वेलिंग्टन। न्यूजीलैंड के स्टार ऑलराउंडर रचिन रविंद्र के चोटिल होने से भारत के खिलाफ आगामी टी-20 सीरीज से पहले न्यूजीलैंड की मुश्किलें बढ़ गई हैं। ऑकलैंड में एक प्रमोशनल शूट के दौरान डाइव लगाकर कैच पकड़ने की कोशिश में रविंद्र का दायां कंधा डिसलोकेट हो गया। न्यूजीलैंड क्रिकेट ने पुष्टि की है कि शुरुआती मेडिकल जांच में कोई बड़ी संरचनात्मक क्षति नहीं मिली है, लेकिन मैदान पर उनकी वापसी का समय रिहैबिलिटेशन की प्रगति पर निर्भर करेगा।
कैच पकड़ते समय हुआ हादसा
न्यूजीलैंड क्रिकेट के मुताबिक, यह घटना 16 सितंबर को ऑकलैंड में स्काई के साथ एक कमर्शियल शूट के दौरान हुई। रविंद्र एक कैच लेने के लिए डाइव लगा रहे थे और इसके बाद सेफ्टी मैट पर असहज तरीके से गिरे। इसी दौरान उनके दाएं कंधे में चोट लगी और वह डिसलोकेट हो गया।
न्यूजीलैंड के परफॉर्मेंस मैनेजर माइक सैंडल ने इसे दुर्भाग्यपूर्ण और अचानक हुई दुर्घटना बताया। उन्होंने कहा कि खिलाड़ियों से जुड़े कमर्शियल शूट पहले से तय सुरक्षा उपायों के तहत किए जाते हैं, लेकिन इस घटना के बाद भविष्य के ऐसे कार्यक्रमों की प्रक्रियाओं की समीक्षा की जाएगी।
शुरुआती जांच में राहत, लेकिन वापसी की तारीख तय नहीं
18 सितंबर को विशेषज्ञों ने रविंद्र की मेडिकल जांच की। इसमें किसी बड़ी संरचनात्मक क्षति के संकेत नहीं मिले। हालांकि, अभी यह तय नहीं है कि वह पूरी तरह फिट होकर कब मैदान पर लौट पाएंगे।
न्यूजीलैंड क्रिकेट के अनुसार शुरुआती रिहैबिलिटेशन के दौरान उनकी स्थिति और रिकवरी को देखकर ही वापसी का फैसला किया जाएगा। यही वजह है कि भारत के खिलाफ टी-20 सीरीज में उनकी उपलब्धता फिलहाल अनिश्चित बनी हुई है।
22 अक्टूबर से शुरू होगी भारत-न्यूजीलैंड टी-20 सीरीज
भारत का न्यूजीलैंड दौरा 22 अक्टूबर से शुरू होना है। दोनों टीमों के बीच पांच टी-20 मुकाबले खेले जाएंगे। इसके बाद पांच वनडे और दो टेस्ट मैचों की सीरीज होगी। न्यूजीलैंड की टी-20 टीम की घोषणा अगले सप्ताह होने की उम्मीद है, ऐसे में रविंद्र की फिटनेस पर चयनकर्ताओं की विशेष नजर रहेगी।
न्यूजीलैंड नहीं लेना चाहता जल्दबाजी का जोखिम
न्यूजीलैंड के मुख्य कोच रॉब वाल्टर ने संकेत दिया है कि टीम रविंद्र की वापसी को लेकर जल्दबाजी नहीं करेगी। उनका कहना है कि अगले छह महीनों में टीम का टेस्ट कार्यक्रम भी काफी व्यस्त है, इसलिए खिलाड़ी की लंबी अवधि की फिटनेस को प्राथमिकता दी जाएगी।
रविंद्र न्यूजीलैंड के सीमित ओवरों के अहम खिलाड़ियों में शामिल हैं और बल्लेबाजी के साथ बाएं हाथ की स्पिन गेंदबाजी से भी टीम को विकल्प देते हैं। ऐसे में उनकी अनुपलब्धता भारत के खिलाफ टी-20 मुकाबलों से पहले न्यूजीलैंड के लिए एक महत्वपूर्ण चयन चुनौती बन सकती है। फिलहाल रविंद्र की उपलब्धता पर अंतिम फैसला उनकी रिहैबिलिटेशन और फिटनेस रिपोर्ट के आधार पर ही होगा।



