श्रीगंगानगर में 80 वर्षीय बुजुर्ग महिला की नृशंस हत्या

0

श्रीगंगानगर। राजस्थान में श्रीगंगानगर जिले के चूनावढ़ थाना क्षेत्र में सागरवाला गांव में मंगलवार देर रात करीब 80 वर्षीय बुजुर्ग महिला की बेहद क्रूरता से हत्या कर दी गई।

प्राप्त जानकारी के अनुसार तेजधार हथियारों से उनकी एक टांग घुटने के नीचे से काट दी गयी, एक हाथ तोड़ दिया गया और सिर और पसलियों पर तेजधार एवं अन्य हथियारों से ताबड़तोड़ वार किए गए। पुलिस ने मृतका के पोते अमन बिश्नोई की रिपोर्ट पर उनकी पुत्रवधू कलावती (पत्नी सुभाष बिश्नोई) और पड़ोस
में रहने वाले झोलाछाप आरएमपी डॉक्टर त्रिलोकचंद उर्फ तौची अरोड़ा सहित चार अज्ञात नकाबपोश व्यक्तियों के खिलाफ मामला दर्ज कर लिया है।

थाना प्रभारी ज्ञानेंद्र भारती ने बुधवार को बताया कि पोस्टमॉर्टम के बाद शव परिजनों को सौंप दिया गया है। उन्होंने बताया कि मुख्य आरोपी त्रिलोकचंद एवं अन्य आरोपी फरार हैं, जबकि कलावती से पूछताछ जारी है। अब तक की प्रारंभिक जांच में यही बात सामने आयी है कि हत्या का कारण सास द्वारा पुत्रवधू के घर त्रिलोकचंद के बार-बार आने-जाने पर रोक-टोक करना था।

पुलिस ने बताया कि मोहनी देवी मंगलवार शाम करीब सात बजे गांव के बाहर बने मंदिर में माथा टेकने और प्रसाद लेने गयी थीं। मंदिर से लौटते समय सूनसान जगह पर पहले से घात लगाये बैठे हमलावरों ने उस पर जानलेवा हमला कर दिया।

रात करीब आठ बजे उसका पोता अमन बिश्नोई (पुत्र जगदीश बिश्नोई) नानी के घर खाना देने जा रहा था। तभी उसने अपनी ताई कलावती, पड़ोसी त्रिलोकचंद एवं दो-तीन नकाबपोश लोगों को दादी पर हमला करते हुए देखा। अमन ने शोर मचाया तो आसपास के लोग जुट गए।

घायल माेहनीदेवी को तुरंत चूनावढ़ सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र ले जाया गया, जहां से उसे श्रीगंगानगर जिला अस्पताल रेफर किया गया। जिला अस्पताल पहुंचने तक उनकी मौत हो चुकी थी। पुलिस को घटना की सूचना रात करीब 11 बजे मिली। थाना प्रभारी ज्ञानेंद्र भारती ने पुलिस टीम के साथ तुरंत गांव पहुंचकर घटनास्थल का मुआयना किया। उस समय तक आरोपी फरार हो चुके थे।