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65 साल के अधेड ने नाबालिग लड़की से कई बार रेप कर किया प्रेगनेंट

केन्द्रपाड़ा। ओडिशा के केन्द्रपाड़ा में ओल पुलिस थाना क्षेत्र में एक नाबालिग लड़की के साथ बलात्कारी ने कई बार बलात्कार कर उसे गर्भवती कर दिया।

ओल थाने में नाबालिग लड़की के पिता द्वारा गुरुवार को प्राथमिकी दर्ज कराने के बाद यह मामला प्रकाश में आया। दर्ज शिकायत में आरोप लगाया गया कि 65 वर्षीय राजीब मलिक उर्फ छोटा ने उसकी लड़की को अवैध संबंध रखने की धमकी दी और उससे कई बार बलात्कार कर उसे गर्भवती कर दिया।

पुलिस ने बताया कि आरोपी फरार हो गया है और उसे पकड़ने के लिए छापे मारे जा रहे हैं। पुलिस ने विभिन्न धाराओं और पॉक्सो अधिनियम के तहत मामला दर्ज कर जांच शुरु कर दी है।

अलवर : नाबालिग से रेप के दोषी को 20 वर्ष का कारावास

अलवर। राजस्थान में अलवर की पोक्सो अदालत ने आज नाबालिग के साथ दुष्कर्म के मामले में 20 साल की सजा और 38 हजार रूपए के जुर्माने से दंडित किया।

विशिष्ट लोक अभियोजक अशोक सैनी ने बताया कि 13 नवंबर 2018 को बहरोड़ पुलिस थाने में एक मुकदमा दर्ज हुआ था जिसमें पीड़िता ने रिपोर्ट दर्ज कराई कि उसकी पुत्री साढे 14 साल की है। घर से गायब है। इस मामले में पुलिस ने जांच की तो पाया कि कोटपूतली क्षेत्र निवासी अभिषेक भारती उस नाबालिग को बहला फुसला कर ले गया है।

सबसे पहले वह उसे जयपुर लेकर गया। जयपुर से उदयपुर, गोवा और मुंबई लेकर गया जहां उसके साथ दुष्कर्म किया। उदयपुर में नाबालिग द्वारा अपने साथ ले जाए गए सोने के जेवर को बेच दिया था और लड़की को अपने प्रभाव में कर लिया था।

इस मामले में पुलिस ने चालान पेश किया और पोक्सो अदालत नंबर 2 के विशिष्ट न्यायाधीश राजवीर सिंह त्यागी ने आरोपी को दोषी मानते हुए 20 साल की सजा और 38000 से दंडित किया है।

मीरवाइज उमर फारूक पर जुमे की नमाज अदा करने पर रोक

श्रीनगर। जम्मू- कश्मीर के मुख्य मौलवी एवं हुर्रियत कांफ्रेंस के अध्यक्ष मीरवाइज उमर फारूक को पुलिस ने शुक्रवार को जुमे की नमाज के लिए उनके आवास से निकलने से रोक दिया।

जम्मू-कश्मीर का विशेष दर्जा समाप्त किए जाने के बाद मीरवाइज के पुराने शहर के बीचों-बीच स्थित ऐतिहासिक जामिया मस्जिद में पहले शुक्रवार काे संबोधन करने की उम्मीद थी।

मीरवाइज मंजिल ने एक ट्वीट में कहा कि मीरवाइज उमर फारूक को भारतीय सुरक्षा बलों के एक दल द्वारा अपना आवास छोड़ने से रोक दिया गया है। राज्यपाल के ‘स्वतंत्र’ होने की घोषणा करने के एक हफ्ते बाद ही वह आज जामिया मस्जिद में शुक्रवार का संबोधन करने जा रहे थे।

जम्मू-कश्मीर के उपराज्यपाल मनोज सिन्हा ने ठीक एक सप्ताह पहले मीरवाइज को आजाद व्यक्ति कहा था। प्रत्यक्षदर्शियों ने कहा कि मीरवाइज को पुलिस ने श्रीनगर में उनके नगीन आवास से गिरफ्तार किया और उन्हें घर से बाहर नहीं निकलने दिया गया।

मीरवाइज ने पुलिस को बताया कि जम्मू-कश्मीर के सर्वोच्च अधिकारी उपराज्यपाल ने दावा किया है कि वह एक स्वतंत्र व्यक्ति हैं, तो उन्हें जामिया मस्जिद में जुमे की नमाज अदा करने से क्यों रोका जा रहा है। सिन्हा ने पिछले शुक्रवार को कहा था कि मीरवाइज फारूक नजरबंद नहीं हैं। सिन्हा के दावे पर हालांकि मुख्यधारा और अलगाववादी दोनों खेमों ने कड़ी प्रतिक्रिया दी।

मीरवाइज फारूक कई अलगाववादी और मुख्यधारा के नेताओं में से एक हैं जिन्हें केंद्र द्वारा 2019 में जम्मू-कश्मीर का विशेष दर्जा समाप्त करने से एक दिन पहले हिरासत में लिया गया था। जामिया मस्जिद में कड़ी सुरक्षा के बीच आज जुमे की नमाज अदा की गई।

अमरीका के टेक्सास में 4 भारतीय महिलाओं पर नस्ली हमले

टेक्सास। अमरीका के टेक्सास में अमरीकी मूल की एक महिला ने चार भारतीय महिलाओं पर हिंसक नस्लवादी हमले किए हैं और अपशब्द कहते हुए उन्हें वापस जाने के लिए कहा है। इस संबंध में एक वीडियो सामाने आया है जो सोशल मीडिया पर वायरल हो गया है।

पुलिस के ट्वीट और वीडियो के अनुसार पुलिस ने हमलावर महिला को कल हमला और आतंकवादी धमकी के आरोप में गिरफ्तार किया। यह वीडियो तब से वायरल हो गया है। वीडियो में आरोपी महिला अपशब्द बोलती है और भारतीय महिलाओं को भारत वापस जाने के लिए कहती नजर आ रही है।

यह घटना बुधवार रात की है, जिसे टेक्सास के डलास में एक पार्किंग में अंजाम दिया गया। वायरल वीडियो में बातचीत के अनुसार यह घटना प्लानो में उस समय हुई जब भारतीय दोस्तों का एक समूह एक रेस्तरां से बाहर आया था।

आरोपी महिला वीडियो में खुद को मैक्सिकन-अमरीकी बताती और भारतीय-अमरीकी महिलाओं के समूह पर हमला करती दिख रही है। महिला वीडियो में कहती नजर आ रही है कि मैं तुम भारतीय से नफरत करती हूं। ये सभी भारतीय अमरीका इसलिए आते हैं क्योंकि वे एक बेहतर जिंदगी चाहते हैं। महिला की पहचान प्लानो की एस्मेराल्डा अप्टन के तौर पर हुई है। तीन महिलाओं ने हमलावर का वीडियो बनाया, वहीं एक अन्य को अधिकारियों से बात करते या फोन पर मदद मांगते देखा गया।

प्लानो पुलिस ने यह भी ट्वीट किया कि अप्टन से ‘घृणा अपराध के लिए भी जांच की जा रही है। उस पर अतिरिक्त आरोप लग सकते हैं। उससे 10,000 अमरीकी डॉलर का बांड भरवाया गया है। पुलिस ने हमलावर का एक मगशॉट जारी करते हुए इसे ‘जेल फोटो’ बताया।

मीडिया के अनुसार चार भारतीय महिलाएं एक खाली पार्किंग में अपनी कारों की ओर जा रही थीं, जब अप्टन ने उन्हें रोका। अपने नस्लवादी शेख़ी की शुरुआत करते हुए, अप्टन ने कहा कि हम आपको यहां नहीं चाहते। वापस भारत जाओ। उसने थोड़ी ही देर में फिर लौकर कहा कि वापस जाओ। यहां तक ​​कि वह एक महिला पर हमला भी करती है और फिर दूसरी महिला पर भी। यह कहने के बाद कि अगर भारतीयों को लगता है कि भारत इतना महान है तो उन्हें वापस जाना चाहिए क्योंकि उनका देश (अमरीका) भारतीय को नहीं चाहता।

वीडियो में आरोपी महिला यह भी कहती नजर आ रही है कि मैं जहां भी जाती हूं… तुम भारतीय हर जगह मिल जाते हो। अगर भारत में जीवन बेहतरीन है तो तुम यहां क्यों हो। इसके बाद वह अपशब्द का इस्तेमाल करते हुए चिल्लाती है और भारतीय-महिलाओं के साथ मारपीट करने लगती है।

अप्टन स्पष्ट करती है कि वह एक गोरी महिला नहीं है, बल्कि एक मैक्सिकन-अमरीकी है। जब भारतीय महिलाएं कहती हैं कि वह मेक्सिको वापस क्यों नहीं जाती, तो वह कहती है कि वह अमरीकी है, क्योंकि वह यहां पैदा हुई थी। ट्वीट में कहा गया किे हमलावर प्लानो में प्रिंस ऑफ पीस कैथोलिक चर्च में एक पैरिशियन है। वह गलत कारणों से प्रसिद्ध होना चाहती है।

गुलाम नबी आजाद का संघर्ष के समय साथ छोड़ना दुर्भाग्यपूर्ण : कांग्रेस

नई दिल्ली। कांग्रेस ने वरिष्ठ नेता गुलाम नबी आजाद के इस्तीफे को धोखा करार देते हुए कहा है कि उन्होंने ऐसे समय में पार्टी से नाता तोड़ा है जब कांग्रेस सोनिया गांधी और राहुल गांधी के नेतृत्व में सड़कों पर उतर कर देश की जनता के हित में संघर्षरत है।

कांग्रेस के वरिष्ठ प्रवक्ता अजय माकन ने पार्टी मुख्यालय में संवाददाता सम्मेलन में कहा कि प्रेस कॉन्फ्रेंस दिल्ली की शराब नीति (आबकारी नीति) को लेकर थी, लेकिन आजाद का इस्तीफा मीडिया में देखा जिसके कारण प्रेस कॉन्फ्रेंस को इसी पर केंद्रित करना पड़ रहा है।

उन्होंने कहा कि इस समय कांग्रेस महंगाई, बेरोजगारी, ध्रुवीकरण जैसे मुद्दों पर लड़ाई लड़ रही थी और अच्छा होता कि गुलाम नबी आजाद जैसा वरिष्ठ नेता कांग्रेस की इस लड़ाई को और मज़बूत बनाते लेकिन दुख की बात है कि वह इस्तीफा देकर कांग्रेस नेतृत्व पर ही हमलावर है।

प्रवक्ता ने कहा कि कांग्रेस अपने संघर्ष में 4 सितंबर को दिल्ली में महंगाई के खिलाफ राष्ट्रीय स्तर पर हल्ला बोल रैली कर रहे हैं और 7 सितंबर से पार्टी की भारत जोड़ो यात्रा शुरू हो रही है। इससे पहले पार्टी 29 अगस्त को देशभर में 22 प्रेस कॉन्फ्रेंस कर जनता को मोदी सरकार की जनविरोधी नीतियों से रूबरू कराएगी और 05 सितंबर को 32 प्रेस कॉन्फ्रेंस पूरे देश में करके भारत जोड़ो यात्रा के बारे में विस्तार से मीडिया के माध्यम से जानकारी देगी।

इस बीच कांग्रेस प्रवक्ता पवन खेड़ा ने आजाद पर हमला करते हुए कहा कि उन्होंने पांच पेज की चिट्ठी लिखी है जिसमें डेढ पेज में वह अपने पुराने पदों के बारे में विस्तार से लिखते हुए बताया है कि पार्टी ने मुझे यह पद दिया वह पद दिया गिना रहे है। उन्होंने आजाद को पदकालु भी बताया और कहा कि वह पद बिना नहीं रह सकते हैं। राज्यसभा पद खत्म होते ही वह तड़पने लगे। बिना पद के रह नहीं सकते थे। जब राहुल गांधी के नेतृत्व में पार्टी को मजबूत करने की कोशिश चल रही है तो धोखा देकर चले गए। उनका कहना था कि कांग्रेस को कमजोर करने में आज़ाद जैसे नेताओं का ही हाथ रहा है।

उन्होंने कहा कि आजाद ने कांग्रेस को जो धोखा दिया है पार्टी का कार्यकर्ता इसे समझता है। जो कुछ उन्होंने अपने पत्र में लिखा है उससे साफ है कि यह पत्र प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के हिसाब से लिखा गया है।

इस बीच कांग्रेस संचार विभाग के प्रमुख जयराम रमेश ने भी श्री आजाद पर हमला करते हुए कहा कि जिस व्यक्ति को कांग्रेस नेतृत्व ने सबसे ज़्यादा सम्मान दिया, उसी व्यक्ति ने कांग्रेस नेतृत्व पर व्यक्तिगत आक्रमण करके अपने असली चरित्र को दर्शाया है। पहले संसद में मोदी के आंसू, फिर पद्म विभूषण, फिर मकान का एक्सटेंशन…यह संयोग नहीं सहयोग है।

वरिष्ठ नेता गुलाम नबी आजाद का कांग्रेस से इस्तीफा, राहुुल की आलोचना

आजाद की टिप्पणी मानवता एवं संवेदनशीलता के खिलाफ : अशोक गहलोत

बरेली : इंस्पेक्टर के खिलाफ रेप के आरोप में मामला दर्ज, निलंबित

बरेली। उत्तर प्रदेश में बरेली के थाना इज्जतनगर के इंस्पेक्टर क्राइम क्रांतिवीर सिंह के खिलाफ थाना कैंट में दुष्कर्म के आरोप में मामला दर्ज कर लिया गया है, साथ ही उसे निलंबित भी कर दिया गया है।

बरेली के एसएसपी सिद्धार्थ अनुरुद्ध पंकज ने शुक्रवार को पत्रकारों को बताया कि महिला की ओर से दी गई तहरीर के आधार पर थाना इज्जतनगर के इंस्पेक्टर क्राइम क्रांतिवीर सिंह के खिलाफ थाना कैंट में रिपोर्ट दर्ज कराई गई है। इंस्पेक्टर क्रांतिवीर सिंह को निलंबित कर दिया गया है।

इंस्पेक्टर पर रेप का आरोप लगाने वाले युवती ने अपनी शिकायत में बताया कि पति से चल रहे विवाद के मामले में वह शाहजहांपुर कोतवाली गई थी। उस समय क्रांतिवीर दरोगा कोतवाली में तैनात था। उससे मुलाकात हुई थी और उसने ही उनके मामले की जांच की थी।

क्रांतिवीर ने खुद को अविवाहित बताकर उसे फंसा लिया और शादी का झांसा देकर शारीरिक संबंध बनाए। इतना ही नहीं 24 फरवरी 2021 को क्रांतिवीर उसे लेकर बरेली कचहरी लेकर आया और फिर फर्जी शादी का प्रमाण पत्र बनवाया। इसके बाद आरोपी कैंट स्थित अपने आवास पर ले गया और फिर दुष्कर्म किया।

पीड़िता का आरोप है कि इसके कुछ समय बाद उसे पता चला कि क्रांतिवीर शादीशुदा है और उसके दो बच्चे भी हैं। विरोध किया तो वह अश्लील वीडियो और फोटो वायरल करने के साथ जान से मारने की धमकी देने लगा। इसके बाद वह प्रमोशन पाकर इंस्पेक्टर बन गया और बरेली के थाना इज्जतनगर के इंस्पेक्टर क्राइम के पद पर तैनात हो गया।

पीड़िता ने कई बार अधिकारियों और थाने में शिकायत की लेकिन कार्रवाई नहीं हुई। कुछ दिन पूर्व पुलिस महानिरीक्षक रमित शर्मा से शिकायत की गई। पुलिस महानिरीक्षक ने बरेली के एसएसपी को कार्रवाई के आदेश दिए। एसएसपी ने सीओ तृतीय से जांच कराई और फिर आरोपी इंस्पेक्टर क्रांतिवीर के खिलाफ थाना कैंट में रिपोर्ट दर्ज करके उसे सस्पेंड कर दिया गया। इसके साथ ही एसएसपी ने विभागीय जांच के आदेश दिए।

आजाद की टिप्पणी मानवता एवं संवेदनशीलता के खिलाफ : अशोक गहलोत

जयपुर। राजस्थान के मुख्यमंत्री अशोक गहलोत ने कांग्रेस को अलविदा कहने वाले वरिष्ठ नेता गुलाब नबी आजाद की टिप्पणी को मानवता एवं संवेदनशीलता के खिलाफ बताते हुए कहा है कि पार्टी से पहचान बनाने एवं 42 वर्ष तक विभिन्न पदों पर रहकर इस मुकाम तक पहुंचने के बाद इस्तीफा देना और इस तरह की टिप्पणी करके किस तरह का संदेश देना चाह रहे हैं समझ के परे हैं।

गहलोत ने आजाद के इस्तीफे के बाद मीडिया के इस बारे में सवाल करने पर आज यहां यह बात कही। उन्होंने कहा कि आजाद को कांग्रेस ने सब कुछ दिया और पार्टी केे नेता इंदिरा गांधी, राजीव गांधी एवं सोनिया गांधी ने उन्हें इस मुकाम तक पहुंचाया और आज उन्होंने जिस प्रकार की भावना प्रकट की हैं उसे उचित नहीं कहा जा सकता।

उन्होंने कहा कि आजाद कांग्रेस नेता संजय गांधी के समय के नेता हैं और वह उनके करीब रहे हैं, नौजवान संजय गांधी के साथ नहीं थे और उनके विचारों के खिलाफ थे। उस समय मैं भी था, और संजय गांधी के फैसलों को पसंद नहीं करता था, मैं काम करता रहा है धीरे धीरे यूथ कांग्रेस से लेकर आज इस मुकाम पर पहुंच गया।

एक सवाल के जवाब में उन्होंने कहा कि आजाद भी संजय गांधी के चापलूस ही थे, अगर उस समय दबाव में संजय गांधी आजाद को हटा देते तो आज आजाद को नेता के नाम से कोई नहीं जानता होता।

उन्होंने कहा कि करीब वर्ष 1973 समय मेरे भी कई नेता खिलाफ थे और उस समय हाई कमान दबाव में मुझे हटा देते तो आज मैं भी इस मुकाम पर नहीं नहीं पहुंच पाता और आपके सामने खड़ा नहीं होता।

मुख्यमंत्री ने कहा कि उन्हें आघात लगा है और किन शब्दों में वह किस प्रकार आजाद के पत्र में की गई टिप्पणी पर प्रतिक्रिया व्यक्त करे। उन्होंने कांग्रेस अध्यक्ष सोनिया गांधी का जिक्र करते हुए कहा कि जो नेता पार्टी के दबाव के कारण राजनीति में आई और उन्होंने आज कांग्रेस को बचाकर रखा हैं, इस प्रकार की टिप्पणी करना मानवता और संवेदनशीलता के खिलाफ है।

वरिष्ठ नेता गुलाम नबी आजाद का कांग्रेस से इस्तीफा, राहुुल की आलोचना

धौलपुर : गरम दलिये के भगोने में गिरने से मासूम बालक की मौत

धौलपुर। राजस्थान के धौलपुर में सैंपऊ कस्बे के शिव नगर मोहल्ला मैं भैंस के लिए बनाए जा रहे गरम दलिए के भगोने में गिरने से आज तीन वर्षीय एक मासूम की मौत हो गई।

प्राप्त जानकारी के अनुसार मासूम बालक सत्यम बघेल के घर अन्य दिनों की तरह शुक्रवार को भी भैंस के लिए चूल्हे पर भगोने में दलिया बनाया जा रहा था। इसी दौरान घर में खेलते हुए सत्यम गरम दलिया में गिरकर बुरी तरह झुलस गया। गर्दन और दोनों पैरों के पंजों को छोड़कर बालक का पूरा शरीर गरम दलिया से बुरी तरह झुलस गया।

भगोने में गिरते ही बालक की चीख सुनकर पिता श्यामवीर दौड़ कर पहुंचा और उसे भगोने से बाहर निकाला। घटना से पूरे घर में कोहराम मच गया। परिजन गंभीर रूप से झुलसे बालक को लेकर स्थानीय अस्पताल पहुंचे। जहां प्राथमिक उपचार के बाद जिला अस्पताल ले जाते समय रास्ते में बालक की मौत हो गई।

गोरखपुर दंगा : सुप्रीम कोर्ट ने योगी आदित्यनाथ के खिलाफ दायर याचिका खारिज की

नई दिल्ली। सुप्रीमकोर्ट ने उत्तर प्रदेश के मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ के खिलाफ वर्ष 2007 के गोरखपुर दंगों के मामले में मुकदमा चलाने की अनुमति देने की मांग संबंधी याचिका शुक्रवार को खारिज कर दी।

मुख्य न्यायाधीश एनवी रमना की अध्यक्षता वाली तीन सदस्यीय पीठ ने याचिका खारिज करते हुए कहा कि याचिका का कोई ठोस आधार नहीं है।

शीर्ष अदालत ने उत्तर प्रदेश सरकार द्वारा मुख्यमंत्री के खिलाफ वर्ष 2007 का मुकदमा वापस लेने तथा उनके खिलाफ मुकदमा आगे बढ़ाने की अनुमति नहीं देने के फैसले के खिलाफ अपील को खारिज कर दी।

शीर्ष अदालत ने 24 अगस्त को सुनवाई के बाद अपना फैसला सुरक्षित रख लिया था। इलाहाबाद उच्च न्यायालय ने योगी आदित्यनाथ और अन्य पर दंगों में शामिल होने के आरोप लगाने वाली याचिका 2018 में खारिज कर दी थी।

उच्च न्यायालय के आदेश पर ही हालांकि, गोरखपुर के तत्कालीन सांसद योगी आदित्यनाथ अन्य के खिलाफ भड़काऊ भाषण देने के आरोप में 2008 में गोरखपुर के कैंट थाने में प्राथमिकी दर्ज की गई थी।

मुख्यमंत्री अन्य पर प्राथमिकी दर्ज करने की मांग को लेकर स्थानीय पत्रकार परिवेज परवाज और सामाजिक कार्यकर्ता असद हयात ने याचिका दायर की थी। प्राथमिकी में आरोप लगाए गए थे कि योगी और अन्य की ओर से दिए गए सांप्रदायिक भाषणों की वजह से जनवरी 2007 में गोरखपुर में दंगे भड़के।

टिकटॉक स्टार सोनाली फोगाट हत्या मामले में दो सहयोगी अरेस्ट

पणजी। गोवा पुलिस ने टिकटॉक स्टार एवं भारतीय जनता पार्टी की नेता सोनाली फोगाट की कथित हत्या के मामले में उनके निजी सचिव सुधीर सांगवन और सुखविन्दर वासी को गिरफ्तार किया है।

पुलिस उपाधीक्षक जव्बा दलवी के अनुसार सुधीर और सुखविन्दर को गुरुवार को गिरफ्तार किया गया। दोनों फोगाट के साथ 22 अगस्त को गोवा पहुंचे थे। भाजपा नेता के भाई रिंकू धाखा ने बुधवार को अंजुना पुलिस थाने में इस संबंध में शिकायत दर्ज कराई थी।

फोगाट की मौत के बारे में शुरू में बताया गया था कि दिल का दौरा पड़ने से उनकी जान चली गई, लेकिन पोस्टमार्टम रिपोर्ट में उनके शरीर पर कई चोट के निशान पाए जाने की बात सामने आई। विपक्षी दलों ने प्रमोद सांवत नीत गोवा सरकार पर अनिभेत्री की हत्या के मसले को लेकर हमले तेज कर दिए हैं।

पूर्व उपमुख्यमंत्री एवं गोवा फॉरवर्ड पार्टी के अध्यक्ष विजय सरदेसाई ने मुख्यमंत्री प्रमोद सावंत पर निष्कर्ष पर पहुंचने का आरोप लगाया है। सरदेसाई ने ट्वीट करके कहा कि कोई भी डॉक्टर इतना होशियार नहीं है कि वह व्हाट्सएप पर मौत की खबर पढ़कर मौत का कारण जान जाए। सांवत ने बिना जांच हुए निष्कर्ष पर पहुंचकर इस संवेदनशील मामले में संदेह पैदा कर दिया है।

गोवा कांग्रेस के पूर्व अध्यक्ष गिरीश चोडनकर ने घटना की निष्पक्ष जांच की मांग की है। चोडनकर कहा कि सरकार को निष्पक्ष जांच के लिए पुलिस और जीएमसी (गोवा मेडिकल कॉलेज) को खुली छूट देनी चाहिए।

हमें गोवा आने वाले पर्यटकों को उनकी सुरक्षा के बारे में स्पष्ट संकेत देना चाहिए ताकि हमारे पर्यटन उद्योग को नुकसान न हो। इस बीच सावंत ने कहा है कि जांच की निगरानी राज्य के पुलिस महानिदेशक कर रहे हैं और पुलिस को मामले में कार्रवाई करने की पूरी आजादी है।