कोटा की महापौर बनीं भाजपा की अनुसुइया गोस्वामी, कांग्रेस की सुनीता सुमन को हराया

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कोटा। राजस्थान में नगरीय निकाय चुनाव के बाद शुक्रवार को हुए महापौर चुनाव में कोटा नगर निगम की कमान भाजपा की अनुसुइया गोस्वामी के हाथ आ गई। भाजपा प्रत्याशी गोस्वामी ने कांग्रेस की सुनीता सुमन को 30 मतों के अंतर से पराजित किया। मतदान और मतगणना के बाद गोस्वामी को 65 वोट, जबकि सुनीता सुमन को 35 वोट मिले। 100 सदस्यीय नगर निगम में महापौर बनने के लिए 51 मतों की जरूरत थी।

चुनाव से पहले नगर निगम में भाजपा के 57, कांग्रेस के 39 और चार निर्दलीय पार्षद थे। इनमें से दो निर्दलीय पार्षदों के भाजपा प्रत्याशी के समर्थन में आने की रिपोर्ट थी, जिससे मतदान से पहले गोस्वामी के पक्ष में 59 वोट का घोषित संख्याबल माना जा रहा था। लेकिन मतगणना में उनके खाते में 65 वोट आए। दूसरी ओर 39 पार्षदों वाली कांग्रेस की प्रत्याशी को 35 मत ही मिले।

वोटों के गणित ने बढ़ाई क्रॉस वोटिंग की चर्चा

दलगत संख्या और अंतिम नतीजे के बीच अंतर के कारण चुनाव के बाद क्रॉस वोटिंग की चर्चा तेज हो गई। भाजपा प्रत्याशी को घोषित समर्थन के मुकाबले छह अधिक वोट मिले, जबकि कांग्रेस प्रत्याशी को अपनी पार्टी के निर्वाचित पार्षदों की संख्या से चार कम मत मिले। हालांकि महापौर पद का मतदान गुप्त तरीके से हुआ पर इतना जरूर है कि चुनाव परिणाम ने भाजपा और कांग्रेस दोनों के शुरुआती संख्याबल का गणित बदल दिया।

वार्ड 98 से चुनाव जीती हैं अनुसुइया

अनुसुइया गोस्वामी हाल में हुए नगर निगम चुनाव में वार्ड संख्या 98 से पार्षद निर्वाचित हुई थीं। उन्हें 1,551 मत मिले थे और उन्होंने कांग्रेस प्रत्याशी आयुष पारेता को 393 मतों से हराया था। इसके बाद भाजपा ने उन्हें महापौर पद के लिए उम्मीदवार बनाया। कांग्रेस ने वार्ड 17 की पार्षद सुनीता सुमन पर भरोसा जताया था।

अनुसुइया गोस्वामी लंबे समय से भाजपा संगठन से जुड़ी रही हैं। वे भाजपा महिला मोर्चा की शहर जिलाध्यक्ष रहने के साथ प्रदेश संगठन में भी विभिन्न जिम्मेदारियां संभाल चुकी हैं।

पगड़ी पहनकर बस से मतदान करने पहुंचे भाजपा पार्षद

महापौर चुनाव को लेकर शुक्रवार सुबह से नगर निगम परिसर में राजनीतिक सरगर्मी बनी रही। भाजपा पार्षद एक साथ बस में सवार होकर पगड़ी पहने मतदान के लिए पहुंचे। वहीं कांग्रेस के पार्षद भी पार्टी नेताओं के साथ नगर निगम कार्यालय पहुंचे। सुरक्षा के मद्देनजर निगम परिसर और आसपास पुलिस का बंदोबस्त किया गया था।

मतदान से पहले दोनों दल अपनी-अपनी जीत के दावे कर रहे थे। परिणाम आने के बाद 65 मतों के साथ अनुसुइया गोस्वामी को महापौर निर्वाचित घोषित किया गया।

अब उपमहापौर चुनाव पर नजर

महापौर चुनाव संपन्न होने के बाद अब कोटा नगर निगम में राजनीतिक निगाहें उपमहापौर पद के चुनाव पर टिक गई हैं। संशोधित चुनाव कार्यक्रम के अनुसार कोटा में उपमहापौर का चुनाव 26 सितंबर को होना है।

अनुसुइया गोस्वामी की जीत के साथ कोटा नगर निगम में भाजपा ने महापौर पद हासिल कर लिया है। वहीं अंतिम मतदान में सामने आए 65-35 के आंकड़े ने कांग्रेस के भीतर संभावित क्रॉस वोटिंग को लेकर राजनीतिक चर्चा भी तेज कर दी है।