पुणे। केंद्रीय राज्य मंत्री मुरलीधर मोहोल ने पुणे नगर निगम चुनावों में भारतीय जनता पार्टी की जीत पर एक बार फिर विश्वास जताने के लिए यहां के लोगों को धन्यवाद दिया है।
मोहोल ने अपने बयान में कहा कि जिन्होंने काम नहीं किया, वे बातें करते रहे, लेकिन पुणे के लोगों ने हम पर भरोसा दिखाया और हमें नेतृत्व करने का एक और मौका दिया। हमने लगातार कहा था कि करीब 120 सीटें जीतेंगे और हमें इस पर पूरा भरोसा था। अभियान के दौरान हमारी आलोचना की गई, लेकिन हमने विकास के मुद्दों पर ध्यान दिया। पुणेकरों के जबरदस्त समर्थन से से हम बहुत खुश हैं।
उन्होंने कहा कि मुख्यमंत्री देवेंद्र फडणवीस ने पार्टी कार्यकर्ताओं को जीत की बधाई देने के लिए खुद फोन किया। उन्होंने इस सफलता का श्रेय मुख्यमंत्री फडणवीस के भरोसे और शहर भर में पार्टी कार्यकर्ताओं के अथक प्रयासों को दिया।
पुणे नगर निकाय चुनाव के नतीजों के तुरंत बाद भाजपा ने बड़ा राजनीतिक फैसला लेते हुए महाराष्ट्र भर में आगामी जिला परिषद और पंचायत समिति चुनाव अकेले लड़ने का निर्णय लिया। यह निर्णय वरिष्ठ भाजपा नेता चंद्रकांत पाटिल की उपस्थिति में आयोजित बैठक में लिया गया।
शिवसेना (शिंदे गुट) के नेता रवींद्र धंगेकर को बड़ा झटका लगा है, क्योंकि उनकी पत्नी प्रतिभा धानोरकर नगर निगम चुनावों में हार गई हैं। उन्होंने वार्ड नंबर 23 से चुनाव लड़ा था। उनकी प्रतिद्वंद्वी आंडेकर समूह की सोनाली आंडेकर ने जीत हासिल की। खास बात यह है कि आंडेकर ने जेल में बंद रहते हुए यह चुनाव लड़ा और जीत दर्ज की।



