प्रयागराज। प्रयागराज माघ मेले में शनिवार देर रात शंकराचार्य स्वामी अविमुक्तेश्वरानंद सरस्वती के शिविर के बाहर कुछ असमाजिक तत्वों ने जमकर हंगामा किया।
स्वामी अविमुक्तेश्वरानंद सरस्वती की ओर से कल्पवासी थाना अध्यक्ष को दी इस मामले में तहरीर दी गई है जिसमें उन्होने इसे स्वयं के लिए खतरा बताते हुए कहा कि शिविर में रह रहे श्रद्धालुओं और शिविर की संपत्ति को भी नुकसान हो सकता है। अविमुक्तेश्वरानंद सरस्वती ने अपनी सुरक्षा व्यवस्था सुनिश्चित किए जाने की मांग की है।
तहरीर के मुताबिक शिविर के बाहर कुछ असामाजिक तत्व पहुंच गए,वह हाथों में लाठी डंडे और झंडा लेकर के भगवा झंडा लिए हुए थे। कुछ युवक जबरन शिविर में प्रवेश करने लगे, बाहर से आए युवकों ने उपद्रव मचाने की कोशिश की। स्वामी अविमुक्तेश्वरानंद के सेवकों और जबरन घुसे लोगों के बीच हाथापाई हुयी।उनके सेवकों ने हंगामा कर रहे लोगों को शिविर से बाहर निकाला।
आरोप है कि प्रदर्शन करने आए लोगों ने कुछ आपत्तिजनक नारे भी लगाए। स्वामी अविमुक्तेश्वरानंद सरस्वती ने चेतावनी दिया है, कि अगर शरारती तत्व शिविर में पुनः प्रवेश करते हैं,तो श्रद्धालुओं और शिविर की संपत्ति को गंभीर खतरा उत्पन्न हो सकता है। एफआईआर दर्ज कर वैधानिक कार्यवाही की मांग की गई है,शिविर परिसर और उसके आसपास पर्याप्त सुरक्षा बल की तैनाती की मांग की भी गई है,ताकि आगे के दिनों में किसी प्रकार की अनहोनी से पूरी तरह से बचाव किया जा सके।
उन्होंने यह भी कहा है कि अगर भविष्य में शिविर अथवा शिविर के बाहर किसी प्रकार की अप्रिय घटना होती है,तो इसकी पूरी जिम्मेदारी मेला प्रशासन और पुलिस प्रशासन की होगी। यह तहरीर शिविर व्यवस्थापक पंकज पांडेय की ओर से दी गई है।
शिविर संचालकों का कहना है कि पूरी घटना सीसीटीवी कैमरे में कैद है, सेक्टर चार, त्रिवेणी मार्ग उत्तरी पटरी पर स्वामी अविमुक्तेश्वरानंद सरस्वती का शिविर स्थित है, मौनी अमावस्या स्नान पर्व पर पालकी के साथ स्नान के लिए जाने से रोकने पर विवाद हुआ था,इसके बाद से ही स्वामी अविमुक्तेश्वरानंद सरस्वती अपने शिविर के बाहर धरने पर बैठे हैं, आज शिविर के बाहर बैठने का सातवां दिन है।
फिलहाल स्वामी अविमुक्तेश्वरानंद सरस्वती इस घटना के बाद पालकी से उतरकर वैनिटी वैन में चले गए हैं। वही इस मामले को लेकर शंकराचार्य स्वामी अविमुक्तेश्वरानंद सरस्वती के राष्ट्रीय मीडिया प्रभारी शैलेन्द्र योगी राज सरकार ने केंद्र सरकार और केंद्रीय गृह मंत्री से सुरक्षा बढ़ाने की मांग की है। यह भी आरोप लगाया है कि यूपी सरकार मामले में कुछ नहीं कर रही है।



