बालोतरा। राजस्थान में कथावाचक साध्वी प्रेम बाईसा की विवादित मौत के बाद शुक्रवार को उनके पैतृक गांव बालोतरा जिले के परेऊ में अंतिम संस्कार कर दिया गया।
दोपहर में संत परंपरा के अनुसार गांव में उनके आश्रम शिव शक्ति धाम में समाधि दी गई। इस दौरान बड़ी संख्या में सांधु संत और अनुयायियों ने उनके अंतिम संस्कार में भाग लिया। इससे पहले गांव में उनके अंतिम दर्शनों के लिए बड़ी संख्या में श्रद्धालु आए। गुरुवार देर शाम साध्वी का पार्थिव शरीर जोधपुर से परेऊ लाया गया।
उल्लेखनीय है कि प्रेम बाईसा को बुधवार को तबीयत ज्यादा खराब होने पर जोधपुर के एक अस्पताल में भर्ती कराया गया था लेकिन साध्वी ने दम तोड़ दिया था। इसके बाद उसकी मौत पर सवाल उठने लगे।
जोधपुर की सहायक पुलिस आयुक्त छवि शर्मा के अनुसार साध्वी के परिजनों ने उनकी तबीयत खराब होने के बारे में बताया कि एक कंपाउडर ने उन्हें इंजेक्शन लगाया था जिसके बाद उनकी तबीयत ज्यादा खराब हो गई। इसके पश्चात उन्हें एक अस्पताल ले जाया गया जहां चिकित्सकों ने बताया कि इनकी मृत्यु हो चुकी है।
उन्होंने बताया कि मेडिकल बोर्ड से शव का पोस्टमार्टम कराया गया हैं और साध्वी के सोशल एकाउंट से जो बातें पोस्ट की गई हैं उनकी जांच चल रही हैं। उन्होंने कहा कि जांच की जा रही है कि यह पोस्ट किसने डाली हैं।



