पालघर। महाराष्ट्र में पालघर जिले में एक स्वयंभू चिकित्सक ने कथित तौर पर पारंपरिक जड़ी-बूटी वाली दवा देने के बहाने एक जंगल क्षेत्र में 13 वर्षीय नाबालिग लड़की का यौन उत्पीड़न किया।
शिकायत के अनुसार पीड़िता की बहन मासिक धर्म की अनियमितता से जूझ रही थी। परिवार ने आरोपी शिवराम परश सावर से संपर्क किया, जो जड़ी-बूटियों से उपचार के लिए जाना जाता था। स्वयंभू चिकित्सक 3 मई को सावर एक गाड़ी में पालघर तालुका पहुंचा और उसने नाबालिग लड़की, उसके परिवार के सदस्यों, रिश्तेदारों और गवाहों को यह कहकर साथ ले लिया कि वह पास के एक इलाके में दवा तैयार करके देगा। रविवार रात करीब 11:30 बजे आरोपी ने परिवार को गाड़ी में इंतजार करने को कहा और दवा बनाने के बहाने 13 वर्षीय लड़की को पास के जंगल में ले गया।
वहां उसने कथित तौर पर नाबालिग की मासूमियत का फायदा उठाया और उसके साथ दुष्कर्म किया। घटना के बाद वह लड़की को वापस परिवार के पास ले आया। पीड़िता ने देर रात घर पहुंचने के बाद ही अपने परिवार को पूरी आपबीती सुनाई। परिवार ने तुरंत कासा पुलिस स्टेशन पहुंचकर शिकायत दर्ज कराई। प्रथम सूचना रिपोर्ट में उल्लेख किया गया है कि आरोपी ने लड़की को यह धमकी भी दी थी कि यदि उसने किसी को भी इस घटना के बारे में बताया तो वह उसे जान से मार डालेगा।
पालघर पुलिस ने शिवराम परश सावर के खिलाफ मामला दर्ज कर उसे गिरफ्तार कर लिया है। मामले की आगे की जांच जारी है। इस घटना ने पालघर जिले में व्यापक जनाक्रोश पैदा कर दिया है और स्थानीय लोग पारंपरिक चिकित्सा तथा अंधविश्वास में लोगों की आस्था का फायदा उठाने के लिए आरोपी के खिलाफ सख्त कार्रवाई की मांग कर रहे हैं।



