निकाय चुनाव से पहले पश्चिम बंगाल भाजपा में बड़ा फेरबदल, 6 मंत्रियों की संगठन से छुट्टी; नए चेहरों को कमान

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कोलकाता। पश्चिम बंगाल में आगामी नगर निकाय चुनावों से पहले भारतीय जनता पार्टी ने अपने संगठन में व्यापक फेरबदल किया है। पार्टी ने महिला, युवा, ओबीसी और अनुसूचित जाति मोर्चों से लेकर प्रदेश पदाधिकारियों और सात सांगठनिक जिलों तक कई बदलाव किए हैं। प्रशासनिक जिम्मेदारियां संभाल रहे छह मंत्रियों को संगठन के पदों से मुक्त करते हुए नए और पुराने चेहरों को महत्वपूर्ण जिम्मेदारियां सौंपी गई हैं।

भाजपा की ओर से शुक्रवार को घोषित बदलावों को पार्टी के ‘एक व्यक्ति, एक पद’ के सिद्धांत से भी जोड़ा गया है। इसके तहत तापस रॉय, जगन्नाथ चट्टोपाध्याय, अग्निमित्रा पॉल, दीपक बर्मन, शंकर घोष और इंद्रनील खान को उनकी संगठनात्मक जिम्मेदारियों से मुक्त किया गया है। इनमें तापस रॉय, जगन्नाथ चट्टोपाध्याय, अग्निमित्रा पॉल और दीपक बर्मन प्रदेश उपाध्यक्ष रहे हैं, जबकि शंकर घोष प्रदेश सचिव की जिम्मेदारी संभाल रहे थे।

अंजना बसु को महिला मोर्चा की कमान

फेरबदल में अभिनेत्री और भाजपा नेता अंजना बसु को प्रदेश महिला मोर्चा का नया अध्यक्ष बनाया गया है। उन्होंने फाल्गुनी पात्रा की जगह ली है। फाल्गुनी पात्रा को अब भाजपा की प्रदेश उपाध्यक्ष की जिम्मेदारी दी गई है। अंजना बसु 2021 के विधानसभा चुनाव से पहले भाजपा में शामिल हुई थीं और हाल के दिनों में संगठन में उनकी सक्रियता बढ़ी थी।

युवा मोर्चा में भी नेतृत्व बदला गया है। अमता से विधायक अमित सामंत को भाजपा युवा मोर्चा का प्रदेश अध्यक्ष बनाया गया है। उन्होंने इंद्रनील खान की जगह ली है। सामंत इससे पहले युवा मोर्चा में महासचिव की जिम्मेदारी निभा रहे थे।

लॉकेट चटर्जी और सौमित्र खान को अहम जिम्मेदारी

पूर्व सांसद लॉकेट चटर्जी और बिष्णुपुर सांसद सौमित्र खान को प्रदेश महासचिव बनाया गया है। पुरुलिया सांसद ज्योतिर्मय सिंह महतो को भी प्रदेश महासचिव की जिम्मेदारी दी गई है। वहीं दार्जिलिंग सांसद राजू बिष्ट को प्रदेश उपाध्यक्ष बनाया गया है। विधायक संजय सिंह को भी प्रदेश उपाध्यक्ष की जिम्मेदारी सौंपी गई है।

प्रदेश सचिवों की टीम में भी बदलाव किया गया है। विधायक दीपांजन गुहा और सिंटू सेनापति के साथ अनल विश्वास और संजय वर्मा को प्रदेश सचिव बनाया गया है।

वहीं जादवपुर की विधायक शरबरी मुखर्जी को प्रदेश सचिव पद से हटा दिया गया है। हाल के दिनों में जादवपुर विश्वविद्यालय से जुड़े घटनाक्रम पर उनके बयानों को लेकर राजनीतिक चर्चा हुई थी।

सात सांगठनिक जिलों में भी बदले अध्यक्ष

भाजपा ने केवल प्रदेश स्तर पर ही बदलाव नहीं किया है, बल्कि जमीनी संगठन को भी पुनर्गठित किया है। बारासात, बनगांव, श्रीरामपुर, आरामबाग, मेदिनीपुर, बर्दवान और कटवा समेत सात सांगठनिक जिलों में अध्यक्ष पद पर बदलाव किए गए हैं। इसके साथ ही युवा, महिला, ओबीसी और एससी मोर्चे के नेतृत्व में भी नई नियुक्तियां की गई हैं।

सिलीगुड़ी, मालदा, उत्तर और दक्षिण 24 परगना, हावड़ा-हुगली, मेदिनीपुर, पुरुलिया, बर्दवान और नवद्वीप समेत नौ विभागों के लिए नए संयोजकों की घोषणा भी की गई है। इससे संकेत मिलता है कि पार्टी का पुनर्गठन केवल प्रदेश मुख्यालय तक सीमित नहीं रखा गया है।

निकाय चुनाव से पहले संगठन पर फोकस

पश्चिम बंगाल में कोलकाता और हावड़ा सहित सात नगर निगमों के चुनाव नवंबर के आखिर में संभावित बताए जा रहे हैं। इसी चुनावी कार्यक्रम को देखते हुए भाजपा संगठन में बदलाव को महत्वपूर्ण माना जा रहा है।

फेरबदल से एक दिन पहले भाजपा ने अमिताभ चक्रवर्ती को प्रदेश संगठन महामंत्री के रूप में फिर जिम्मेदारी देने की घोषणा की थी। इससे पहले मीडिया, सोशल मीडिया और आईटी विभागों में भी बदलाव किए जा चुके हैं। सितंबर में ही प्रदेश मीडिया टीम का पुनर्गठन करते हुए देवजीत सरकार को मुख्य प्रवक्ता और अनुपम घोष को मीडिया विभाग का संयोजक बनाया गया था।

प्रदेश भाजपा अध्यक्ष समिक भट्टाचार्य के नेतृत्व में संगठन के पुनर्गठन की प्रक्रिया चरणबद्ध तरीके से चल रही है। जुलाई 2025 में उनके प्रदेश अध्यक्ष बनने के बाद पहले प्रदेश पदाधिकारियों की सूची जारी हुई और मई 2026 में प्रदेश कार्यकारिणी घोषित की गई थी। इसके बाद मीडिया, सोशल मीडिया और आईटी से जुड़े पदों पर नियुक्तियां हुईं और अब मोर्चों, प्रदेश पदाधिकारियों तथा सांगठनिक जिलों में बदलाव किया गया है।