तीन किलो वजन लेकर 60 मीटर की दूरी 1 मिनट 12 सेकंड में की पूरी, बुक ऑफ वर्ल्ड रिकॉर्ड्स ने दिया प्रमाण पत्र
अजमेर। प्रतिभा किसी उम्र की मोहताज नहीं होती। इसे अजमेर के नन्हे स्केटर प्रांश दगदी ने अपनी असाधारण उपलब्धि से साबित कर दिया है। महज 2 साल 10 माह और 7 दिन की उम्र में प्रांश ने स्केटिंग के क्षेत्र में विश्व रिकॉर्ड बनाकर अजमेर को गौरवान्वित किया है। उनकी इस उपलब्धि को बुक ऑफ वर्ल्ड रिकॉर्ड्स ने आधिकारिक मान्यता देते हुए प्रमाण पत्र जारी किया है।
प्रमाण पत्र के अनुसार प्रांश ने स्केटिंग करते हुए तीन किलोग्राम वजन के साथ 60 मीटर की दूरी महज 1 मिनट 12 सेकंड में पूरी की। उनकी इस उपलब्धि का बुक ऑफ वर्ल्ड रिकॉर्ड्स की वेरिफिकेशन कमेटी ने परीक्षण करने के बाद अनुमोदन किया। रिकॉर्ड प्रमाण पत्र पर 14 अक्टूबर 2026 की तारीख और रिकॉर्ड संख्या BWR/IND/2026/001604 दर्ज है।
दो साल की उम्र से शुरू किया स्केटिंग का सफर
प्रांश दगदी, सूरज दगदी और निर्मला बागड़ी के पुत्र हैं। वह अजमेर के वंडर वर्ल्ड प्ले स्कूल में अध्ययनरत हैं। इतनी छोटी उम्र में स्केटिंग के प्रति उनका लगाव और अभ्यास के प्रति अनुशासन उन्हें अन्य बच्चों से अलग बनाता है।
परिजनों के अनुसार प्रांश ने महज 2 साल 2 माह की उम्र में स्केटिंग सीखना शुरू कर दिया था। शुरुआत में खेल के प्रति उनकी रुचि को देखकर परिवार ने उन्हें प्रोत्साहित किया। धीरे-धीरे स्केटिंग उनका पसंदीदा खेल बन गया और उन्होंने नियमित अभ्यास शुरू कर दिया।
रोजाना चार घंटे करते हैं अभ्यास
प्रांश की इस उपलब्धि के पीछे नियमित अभ्यास और परिवार का सहयोग महत्वपूर्ण रहा है। वह पिछले करीब 10 महीनों से लगातार स्केटिंग का प्रशिक्षण ले रहे हैं। उनकी दिनचर्या में सुबह चार से छह बजे तक तथा शाम पांच से सात बजे तक अभ्यास शामिल है। यानी इतनी कम उम्र में भी वह प्रतिदिन करीब चार घंटे स्केटिंग को देते हैं।
विश्व रिकॉर्ड बनाने के लक्ष्य के साथ परिवार ने उनके लिए एक महीने का विशेष अभ्यास कार्यक्रम भी तैयार कराया। इस दौरान तीन किलोग्राम वजन लेकर निर्धारित दूरी पूरी करने का लगातार अभ्यास कराया गया। आखिरकार प्रांश ने अपने प्रदर्शन से यह उपलब्धि हासिल कर ली।
परिवार और शहर में खुशी का माहौल
प्रांश की सफलता से उनके माता-पिता और परिवारजन बेहद उत्साहित हैं। परिजनों का कहना है कि इतनी कम उम्र में प्रांश ने जिस तरह धैर्य, लगन और अनुशासन के साथ स्केटिंग में रुचि दिखाई है, वह उनके लिए गर्व की बात है।
प्रांश की उपलब्धि अजमेर के खेल जगत के लिए भी उत्साहजनक है। उनकी सफलता ने यह संदेश दिया है कि सही मार्गदर्शन, परिवार का प्रोत्साहन और निरंतर अभ्यास मिले तो छोटी उम्र में भी बड़ी उपलब्धियां हासिल की जा सकती हैं। नन्हे प्रांश की इस कामयाबी पर परिवार, स्कूल और परिचितों की ओर से बधाइयों का सिलसिला जारी है।



