेंस और नियमों की अनदेखी पर कार्रवाई

जांच में पैकिंग लाइसेंस उपलब्ध नहीं होने पर पैकेज कमोडिटी नियम, 2011 के तहत 5 हजार रुपए का जुर्माना लगाया गया। वहीं विधिक माप विज्ञान अधिनियम, 2009 के उल्लंघन पर 10 हजार रुपए का जुर्माना वसूला गया। विभाग ने संबंधित संस्थान को सात दिन के भीतर आवश्यक आवेदन प्रस्तुत कर लाइसेंस एवं संबंधित प्रक्रिया का सत्यापन कराने के निर्देश दिए हैं। पूरी कार्रवाई के दौरान कुल 50 हजार रुपए का जुर्माना ऑनलाइन माध्यम से जमा कराया गया।

व्यापारियों को नियमों की पालना के निर्देश

विभागीय टीम ने निरीक्षण के दौरान व्यापारियों और प्रतिष्ठान संचालकों को स्पष्ट किया कि पैकेटों पर नेट कंटेंट यानी वास्तविक सामग्री का वजन सही अंकित होना चाहिए। इसके साथ पैकेज रजिस्ट्रेशन, निर्माता एवं पैकर का विवरण तथा अन्य अनिवार्य घोषणाएं निर्धारित नियमों के अनुसार प्रदर्शित करना जरूरी है।

अधिकारियों ने सभी तौल उपकरणों का विधिक माप विज्ञान विभाग से सत्यापन कराने और पैकेज कमोडिटी नियमों का पालन सुनिश्चित करने के निर्देश भी दिए। विभाग ने चेतावनी दी है कि उपभोक्ताओं के हितों से जुड़े इन नियमों की अनदेखी करने वाले प्रतिष्ठानों के खिलाफ आगे भी औचक निरीक्षण कर नियमानुसार कार्रवाई की जाएगी।

दीपावली जैसे बड़े खरीदारी के सीजन में विभागीय अभियान का उद्देश्य यह सुनिश्चित करना है कि उपभोक्ताओं को पैक्ड सामान खरीदते समय वजन, मात्रा और उत्पाद से संबंधित जरूरी जानकारियां सही मिलें तथा उन्हें किसी तरह की आर्थिक धोखाधड़ी का सामना न करना पड़े।