अजमेर। कुख्यात दस्यु जगन गुर्जर की अजमेर हाई सिक्योरिटी जेल में साथी कैदी द्वारा गला दबाकर हत्या कर दी। 11 लाख रुपए के इनामी रहे पूर्व दस्यु जगन गुर्जर का राजस्थान, उत्तर प्रदेश और मध्य प्रदेश की सीमा में आतंक फैला हुआ था। जगन गुर्जर राजस्थान का खूंखार अपराधी रहा है।
पुलिस ने बताया कि जेल में बंद कुलदीप जगीना हत्याकांड के आरोपी विष्णु ने जगन की हत्या की है। जगन और विष्णु का जेल में छोटा-मोटा झगड़ा होता रहता था। सोमवार को किसी बात को लेकर विष्णु ने जेल के अंदर ही जगन गुर्जर की गला दबाकर हत्या कर दी।
पुलिस ने जगन गुर्जर की हत्या को लेकर जेल में किसी भी गैंगवार का साफ इनकार किया है। एसपी हर्षवर्धन अग्रवाला ने कहा कि जगन की हत्या में किसी गैंग का हाथ नहीं, बल्कि उसकी जेल में विष्णु के साथ आपस में झगड़े के चलते हत्या हुई है। पुलिस पूरे घटनाक्रम की गहन जांच कर रही है।
जेल अधीक्षक पारसमल ने बताया कि सोमवार सुबह तक दोनों कैदियों के बीच सामान्य व्यवहार था। दोनों ने एक साथ अपनी बैरक की साफ-सफाई की और समय बिताया। इतना ही नहीं, झगड़े से पहले दोनों ने साथ बैठकर लूडो भी खेला, जिससे किसी बड़े विवाद की आशंका नहीं लग रही थी।
दोपहर करीब 3 बजे चाय वितरण के दौरान जब प्रहरी बैरक में पहुंचा तो जगन गुर्जर उठकर बाहर नहीं आया। जांच करने पर वह अचेत अवस्था में मिला। जगन गुर्जर की गला घोंटकर हत्या की बात सामने आई है।
तौलिये से घोंटा जगन का गला
पुलिस जांच में सामने आया कि जेल के अंदर मामूली बात को लेकर हुए झगड़ा में विष्णु नाम के कैदी ने जगन की हत्या कर दी। आरोपी विष्णु और जगन के साथ उसी बैरक में रह रहा था। पूछताछ के दौरान विष्णु ने स्वीकार किया कि उसने तौलिये से गला घोंटकर जगन की हत्या की। जगन की हत्या सुबह करीब 11 बजे से दोपहर तीन बजे के बीच हुई। जगन के शरीर पर चोट का कोई स्पष्ट निशान नहीं था।



